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पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी से ‘भारत रत्न’ वापस लेने वाला प्रस्ताव पारित

नई दिल्ली. दिल्ली विधानसभा ने 1984 के सिख विरोधी दंगे के कारण, भूतपूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को प्रदान किया गया देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘‘भारत रत्न’’ वापस लेने की मांग वाला एक प्रस्ताव शुक्रवार को पारित किया. आप विधायक जरनैल सिंह ने इस प्रस्ताव को पेश किया जो विधानसभा में ध्वनिमत से पारित हो गया. प्रस्ताव में कहा गया कि दिल्ली सरकार को गृह मंत्रालय को कड़े शब्दों में यह लिख कर देना चाहिए कि राष्ट्रीय राजधानी के इतिहास के सर्वाधिक वीभत्स जनसंहार के पीड़ितों के परिवार और उनके अपने न्याय से वंचित हैं.’’

सदन ने सरकार को निर्देश दिए कि वह गृह मंत्रालय से कहे कि वह भारत के घरेलू आपराधिक कानूनों में मानवता के खिलाफ अपराध तथा जनसंहार को खासतौर पर शामिल करने के लिए सभी महत्वपूर्ण और जरूरी कदम उठाए. दिल्ली उच्च न्यायालय ने सिख विरोधी दंगा मामले में सज्जन कुमार तथा अन्य को ताउम्र कैद का ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए इसकी अनुशंसा की थी. आप नेता जरनैल सिंह ने बाद में मीडिया के साथ बातचीत में कहा कि दिल्ली विधानसभा ने आज यह घोषित कर दिया है कि 1984 का दंगा दिल्ली के इतिहास का सबसे बड़ा जनसंहार था. इसलिए विधानसभा में इस मांग से संबंधित प्रस्ताव रखा गया है कि केंद्र सरकार पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी से भारत रत्न सम्मान वापस ले

गौरतलब है कि पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के बाद उनके बेटे राजीव गांधी ने देश की बागडोर संभाली थी. वर्ष 1991 में उन्हें ‘भारत रत्न’ प्रदान किया गया था. पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या उनके दो सिख अंगरक्षकों ने 31 अक्टूबर 1984 को प्रधानमंत्री आवास में ही कर दी थी. इसके बाद दिल्ली समेत देश के कई शहरों में सिख विरोधी दंगे भड़क उठे थे. इन दंगों के कारण दिल्ली में सिख समुदाय को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा था.

दृष्टिहीन लड़की की बहादुरी, लोकल ट्रेन में छेड़खानी कर रहे युवक को सिखाया सबक!

हाल ही में, महाराष्ट्र के मुंबई से एक ऐसा वाकया सामने आया जिसके बारे में जान कर आप भी मानेंगे कि ‘विकलांगता सिर्फ एक मानसिक स्थिति है’! दरअसल, एक 15-वर्षीय दृष्टिहीन लड़की अपने पिता के साथ कल्याण से दादर के लिए लोकल ट्रेन में सफ़र कर रही थी। बच्ची के दृष्टिहीन होने की वजह से दोनों, पिता और बेटी दिव्यांग डिब्बे में सवार हुए थे। 24 वर्षीय आरोपी विशाल बलिराम सिंह भी उसी डिब्बे में लड़की के बिल्कुल पीछे खड़ा था और लड़की को गलत तरीके से छूने लगा।

हालांकि, उसने अपने सपने में भी नहीं सोचा था कि एक दृष्टिहीन लड़की उसका कुछ विरोध कर पायेगी। आत्मरक्षा और कराटे में प्रशिक्षित यह लड़की बिल्कुल भी नहीं घबराई। उसने मौका पाते ही लड़के के हाथ को पकड़ लिया और उसे इतनी बुरी तरह मरोड़ा कि लड़का अपने घुटनों पर गिर गया और दर्द से उस की चीख निकल गयी।

इस से बाकी यात्री और लड़की के पिता का ध्यान उस पर गया। लड़की ने पूरी बात अपने पिता को बताई और आरोपी सिंह को छोड़ने से इंकार कर दिया। दादर जीआरपी (सरकारी रेलवे पुलिस) के सीनियर पुलिस इंस्पेक्टर प्रसाद पंधारे के मुताबिक, लड़की की हाथ पकड़ने की तकनीक इतनी घातक थी कि अगर वो अपनी पकड़ जरा भी ढ़ीली ना करती तो आरोपी की उंगलियाँ टूट भी सकती थीं।

“जब तक ट्रेन अगले स्टेशन, माटुंगा नहीं पहुंच गयी तब तक लड़की ने आरोपी को नहीं छोड़ा जो उससे कहीं अधिक लम्बा था। उसके चेहरे पर जरा भी डर नहीं था और उसने निडरता से हमे सिंह को गिरफ्तार करने के लिए कहा,” इस घटना के बाद लड़की ने कहा कि हम (दिव्यांग) हमेशा से ही इन बदमाशों के लिए आसान टारगेट होते हैं। लेकिन हमारे स्कूल में सेल्फ डिफेंस सिखाया जाता है। इसलिए हम ऐसे बदमाशों को सबक सिखा सकते हैं। लड़की ने कहा,

“मैं चाहती हूँ कि उस बदमाश को कड़ी सजा मिले ताकि दोबारा वो ऐसी हरकत करने के बारे में सोच भी ना सके।”

खैर अच्छी बात है कि यह लड़की आत्म-रक्षा में प्रशिक्षित थी और उस अपराधी को अच्छा सबक सिखा पायी। लेकिन आज भी हमारे देश में ऐसी बहुत-सी औरतें हैं जो अपने साथ होने वाले अन्याय के खिलाफ़ आवाज नहीं उठा पाती हैं। पर अब वक़्त आ गया है कि हम औरतें इस तरह की घटनाओं को नजर अंदाज करने की बजाय इनके खिलाफ़ आवाज उठायें और इस लड़की की तरह बाकी समाज के लिए एक मिसाल कायम करें!

Cyber Crime के खिलाफ बड़ी मुहिम, Child Pornography सर्च करने पर दिखेगा चेतावनी संदेश

भारत में चाइल्ड पॉर्नोग्राफी को लेकर सरकार से लेकर कोर्ट सब सख्त नजर आ रहे हैं.

भारत में चाइल्ड पॉर्नोग्राफी(Child Pornography) को लेकर सरकार से लेकर कोर्ट तक सब सख्त नजर आ रहे हैं. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अब फेसबुक (Facebook), गूगल(Google), माइक्रोसॉफ्ट और याहू ने अपने सिस्टम में बदलाव कर इसे रोकने की दिशा में कदम उठाया है. ये सख्त कदम चाइल्ड पॉर्नोग्राफी को ध्यान में रखकर उठाए गए हैं. अब अगर कोई यूजर चाइल्ड पॉर्नोग्रॉफी से संबंधित कुछ सर्च करता है तो उसे चेतावनी के रूप में एक संदेश नजर आएगा और वह उससे संबंधित कुछ भी सर्च कर पाने में असफल साबित होगा.

अब अगर कोई शख्स चाइल्ड पॉर्नोग्रॉफी या इससे जुड़ा कुछ बी सर्च करता है तो इसे कुछ इस तरह का चेतावनी संदेश नजर आएगा. ”Warning. Child abuse is illegal. Creating, possessing, and viewing child pornography content (imagery or video) is prohibited by law. If you see such activity, report it at cybercrime.gov.in. If you are a victim of child abuse, please consider calling Childline for support.”

गृह मंत्रालय, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने चाइल्ड पॉर्न से जुड़े ऐसे कीवर्ड(Keywords) की लिस्ट इन कंपनियों को भेजी जो पॉर्न खोजने में इस्तेमाल किए जाते हैं. कहने का अर्थ ये हुआ कि अब गूगल या बाकि सर्च इंजन या अन्य किसी वेब ब्राउजर पर चाइल्ड पॉर्न देखना असंभव होगा. वहीं इस फैसले का एक दूसरा पहलू भी है जिसे जानना भी हमारे लिए बहुत जरूरी है.

हैदराबाद के एक एनजीओ से जुड़ीं और वकील अपर्ण भट्ट ने बताया, ”ये तकनीक अभी 100 फीसदी कारगर नहीं है. हमने इन कीवर्ड में से कई को इंटरनेट पर इस्तेमाल करके देखा वेकिन वह काम नहीं करते. मतलब अभी भी लोग चाइल्ड पॉर्न को इंटरनेट पर सर्च कर रहे हैं.” अपर्णा भट्ट ने सुप्रीम कोर्ट में एक अपील दायर की है जिसमें तमाम सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को पॉर्न अपलोड न करने देने के आदेश दिए गए हैं.

इसके अलावा सबसे पॉपुलर चैटिंग ऐप ने भी पॉर्न के खिलाफ कड़ कदम उठाने में अपनी सहमति दिखाई है. वहीं, फिलहाल इन कीवर्ड को किसी भी रूप में लोगों के सामने नहीं लाया गया है ताकि लोग इन्हें बायपास कर इनका तोड़ न निकाल पाएं. ये कीवर्ड ज्यादातर अंग्रेजी भाषा के हैं और इनमें हिंदी और बाकि भाषाओं के कीवर्ड भी शामिल किए गए हैं.

जानकारी के मुताबिक गूगल चाइल्ड पॉर्नोग्राफी के खिलाफ पहले से ही सख्त नजर आता है लेकिन सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद से बाकी सर्च इंजन भी चाइल्ड पॉर्नोग्रॉफी के खिलाफ खड़े नजर आ रहे हैं.

7 जनवरी से आंरभ होगा मध्यप्रदेश विधानसभा सत्र

भोपाल-आज मुख्य मंत्री कमलनाथ ने राज्यपाल से मिलने के बाद बताया कि आगामी 7 तारीख से विधानसभा की शुरुआत होगी। 7 जनवरी को विधायकों की शपथ होगी , 8 को राज्यपाल का उद्बोधन होगा यह उन्होंने स्वीकार किया हमारी नई विधानसभा 7 को शुरू होगी।

सात को पूरा दिन शपथ में जाएगा 8 को दोपहर को राज्यपाल का उदबोधन होगा यह बात जरूर है कि पहली दफा जो चुनकर आए हैं उनको हम प्राथमिकता नहीं देंगे मंत्री पद की।

सपा बसपा की कैबिनेट में होने पर कहा यह उनके नेता तय करेंगे उन्होंने शर्त नहीं रखी थी।।

MPBSE Class 10th, 12th Timetable 2019: एमपी 10वीं 12वीं की परीक्षाओं का टाइम टेबल जारी, देखें mpbse.nic.in

MPBSE Class 10th, 12th Timetable 2019: मध्य प्रदेश बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन MPBSE ने 10वीं और 12वीं क्लासकी 2019 की परीक्षाओं का टाइम टेबल जारी कर दिया है। 10वीं और 12वीं क्लास के अभ्यार्थी मध्य प्रदेश बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन MPBSE की वेबसाइट mpbse.nic.in पर जाकर टाइम टेबल देख सकते हैं। या यहाँ क्लिक कर डाउनलोड करें

आपको बता दें कि मध्य प्रदेश बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन MPBSE ने 10वीं क्लास की परीक्षाएं 1 मार्च 2019 और 12वीं क्लास की परीक्षाएं 2 मार्च 2019 को आयोजित की जाएंगी। दसवीं क्लास की परीक्षाएं 27 मार्च तक चलेंगी और 2 अप्रैल तक चलेंगी।

मध्यप्रदेश सभी कॉलेजों की जनभागीदारी समितियां निरस्त की गई

शासकीय कॉलेजों में जनभागीदारी समिति गठित की जाती है। इसका अध्यक्ष सरकार की ओर से गैर शासकीय व्यक्ति को नियुक्त किया जाता है। नई सरकार में सभी जनभागीदारी समितियों के अध्यक्ष बदलेंगे।

मामा “शिवराज सिंह चौहान” बने टाइगर बोले : TIGER जिंदा है | VIRAL हो रहा VIDEO

भोपाल- मध्य प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के साथ ही राज्य में चल रहा शिवराज सिंह चौहान का राज खत्म हो चुका है. बुधवार को जब व्शिवराज सिंह चौहान अपने विधानसभा क्षेत्र बुधनी पहुंचे तो भावुक हो गए. यहां लोगों को संबोधित करते हुए शिवराज ने कहा, ”कोई ये चिंता ना करना हमारा क्या होगा, मैं हूं ना अभी शिवराज सिंह चौहान, टाइगर अभी ज़िंदा है..”

शिवराज सिंह चौहान 2005 से राज्य के मुख्यमंत्री थे, 11 दिसंबर को आए नतीजों में बीजेपी राज्य में लगातार चौथी बार सरकार बनाने से चूक गई. हालांकि, सत्ता गंवाने के बाद भी शिवराज सिंह चौहान की तारीफ हो रही है.

अपने समर्थकों में ”मामा” के नाम से मशहूर शिवराज सिंह चौहान ने बुधनी पहुंच रैली को भी संबोधित किया. इस दौरान उन्होंने एक नंबर भी जारी किया, जिसमें उन्होंने कहा कि वह सेवा के लिए सदा उपलब्ध रहेंगे.

https://www.youtube.com/watch?v=u3I8ckJYd0U

जरूरी खबर : 5 दिन बंद रहेंगे ज्यादातर बैंक, आज ही निपटा लें अपने जरूरी काम

अगर आपको भी अगले कुछ दिनों में बैंक से संबंधित कोई काम है तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की है. दरअसल दिसंबर के आखिरी 10 दिन में से पांच दिन बैंक बंद रहने वाले हैं.

नई दिल्ली // अगर आपको भी अगले कुछ दिनों में बैंक से संबंधित कोई काम है तो यह खबर आपके लिए बहुत काम की है. दरअसल दिसंबर के आखिरी 10 दिन में से पांच दिन बैंक बंद रहने वाले हैं. दरअसल बैंककर्मियों के संगठन यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) की तरफ से 21 और 26 दिसंबर की हड़ताल का ऐलान किया गया है. हड़ताल की यह घोषणा 11वीं द्विपक्षीय वेतन संशोधन वार्ता के लिए बिना शर्त आदेश पत्र जारी करने की मांग को लेकर की गई है. अधिकारियों की तरफ से बुधवार को इस बारे में जानकारी दी गई.

छह दिन में से एक दिन खुलेंगे बैंक

इसके अलावा भी 21 से 26 दिसंबर के बीच ज्यादातर बैंक बंद रहेंगे. बैंककर्मी 21 दिसंबर को हड़ताल पर रहेंगे, 22 को महीने के चौथे शनिवार के कारण बैंकों की छुट्टी है. 23 दिसंबर को रविवार है. 25 को क्रिसमस है और 26 दिसंबर को बैंक कर्मी फिर से हड़ताल पर हैं. इन छह दिनों में केवल एक दिन 24 यानी सोमवार को बैंक खुलेंगे. ऐसे में इस दिन बैंकों में भारी भीड़ जमा होने की उम्मीद है. हड़ताल और छुट्टियों के कारण बैंक सोमवार को छोड़कर अगले शुक्रवार से बुधवार तक बंद रहेंगे.

19 महीने बाद तक कोई प्रगति नहीं हुई

ऑल इंडिया बैंक ऑफिसर्स कंफेडरेशन (एआईबीओसी) के सहायक महासचिव सजय दास ने कहा, ‘हमने 2017 के मई में प्रस्तुत मांग-पत्र के आधार पर 11वीं द्विपक्षीय वेतन संशोधन वार्ता के लिए पूर्ण और बिना शर्त आदेश पत्र जारी करने की मांग को लेकर 21 दिसंबर को हड़ताल का आह्वान किया है. वेतन संशोधन पर चर्चा शुरू होने के 19 महीनों बाद भी अबतक कोई प्रगति नहीं हुई है.’

उनके अनुसार यूनियन के 3.2 लाख से अधिक अधिकारी इस हड़ताल में शामिल होंगे, क्योंकि इंडियन बैंक्स एसोसिएशन की तरफ से उन 5 बैकों को राजी करने के लिए अभी तक ‘कोई स्पष्ट पहल’ नहीं की गई है, जिन्होंने अभी तक बिना शर्त वाला आदेश पत्र जारी नहीं किया है. हड़ताल के दौरान शुक्रवार को एटीएम सेवाएं ‘सामान्य’ रहने की संभावना है, जबकि 26 दिसंबर को एटीएम सेवाएं प्रभावित होंगी. यूनियन की पश्चिम बंगाल इकाई के अध्यक्ष शुभज्योति बंदोपाध्याय ने कहा कि यह हड़ताल तीन सरकारी बैंकों -बैंक ऑफ बड़ौदा, विजया बैंक और देना बैंक- के विलय के खिलाफ भी की जा रही है.

सिवनी प्रीमियर लीग एसपीएल का आगाज 21 दिसम्बर से  एक लाख से अधिक राशि के बाटे जाएंगे नगद पुरस्कार

वेर्टन्स टीमें भी होंगी एसपीएल में शामिल एक लाख से अधिक राशि के बाटे जाएंगे नगद पुरस्कार

सिवनी। लगातार क्रिकेट के प्रति बढ़ते उत्साह को देखते हुए शहर के मिशन स्कूल ग्राउंड में पिछले वर्ष अनुसार इस वर्ष भी जिले की अब तक कि सबसे बड़ी टेनिस बाल क्रिकेट प्रतियोगिता सिवनी प्रीमियर लीग (एसपीएल) का आयोजन होने जा रहा है।

एसपीएल सिवनी प्रीमियर लीग की विस्तृत जानकारी देते हुए आयोजन समिति के संयोजक अब्दुल क़ाबिज़ खान बताया कि क्रिकेट प्रेमियों के लिए दिसम्बर माह का अंतिम सप्ताह उत्साह और मनोरंजन से भरा रहेगा , 21 दिसम्बर से मिशन स्कूल ग्राउंड जो कि टेनिस क्रिकेट फार्मेट का सबसे बेहतर ग्राउंड है में ही प्रतियोगिता आयोजित किया रही है जिसकी सभी तैयारियां लगभग पूर्ण हो चुकी है।

40 वर्ष के अधिक के खिलाडिय़ों की टीम भी एसपीएल में होंगी शामिल

काबिज खान ने आगे जानकारी दी कि स्क्करु सीजऩ 2 में सिवनी जिले के उन खिलाडिय़ों की टीम को भी शामिल किया जा रहा है जो अपनी उम्र के 40वर्ष पूर्ण कर चुके है प्रतियोगता की समय अवधि सीमित होने के चलते इन चयनित टीमो का एक अलग ग्रुप बनाकर अल सुबह मैच कराने के प्रयास जारी है।

टी -10 फार्मेट में होगा आयोजन

इस वर्ष आयोजन समिति ने निर्णय ली है कि एसपीएल क्रिकेट के सबसे छोटे फार्मेट टी-10 के नियमो के अनुसार होगा इस सर्दी के मौसम में क्रिकेट प्रेमियों को फटाफट क्रिकेट का एक नया फार्मेट देखने को मिलेगा जो दर्शकों को दिसम्बर की सर्दी में भी गर्मी का एहसास कराएगा।

हर दिन होगा सम्मान कार्यक्रम

सिवनी प्रीमियर लीग के अध्यक्ष नरेंद्र ठाकुर ने बताया कि 10 दिन चलने वाली सिवनी प्रीमियर लीग में आयोजन समिति सिवनी स्पोर्ट्स सेंटर (एसएससी)प्रतिदिन उन शख्सियत का सम्मान करेगी जिन्होंने सिवनी का मान बढ़ाया है। साथ ही वे समाजसेवी संगठन एवं उनके प्रमुख सदस्यों का भी सम्मान करेगी जो तन, मन, धन और समय समाज सुधार में लगा रहे हैं। प्रतियोगिता के दौरान सिवनी के उन मीडियाकर्मियों और समाचार पत्रों का भी सम्मान किया जाएगा जो अपनी कलम और कैमरे की पैनी नजऱ से समाज को हकीकत से रूबरू कराते हैं।

एक लाख से अधिक के नकद पुरस्कार

प्रतियोगिता के प्रमुख नरेंद्र ठाकुर, सहित अखिलेश खेडि़कर, मंजीश भारद्वाज ने बताया कि एसपीएल में बेहतर प्रदर्शन करने वाली टीमों को एसपीएल ट्रफिया सहित करीब 1 लाख से अधिक की नगद राशी के पुरस्कार भी बांटे जाएंगे।
सिवनी नगर की अबतक की सबसे हाई वोल्टेज टैनिस बाल क्रिकेट प्रतियोगिता का आनन्द लेने और प्रतियोगिता को सफल बनाने हेतु आयोजन समिति के संयोजक काबिज खान अध्यक्ष नरेंद्र गुड्डू उपाध्यक्ष अखिलेश खेड़कर सचिव मंजीश भारद्वाज ने सभी आम और खास नागरिकों से अपील की है।

अगर अपनाएंगे ये 11 घरेलू-नुस्खे, तो सर्दियों में भी रहेंगे आपके होंठ मुलायम और कोमल

सर्दियां अच्छी तो लगती हैं, लेकिन ये हमारे नाज़ुक होठों के लिए बहुत नुकसानदायक होती हैं. इस मौसम में ज़्यादातर लोग होंठों के फटने, रूखे होने और उनके रंग में आने वाले बदलाव से परेशान होते हैं. कुछ लोगों के होंठ इतने बेजान हो जाते हैं कि उनसे खून तक निकलने लगता है.

इसलिए आज हम कुछ घरेलू-नुस्खे बताने जा रहे हैं, जिनसे आप अपने होठों को सर्दी में भी गुलाबी, कोमल और मुलायम रख पाएंगे.

1. एलोवेरा

रूके और फटे होंठों पर एलोवेरा के जेल से मसाज करने से होंठों की नमीं बनी रहती है.

2. शहद और वैसलीन से उपचार

अपने होंठों पर शहद लगाएं और उसे कुछ देर के लिए सूखने के लिए छोड़ दें. जब शहद सूख जाए, तो उसपर वैसलीन की पतली-सी परत लगाएं. इसको भी 10 से 15 मिनट तक सूखने के लिए छोड़ दें. इसके बाद रुई को गुनगुने पानी में डुबायें और इससे साफ़ करें. ऐसा एक हफ़्ते तक करने से आराम मिलेगा.

3. नारियल का तेल

नारियल का तेल शारीरिक बीमारियों पर रामबाण का काम करता है. ये फटे और सूखे होठों के लिए भी वरदान है. इसे दिन में कई बार लगाएं इससे होंठ रूखे नहीं होंगे. विशेषकर जब वातावरण ठंडा और सूखा हो.

4. ककड़ी

ककड़ी का एक पतला-सा टुकड़ा अगर सूखे और फटे हुए होंठों पर रगड़ा जाए, तो इससे भी आपके फटे होंठों को आराम मिलेगा.

5. पानी की कमी न होने दें

शरीर में पानी की कमी से होंठ सूख जाते हैं. इसलिए पर्याप्त पानी पियें. सर्दियों में भी पानी पीते रहें. इससे सर्दियों में आपके होंठ नहीं फटेंगे.

6. नींबू और शक्कर का स्क्रब

नींबू और शक्कर को मिलाकर होंठों पर हल्की-हल्की मसाज करिए. इससे होंठों की डेड स्किन निकल जाएगी.

7. हल्दी, नींबू और टमाटर का जूस

इनमें एंटी-ऑक्सीडेंट का गुण मौजूद होते हैं. इसलिए इसका जूस पीने से होंठ मुलायम और गुलाबी रहते हैं.

8. टूथब्रश से करें मसाज

टूथब्रश को गीला करके उससे होंठों की डेड स्किन पर मसाज करने से डेड स्किन निकल जाती है और होंठों का कालापन ख़त्म हो जाता है.

9. खीरे का जूस

खीरे के छोटे टुकड़े को रूखे होठों पर लगाने के बाद उसे 15-20 मिनट के लिए छोड़ें और उसे बाद में धो लें. इस प्रक्रिया को दिन में कई बार दोहराना चाहिए. खीरा रूखे होठों को राहत देता है.

10. पपीता

पिसे हुए पपीते के लेप को होठों पर लगाएं और उसे 10 मिनट तक सूखने दें. इसके बाद धो लें. इससे होंठों में नमी बरकरार रहेगी और वो फटेंगे नहीं.

11. ग्लिसरीन से मसाज करें

अगर होंठ रूखे और फटे हैं, तो उस पर ग्लिसरीन से मसाज करिए. इससे काफ़ी आराम मिलेगा. इसके अलावा विटामिन-ए, बी और सी युक्त खाद्य पदार्थ खाएं. ये भी फटे और रूखे होंठों के लिए लाभदायक होते हैं.