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सिवनी में शराब पीकर कार चला रहा चालक पुलिस के हत्थे चढ़ा: वाहन जब्त; कोर्ट में पेश हुआ मामला

सिवनी में शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ कोतवाली पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। नागपुर-जबलपुर रोड पर वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस ने एक वैगनआर चालक को नशे की हालत में वाहन चलाते हुए पकड़ा। ब्रीथ एनालाइजर जांच में शराब की मात्रा निर्धारित सीमा से अधिक मिलने पर वाहन जब्त कर चालक के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।

मुख्य बातें (Highlights)

  • कोतवाली पुलिस ने शराब पीकर वाहन चला रहे चालक पर की कार्रवाई
  • ब्रीथ एनालाइजर जांच में शराब की मात्रा निर्धारित सीमा से अधिक मिली
  • मारुति वैगनआर (MP22CA4759) जब्त
  • मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई
  • परिवाद तैयार कर न्यायालय में किया गया प्रस्तुत

वाहन चेकिंग के दौरान पकड़ा गया चालक

पुलिस अधीक्षक कृष्ण लालचंदानी के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दीपक मिश्रा तथा अनुविभागीय अधिकारी पुलिस के मार्गदर्शन में कोतवाली पुलिस द्वारा शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है।

28 जुलाई 2026 को थाना कोतवाली के सामने नागपुर-जबलपुर रोड पर वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस ने एक मारुति वैगनआर (क्रमांक MP22CA4759) को लहराते हुए चलते देखा। संदेह होने पर वाहन को रोककर चालक की जांच की गई।

ब्रीथ एनालाइजर टेस्ट में पुष्टि

पूछताछ में चालक ने अपना नाम चन्द्रकुमार धुर्वे (46 वर्ष), पिता नाथूराम धुर्वे, निवासी भैरोगंज, सिवनी बताया।

पुलिस ने ब्रीथ एनालाइजर मशीन से जांच कराई, जिसमें चालक के शरीर में शराब की मात्रा सामान्य सीमा से अधिक पाई गई।

वाहन जब्त, कोर्ट में पेश किया परिवाद

पुलिस ने मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत कार्रवाई करते हुए मारुति वैगनआर को जब्त कर थाना परिसर में सुरक्षित खड़ा कराया।

इसके साथ ही आरोपी चालक के विरुद्ध परिवाद तैयार कर उसे माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।

पुलिस ने लोगों से की अपील

पुलिस अधीक्षक कृष्ण लालचंदानी ने आम नागरिकों से अपील की है कि शराब पीकर वाहन न चलाएं। उन्होंने कहा कि नशे की हालत में वाहन चलाना चालक के साथ-साथ सड़क पर चलने वाले अन्य लोगों के जीवन के लिए भी गंभीर खतरा पैदा करता है।

पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी प्रकार सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।

इन पुलिसकर्मियों की रही भूमिका

इस कार्रवाई में निरीक्षक सतीश तिवारी, उप निरीक्षक डालचंद ग्यारसिया, प्रधान आरक्षक सौरभ एवं आरक्षक प्रतीक की सराहनीय भूमिका रही।

मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत शराब या अन्य नशीले पदार्थ के प्रभाव में वाहन चलाना दंडनीय अपराध है। ऐसे मामलों में जुर्माना, न्यायालयीन कार्रवाई और अन्य कानूनी प्रावधान लागू हो सकते हैं।

शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर लगातार हो रही कार्रवाई सड़क सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। पुलिस का उद्देश्य दुर्घटनाओं को रोकना और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराना है।

कोतवाली पुलिस की यह कार्रवाई सड़क सुरक्षा के प्रति सख्त रुख का संकेत है। पुलिस ने लोगों से जिम्मेदारी के साथ वाहन चलाने और नशे की हालत में ड्राइविंग से बचने की अपील की है।

लखनादौन में जुए के अड्डे पर पुलिस का छापा, 10 जुआरी गिरफ्तार; ₹50,640 नकद, 12 मोबाइल और 3 बाइक जब्त

सिवनी जिले के लखनादौन में जुआ-सट्टे के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 10 लोगों को गिरफ्तार किया है। शिवा विनायक रेस्टोरेंट के पीछे स्थित एक कमरे में चल रहे जुए के अड्डे पर संयुक्त पुलिस टीम ने दबिश देकर आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा। कार्रवाई के दौरान नकदी, मोबाइल फोन, मोटरसाइकिल और ताश के पत्ते जब्त किए गए।

मुख्य बातें (Highlights)

  • लखनादौन पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 10 आरोपी गिरफ्तार
  • शिवा विनायक रेस्टोरेंट के पीछे कमरे में चल रहा था जुआ
  • ₹50,640 नकद, 12 मोबाइल फोन और 3 मोटरसाइकिल जब्त
  • 52 ताश के पत्ते भी बरामद
  • जुआ अधिनियम की धारा 13 के तहत मामला दर्ज

मुखबिर की सूचना पर संयुक्त टीम ने दी दबिश

पुलिस अधीक्षक कृष्ण लालचंदानी के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दीपक मिश्रा एवं एसडीओपी अपूर्व भलावी के मार्गदर्शन में जुआ-सट्टे के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है।3 अगस्त 2026 को मुखबिर से सूचना मिलने पर थाना लखनादौन और थाना आदेगांव की संयुक्त टीम ने शिवा विनायक रेस्टोरेंट के पीछे स्थित एक कमरे में छापेमार कार्रवाई की।

जुआ खेलते 10 आरोपी रंगे हाथों पकड़े गए

पुलिस के अनुसार, मौके पर 10 लोग रुपये-पैसों का दांव लगाकर ताश के पत्तों से जुआ खेल रहे थे। पुलिस ने घेराबंदी कर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपी
प्रेमसिंह राजपूत (45), ग्राम खैरनरा
नितिन रजक (38), सुनारी मोहल्ला, लखनादौन
शुभम राजपूत (26), ग्राम गंगई
शेरसिंह उर्फ गुड्डू राठौर (30), पटपुरा, लखनादौन
नीलेश उर्फ लीलाधर झारिया (32), वार्ड क्रमांक 5, लखनादौन
सुनील अहरवार (44), हरिजन वार्ड, लखनादौन
शिवम तिवारी (26), कॉलेज के पास, लखनादौन
राहुल जैसवाल (32), पेट्रोल पंप के पास, लखनादौन
गोविंद गोल्हानी (32), ग्राम पाना बुढवानी
योगेन्द्र कुमार बरमैया (27), शंकर मंदिर के पास, लखनादौन

क्या-क्या हुआ जब्त?

पुलिस ने मौके से निम्न सामग्री जब्त की—

₹50,640 नकद
12 मोबाइल फोन
03 मोटरसाइकिल
52 ताश के पत्ते

जुआ अधिनियम के तहत मामला दर्ज

पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ थाना लखनादौन में अपराध क्रमांक 312/2026 के तहत धारा 13, जुआ अधिनियम में प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।

इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका

इस कार्रवाई में थाना प्रभारी के.पी. धुर्वे, थाना प्रभारी आदेगांव आशीष धुर्वे, विश्वरंजन रघुवंशी, ललता प्रसाद पटले, मोहन कुमरे, अजय बघेल और आरक्षक दीपेश की सराहनीय भूमिका रही।

सिवनी पुलिस जिलेभर में अवैध गतिविधियों, जुआ और सट्टे के खिलाफ लगातार अभियान चला रही है। पुलिस का कहना है कि सार्वजनिक व्यवस्था और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे।

पुलिस की इस कार्रवाई से लखनादौन क्षेत्र में अवैध जुआ गतिविधियों पर अंकुश लगाने का संदेश गया है। प्रशासन ने नागरिकों से भी ऐसी गतिविधियों की सूचना पुलिस को देने की अपील की है।

लखनादौन पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में 10 आरोपियों की गिरफ्तारी और बड़ी मात्रा में नकदी व अन्य सामान की जब्ती जिले में जुआ-सट्टे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की महत्वपूर्ण कार्रवाई मानी जा रही है। मामले की विवेचना जारी है।

सिवनी: घंसौर अस्पताल में 20 वर्षीय युवक की मौत के बाद शव सड़क पर रखकर चक्काजाम, एंबुलेंस और स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर परिजनों का प्रदर्शन

SEONI GHANSAUR NEWS: सिवनी जिले के घंसौर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में 20 वर्षीय युवक की मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित लोगों ने अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं और एंबुलेंस की कमी का आरोप लगाते हुए युवक के शव को लखनादौन-मंडला मुख्य मार्ग पर रखकर चक्काजाम कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया।

मुख्य बातें (Highlights)

  • घंसौर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में 20 वर्षीय युवक की मौत
  • मृतक की पहचान रामचरण ईरपचे के रूप में हुई
  • परिजनों ने स्वास्थ्य व्यवस्था और एंबुलेंस की कमी के लगाए आरोप
  • शव सड़क पर रखकर लखनादौन-मंडला मार्ग पर किया चक्काजाम
  • भाजपा नेताओं, समाजसेवियों और ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन
  • एसडीएम, एसडीओपी और पुलिस मौके पर पहुंची

उपचार के दौरान युवक की हुई मौत

जानकारी के अनुसार, 20 वर्षीय रामचरण ईरपचे की शुक्रवार सुबह अचानक तबीयत बिगड़ गई। परिजन उन्हें उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, घंसौर लेकर पहुंचे, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग अस्पताल परिसर में एकत्र हो गए।

परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप

मृतक के परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में पर्याप्त स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध नहीं थीं और समय पर एंबुलेंस नहीं मिलने के कारण युवक को बेहतर उपचार नहीं मिल सका।

ध्यान दें: स्वास्थ्य सुविधाओं और एंबुलेंस को लेकर लगाए गए ये आरोप परिजनों के हैं। समाचार लिखे जाने तक इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग का विस्तृत आधिकारिक पक्ष सामने नहीं आया है।

शव सड़क पर रखकर किया चक्काजाम

घटना से आक्रोशित परिजनों, भाजपा नेताओं, समाजसेवियों और बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने युवक का शव लखनादौन-मंडला मुख्य मार्ग पर रखकर चक्काजाम कर दिया।

चक्काजाम के कारण कुछ समय तक मार्ग पर यातायात प्रभावित रहा और दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं।

प्रशासन ने संभाला मोर्चा

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए घंसौर थाना पुलिस, एसडीओपी, एसडीएम सहित प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से चर्चा कर उन्हें शांत कराने और मामले की जांच का आश्वासन दिया।

समाचार लिखे जाने तक प्रशासन प्रदर्शन समाप्त कराने के प्रयास में जुटा हुआ था।

ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था पर फिर उठे सवाल

इस घटना के बाद एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं और आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों ने अस्पताल में पर्याप्त चिकित्सा संसाधन, एंबुलेंस की उपलब्धता और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

ग्रामीण क्षेत्रों में गंभीर मरीजों को समय पर बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना स्वास्थ्य विभाग के सामने बड़ी चुनौती बनी हुई है। विशेषकर रेफरल सेवाएं और आपातकालीन एंबुलेंस व्यवस्था कई बार विवाद का कारण बनती रही हैं।

यदि मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि होती है, तो ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली की समीक्षा और सुधार की मांग तेज हो सकती है। वहीं प्रशासनिक जांच के निष्कर्ष के बाद आगे की कार्रवाई तय होगी।

घंसौर अस्पताल में युवक की मौत के बाद हुआ विरोध प्रदर्शन ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर लोगों की नाराजगी को सामने लाता है। प्रशासन ने मामले की जांच का आश्वासन दिया है। अब सभी की नजर जांच रिपोर्ट और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी है।

भीमगढ़ बांध के दो गेट आज 11:30 बजे खुलेंगे, बैनगंगा नदी किनारे रहने वालों के लिए अलर्ट जारी, छोड़ा जाएगा 265 क्यूमेक्स पानी

सिवनी जिले के संजय सरोवर परियोजना (भीमगढ़ बांध) का जलस्तर निर्धारित सीमा के करीब पहुंचने के बाद प्रशासन ने अतिरिक्त पानी की निकासी का निर्णय लिया है। शुक्रवार, 31 जुलाई को सुबह 11:30 बजे बांध के दो गेट खोले जाएंगे, जिससे बैनगंगा नदी में 265 क्यूमेक्स पानी छोड़ा जाएगा। जिला प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और निचले क्षेत्रों में जाने से बचने की अपील की है।

मुख्य बातें (Highlights)

  • भीमगढ़ बांध के दो गेट आज सुबह 11:30 बजे खोले जाएंगे
  • गेट नंबर 5 और 6 को एक-एक मीटर तक खोला जाएगा
  • बैनगंगा नदी में 265 क्यूमेक्स (9,340 क्यूसेक) पानी छोड़ा जाएगा
  • बांध का वर्तमान जलस्तर 516.85 मीटर दर्ज
  • जिला प्रशासन ने नदी किनारे रहने वालों के लिए जारी की चेतावनी

क्यों खोले जा रहे हैं बांध के गेट?

कार्यपालन यंत्री, तिलवारा बांयी तट नहर संभाग, केवलारी द्वारा जारी सूचना के अनुसार संजय सरोवर परियोजना (भीमगढ़ बांध) का जलस्तर लगातार बढ़ते हुए 516.85 मीटर तक पहुंच गया है। जलस्तर को सुरक्षित सीमा में बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पानी की निकासी का निर्णय लिया गया है।

इसके तहत शुक्रवार 31 जुलाई को सुबह 11:30 बजे बांध के गेट क्रमांक 5 एवं 6 को एक-एक मीटर तक खोला जाएगा।

बैनगंगा नदी में छोड़ा जाएगा 265 क्यूमेक्स पानी

दोनों गेटों के माध्यम से कुल 265 क्यूमेक्स (लगभग 9,340 घनफीट प्रति सेकंड) की दर से अतिरिक्त पानी बैनगंगा नदी में छोड़ा जाएगा।

जल छोड़ने के दौरान नदी के जलस्तर में वृद्धि होने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है।

जिला प्रशासन ने जारी की एडवाइजरी

जिला प्रशासन ने बैनगंगा नदी के किनारे रहने वाले लोगों, किसानों और मछुआरों से नदी के आसपास अनावश्यक आवाजाही नहीं करने की अपील की है।

साथ ही निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और बच्चों को नदी के पास नहीं जाने देने की सलाह दी गई है। संबंधित विभागों और स्थानीय प्रशासन को भी सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।

लोगों के लिए जरूरी सलाह

  • बैनगंगा नदी के किनारे जाने से बचें।
  • नदी में स्नान या मछली पकड़ने के लिए न उतरें।
  • निचले क्षेत्रों में रहने वाले लोग प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।
  • किसी भी आपात स्थिति में तुरंत स्थानीय प्रशासन या पुलिस को सूचना दें।

मानसून के दौरान लगातार बारिश होने पर भीमगढ़ बांध का जलस्तर तेजी से बढ़ता है। जलाशय की सुरक्षा और संतुलन बनाए रखने के लिए समय-समय पर अतिरिक्त पानी छोड़ा जाता है, जिससे बैनगंगा नदी का जलस्तर अस्थायी रूप से बढ़ सकता है।

बांध से पानी छोड़े जाने के कारण बैनगंगा नदी के किनारे बसे गांवों और निचले क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ा दी गई है। प्रशासन की एडवाइजरी का पालन करने से किसी भी संभावित दुर्घटना से बचा जा सकता है।

भीमगढ़ बांध का जलस्तर बढ़ने के बाद आज सुबह 11:30 बजे दो गेट खोलकर अतिरिक्त पानी छोड़ा जाएगा। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे नदी और निचले क्षेत्रों से सुरक्षित दूरी बनाए रखें तथा किसी भी अफवाह पर ध्यान न देकर केवल आधिकारिक सूचनाओं का पालन करें।

श्रावण मास का शुभारंभ: MATH MANDIR SEONI में अखंड रामायण पाठ शुरू, श्रद्धालुओं से सहभागिता की अपील

MATH MANDIR SEONI: पवित्र श्रावण मास के शुभारंभ के साथ सिवनी के प्रसिद्ध सिद्धपीठ मठ मंदिर में अखंड रामायण पाठ का शुभारंभ हो गया है। श्रीराम दरबार और भगवान भोलेनाथ की साक्षी में शुरू हुए इस धार्मिक आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। आयोजकों ने धर्मप्रेमी नागरिकों से अखंड रामायण पाठ में सहभागिता कर आध्यात्मिक लाभ प्राप्त करने की अपील की है।

मुख्य बातें (Highlights)

  • सिद्धपीठ मठ मंदिर में अखंड रामायण पाठ का शुभारंभ
  • श्रावण मास भर चलेगा धार्मिक आयोजन
  • श्रीराम दरबार एवं भोले बाबा के समक्ष हो रहा पाठ
  • श्रद्धालुओं से कार्यक्रम में सहभागी बनने की अपील
  • आयोजन मठ महाकाल समिति, सिवनी द्वारा

श्रावण मास में शुरू हुई भक्तिमय परंपरा

श्रावण मास के पावन अवसर पर प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी सिद्धपीठ मठ मंदिर में अखंड रामायण पाठ का शुभारंभ किया गया। मंदिर परिसर में श्रीराम दरबार और भगवान शिव (भोले बाबा) के समक्ष श्रद्धापूर्वक श्रीरामचरितमानस का अखंड पारायण किया जा रहा है।

आयोजन के दौरान वातावरण पूरी तरह भक्तिमय बना हुआ है और श्रद्धालु भगवान श्रीराम एवं भगवान शिव की आराधना में लीन हैं।

पूरे श्रावण मास तक चलेगा आयोजन

मठ महाकाल समिति के अनुसार अखंड रामायण पाठ का आयोजन पूरे श्रावण मास तक जारी रहेगा। इस दौरान प्रतिदिन धार्मिक अनुष्ठान, भजन-कीर्तन और रामचरितमानस का पारायण होगा।

श्रद्धालु अपनी सुविधा के अनुसार किसी भी समय मंदिर पहुंचकर दर्शन एवं पाठ में सहभागिता कर सकते हैं।

श्रद्धालुओं से की गई सहभागिता की अपील

आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं से इस पवित्र धार्मिक आयोजन में शामिल होकर श्रीरामचरितमानस के पारायण का पुण्य लाभ प्राप्त करने का आग्रह किया है। उनका कहना है कि श्रावण मास में भगवान शिव और भगवान श्रीराम की आराधना विशेष फलदायी मानी जाती है।

हिंदू धर्म में श्रावण मास भगवान शिव की उपासना का विशेष महीना माना जाता है। इस दौरान मंदिरों में रुद्राभिषेक, जलाभिषेक, अखंड रामायण पाठ, भजन-कीर्तन और अन्य धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। सिवनी का सिद्धपीठ मठ मंदिर भी वर्षों से इस धार्मिक परंपरा का निर्वहन करता आ रहा है।

इस तरह के धार्मिक आयोजन समाज में आध्यात्मिक वातावरण को बढ़ावा देने के साथ-साथ सामाजिक और सांस्कृतिक एकता को भी मजबूत करते हैं। श्रावण मास के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की भागीदारी से धार्मिक गतिविधियों में उत्साह बना रहता है।

सिवनी के सिद्धपीठ मठ मंदिर में शुरू हुआ अखंड रामायण पाठ श्रावण मास के धार्मिक आयोजनों का प्रमुख आकर्षण रहेगा। मठ महाकाल समिति ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर आयोजन का हिस्सा बनने और आध्यात्मिक लाभ प्राप्त करने की अपील की है।

सिवनी में गांजा तस्करी पर पुलिस का एक्शन, 308 ग्राम गांजे के साथ महिला गिरफ्तार

सिवनी में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक महिला को 308 ग्राम गांजा के साथ गिरफ्तार किया है। मुखबिर की सूचना पर गंज वार्ड में की गई छापेमारी के दौरान पुलिस ने गांजा और बिक्री से संबंधित नकदी बरामद कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।

मुख्य बातें (Highlights)

  • गंज वार्ड में कोतवाली पुलिस की छापेमार कार्रवाई
  • 308 ग्राम अवैध गांजा के साथ महिला गिरफ्तार
  • गांजे की अनुमानित कीमत करीब ₹3,100
  • आरोपी के पास से ₹460 नकद भी बरामद
  • एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मामला दर्ज

मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई

पुलिस अधीक्षक कृष्ण लालचंदानी के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दीपक मिश्रा एवं एसडीओपी चंचलेश मरकाम के मार्गदर्शन में कोतवाली पुलिस अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान चला रही है।

इसी क्रम में 27 जुलाई 2026 को पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि गंज वार्ड क्षेत्र में एक महिला अपने घर के सामने अवैध रूप से गांजा बेच रही है। सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक सतीश तिवारी के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित कर मौके पर दबिश दी गई।

नीले थैले से मिला 308 ग्राम गांजा

पुलिस के अनुसार, गंज वार्ड स्थित एक मकान के आंगन में एक महिला नीले रंग का थैला लेकर बैठी थी। पुलिस को देखकर वह घबरा गई, जिसके बाद घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया गया। पूछताछ में महिला ने अपना नाम मयूरी खताबिया (35 वर्ष), पति कन्हैयाल खताबिया, निवासी कुचबुंदिया मोहल्ला, गंज वार्ड, सिवनी बताया। गवाहों की मौजूदगी में तलाशी लेने पर उसके पास रखे थैले से अखबार की पुड़ियों में 308 ग्राम अवैध गांजा तथा ₹460 नकद बरामद हुए।

एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज

कोतवाली पुलिस ने बरामद गांजा और नकदी को विधिवत जप्त कर आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया। उसके विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे की विवेचना शुरू कर दी गई है।

जप्त सामग्री

  • 308 ग्राम अवैध गांजा (अनुमानित कीमत लगभग ₹3,100)
  • ₹460 नकद

इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका

इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक सतीश तिवारी, सउनि जगमोहन अधिकार, प्रधान आरक्षक मुकेश गोडाने, मनोज मरावी, संतोष साहू, प्रदीप कुमार चौधरी, महिला आरक्षक निशा दोनावट, आरक्षक प्रतीक बघेल एवं महिला आरक्षक दीपाली बघेल की सराहनीय भूमिका रही।

सिवनी पुलिस जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी और बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए लगातार अभियान चला रही है। समय-समय पर मुखबिर की सूचना के आधार पर विभिन्न थाना क्षेत्रों में छापेमार कार्रवाई की जा रही है।

अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ लगातार हो रही कार्रवाई से नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने में मदद मिल सकती है। पुलिस का कहना है कि जिले में इस तरह के अभियान आगे भी जारी रहेंगे।

कोतवाली पुलिस की इस कार्रवाई में 308 ग्राम गांजा के साथ एक महिला की गिरफ्तारी सिवनी में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस की सक्रियता को दर्शाती है। मामले की विवेचना जारी है और पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।

सिवनी में भालू का हमला: जंगल में भैंस चरा रहे चरवाहे को किया घायल, जिला अस्पताल में भर्ती

सिवनी जिले में एक बार फिर वन्यजीव और मानव संघर्ष का मामला सामने आया है। जिले के दौदीवाड़ा गांव के जंगल में भैंस चरा रहे एक चरवाहे पर भालू ने हमला कर दिया। हमले में चरवाहा गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे उपचार के लिए जिला अस्पताल सिवनी में भर्ती कराया गया है।

मुख्य बातें (Highlights)

  • सिवनी के दौदीवाड़ा गांव के जंगल में हुई घटना
  • भैंस चराने गए चरवाहे पर भालू ने किया हमला
  • घायल की पहचान बस्तीराम नेवारे के रूप में हुई
  • कमर और पैर में आई गंभीर चोटें
  • जिला अस्पताल सिवनी में चल रहा उपचार

जंगल में भैंस चराते समय हुआ हमला

प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम दौदीवाड़ा निवासी बस्तीराम नेवारे (पिता पांडू नेवारे) मंगलवार शाम करीब 4 बजे जंगल में अपनी भैंसें चरा रहे थे। इसी दौरान अचानक एक भालू (रीछ) ने उन पर हमला कर दिया।

हमले से चरवाहा गंभीर रूप से घायल हो गया। आसपास मौजूद लोगों की मदद से उन्हें तत्काल जंगल से बाहर निकालकर उपचार के लिए जिला अस्पताल सिवनी पहुंचाया गया।

कमर और पैर में आई गंभीर चोटें

जानकारी के अनुसार, भालू के हमले में बस्तीराम नेवारे की कमर से लेकर पैर तक गंभीर चोटें आई हैं। जिला अस्पताल में उनका उपचार जारी है। फिलहाल उनकी स्थिति पर चिकित्सकों की निगरानी बनी हुई है।

वन्यजीवों की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत

घटना के बाद दौदीवाड़ा और आसपास के ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने वन विभाग से जंगल क्षेत्र में निगरानी बढ़ाने और लोगों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने की मांग की है।

सिवनी जिला पेंच टाइगर रिजर्व और घने वन क्षेत्रों से घिरा हुआ है। यहां भालू, तेंदुआ और अन्य वन्यजीवों की मौजूदगी के कारण समय-समय पर मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाएं सामने आती रहती हैं। ऐसे क्षेत्रों में ग्रामीणों को जंगल में जाते समय विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी जाती है।

यह घटना वन क्षेत्रों से लगे गांवों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा और वन विभाग की निगरानी व्यवस्था पर फिर से सवाल खड़े करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए जागरूकता, त्वरित सूचना तंत्र और नियमित गश्त जरूरी है।

दौदीवाड़ा के जंगल में भालू के हमले में घायल हुए चरवाहे का जिला अस्पताल में उपचार जारी है। घटना के बाद ग्रामीणों में भय का माहौल है। वन विभाग और प्रशासन की ओर से सुरक्षा उपायों को मजबूत करना ऐसे क्षेत्रों में भविष्य की घटनाओं को रोकने के लिए महत्वपूर्ण होगा।

सिवनी कलेक्टर नेहा मीना की जनसुनवाई में त्वरित फैसला: कुछ ही मिनटों में पहली कक्षा में मिला छात्र प्रिंस को प्रवेश

सिवनी जिला मुख्यालय में आयोजित जनसुनवाई एक बार फिर आम लोगों के लिए राहत का माध्यम बनी। स्कूल में प्रवेश नहीं मिलने से परेशान एक मां की समस्या का समाधान उस समय तुरंत हो गया, जब कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मौके पर ही शिक्षा विभाग के अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। कुछ ही देर में छात्र प्रिंस का कक्षा पहली में प्रवेश सुनिश्चित कर दिया गया।

मुख्य बातें (Highlights)

  • जनसुनवाई में पहुंची थीं संध्या मसराम, बेटे के प्रवेश की लगाई गुहार
  • कलेक्टर नेहा मीना ने मौके पर ही दिए कार्रवाई के निर्देश
  • सांदीपनि विद्यालय, कंडीपार में कक्षा पहली में मिला प्रवेश
  • छात्र को निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें भी उपलब्ध कराई गईं
  • मां ने जिला प्रशासन और कलेक्टर का जताया आभार

जनसुनवाई में सुनी गई एक मां की परेशानी

मंगलवार को आयोजित जिला स्तरीय जनसुनवाई में संध्या मसराम अपने पुत्र प्रिंस के स्कूल में प्रवेश नहीं हो पाने की समस्या लेकर पहुंचीं। उन्होंने कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना को बताया कि काफी प्रयासों के बावजूद उनके बेटे का स्कूल में दाखिला नहीं हो पा रहा है।

कलेक्टर ने उनकी बात गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुनी और तत्काल समाधान के निर्देश दिए।

मौके पर ही पूरी हुई प्रवेश की प्रक्रिया

कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना ने जनसुनवाई में मौजूद जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) एवं जिला परियोजना समन्वयक (DPC) को आवश्यक कार्रवाई करते हुए निकटतम विद्यालय में छात्र का प्रवेश सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

निर्देश मिलते ही शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर सांदीपनि विद्यालय, कंडीपार में छात्र प्रिंस का कक्षा पहली में प्रवेश सुनिश्चित कर दिया।

छात्र को मिली निःशुल्क पुस्तकें, पढ़ाई के लिए किया प्रेरित

प्रवेश प्रक्रिया पूरी होने के बाद कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना ने छात्र प्रिंस को शासन की ओर से उपलब्ध कराई जाने वाली कक्षा पहली की निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें भी प्रदान कीं।

उन्होंने प्रिंस को नियमित विद्यालय जाने, मन लगाकर पढ़ाई करने और जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

मां ने जताया जिला प्रशासन का आभार

बेटे का प्रवेश कुछ ही समय में होने से संध्या मसराम के चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दी। उन्होंने कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना और जिला प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी समस्या को गंभीरता से सुना गया और तत्काल समाधान भी किया गया।

उन्होंने जनसुनवाई को आम नागरिकों के लिए भरोसेमंद व्यवस्था बताते हुए जिला प्रशासन की संवेदनशील और तत्पर कार्यशैली की सराहना की।

मध्य प्रदेश शासन की जनसुनवाई व्यवस्था का उद्देश्य आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना है। प्रत्येक सप्ताह आयोजित होने वाली इस प्रक्रिया में विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतों और आवेदनों का मौके पर निराकरण करने का प्रयास किया जाता है।

इस तरह के त्वरित समाधान से आम लोगों का प्रशासन पर विश्वास मजबूत होता है। विशेष रूप से शिक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषयों में समय पर निर्णय बच्चों के भविष्य को नई दिशा देने का काम करते हैं।

सिवनी की जनसुनवाई में एक बच्चे का स्कूल में प्रवेश कुछ ही समय में सुनिश्चित होना प्रशासन की संवेदनशील कार्यशैली का उदाहरण बनकर सामने आया है। कलेक्टर नेहा मीना के त्वरित निर्देशों से न केवल एक परिवार की चिंता दूर हुई, बल्कि एक बच्चे के शिक्षा के अधिकार को भी समय पर सुनिश्चित किया गया।

घंसौर अस्पताल की बदहाल व्यवस्था: 108 एंबुलेंस नहीं पहुंची, अस्पताल में तड़पती रहीं दो महिलाएं

सिवनी जिले के घंसौर उप स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य व्यवस्था की गंभीर खामियां सामने आई हैं। संदिग्ध परिस्थितियों में कीटनाशक सेवन करने वाली दो महिलाओं को प्राथमिक उपचार के बाद जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, लेकिन समय पर 108 एंबुलेंस उपलब्ध नहीं होने से परिजनों को निजी वाहन से मरीजों को ले जाना पड़ा। इस घटना ने ग्रामीण क्षेत्रों की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

मुख्य बातें (Highlights)

  • घंसौर उप स्वास्थ्य केंद्र में सामने आई स्वास्थ्य व्यवस्था की लापरवाही
  • दो महिलाओं ने संदिग्ध परिस्थितियों में किया कीटनाशक का सेवन
  • डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद किया जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर
  • 108 एंबुलेंस समय पर नहीं पहुंची, अस्पताल की एंबुलेंस भी खराब
  • परिजनों ने निजी वाहन से मरीजों को पहुंचाया मेडिकल कॉलेज
  • घटना के बाद ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं पर उठे सवाल

क्या है पूरा मामला?

जानकारी के अनुसार, सिवनी जिला मुख्यालय से लगभग 100 किलोमीटर दूर स्थित घंसौर उप स्वास्थ्य केंद्र में घंसौर थाना क्षेत्र के दो अलग-अलग गांवों की दो महिलाओं को गंभीर हालत में लाया गया। बताया गया कि दोनों ने संदिग्ध परिस्थितियों में कीटनाशक का सेवन कर लिया था।

ड्यूटी पर मौजूद चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत गंभीर देखते हुए दोनों को जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।

घंटों इंतजार के बाद भी नहीं पहुंची 108 एंबुलेंस

परिजनों के अनुसार, रेफर किए जाने के बाद लगातार 108 एंबुलेंस सेवा से संपर्क किया गया, लेकिन काफी देर तक एंबुलेंस अस्पताल नहीं पहुंची। वहीं, अस्पताल परिसर में मौजूद एंबुलेंस पहले से ही खराब होने के कारण उसका उपयोग भी नहीं किया जा सका।

समय पर एंबुलेंस नहीं मिलने से दोनों मरीजों को अस्पताल में इंतजार करना पड़ा।

मजबूरी में निजी वाहन से रवाना किए गए मरीज

जब काफी देर तक एंबुलेंस की व्यवस्था नहीं हो सकी, तब परिजनों ने निजी वाहन का इंतजाम किया और गंभीर हालत में दोनों महिलाओं को उपचार के लिए जबलपुर मेडिकल कॉलेज लेकर रवाना हुए।

स्वास्थ्य सेवाओं पर उठे सवाल

घटना के बाद ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता और आपातकालीन एंबुलेंस व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि गंभीर मरीजों के लिए समय पर एंबुलेंस उपलब्ध होना बेहद जरूरी है, क्योंकि ऐसी परिस्थितियों में हर मिनट महत्वपूर्ण होता है।

घंसौर क्षेत्र सिवनी जिला मुख्यालय से काफी दूरी पर स्थित है। गंभीर मरीजों को अक्सर बेहतर इलाज के लिए जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया जाता है। ऐसे में 108 एंबुलेंस सेवा और अस्पताल की एंबुलेंस की उपलब्धता ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी मानी जाती है।

इस खबर का असर

यदि घटना में सामने आए तथ्यों की पुष्टि होती है, तो यह मामला ग्रामीण स्वास्थ्य सुविधाओं और आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की कार्यप्रणाली की समीक्षा का विषय बन सकता है। समय पर एंबुलेंस उपलब्ध न होना गंभीर मरीजों की जान के लिए जोखिम पैदा कर सकता है।

घंसौर उप स्वास्थ्य केंद्र की यह घटना ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की चुनौतियों को उजागर करती है। गंभीर मरीजों को समय पर एंबुलेंस उपलब्ध न होने के कारण परिजनों को निजी वाहन का सहारा लेना पड़ा। अब आवश्यकता है कि संबंधित विभाग इस मामले की जांच कर आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को और प्रभावी बनाए।

मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन सिवनी को मिला नया जिला अध्यक्ष: चुनाव में नितिन शुक्ला ने दर्ज की जीत

SEONI NEWS: मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन की जिला इकाई सिवनी को नया नेतृत्व मिल गया है। संगठन के जिला अध्यक्ष पद के लिए हुए चुनाव में नितिन शुक्ला ने जीत दर्ज करते हुए अध्यक्ष पद पर कब्जा किया। चुनाव परिणाम 26 जुलाई 2026 को घोषित किए गए।

मुख्य बातें (Highlights)

  • मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन सिवनी का चुनाव संपन्न
  • नितिन शुक्ला बने नए जिला अध्यक्ष
  • नितिन शुक्ला को 41 वोट, प्रतिद्वंद्वी योगेंद्र सनोडिया को 29 वोट
  • कोई भी मत निरस्त नहीं हुआ
  • कुल 91 मतदाताओं में से 70 मत पड़े

चुनाव में नितिन शुक्ला को मिली जीत

मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन के जिला अध्यक्ष पद के लिए हुए मतदान में नितिन शुक्ला ने अपने प्रतिद्वंद्वी योगेंद्र सनोडिया को हराकर जीत हासिल की। मतगणना के बाद जारी परिणाम में नितिन शुक्ला को 41 मत प्राप्त हुए, जबकि योगेंद्र सनोडिया के पक्ष में 29 मत पड़े।

चुनाव अधिकारियों ने मतगणना पूरी होने के बाद नितिन शुक्ला को विजयी घोषित किया। चुनाव अधिकारियों में श्री राजेंद्र सुलकिया जी, जिला बालाघाट, श्री मुकेश अवधिया जी, जिला बालाघाट, श्री राजेश बंदेवार जी, जिला सिवनी एवं श्री अजय सेन जी, जिला सिवनी शामिल रहे।

बैंक मित्र संगठन के वरिष्ठ सदस्य नंदकिशोर दुबे एवं अनिल भारद्वाज के साथ एनी सदस्यों की उपस्थिति में कार्यक्रम संपन्न हुआ

मतदान प्रतिशत रहा 77 फीसदी

मतगणना पत्रक के अनुसार चुनाव में कुल 91 मतदाता पंजीकृत थे। इनमें से 70 मत डाले गए और कोई भी मत निरस्त नहीं हुआ। इस तरह मतदान का प्रतिशत लगभग 77% दर्ज किया गया।

संगठन को मिला नया नेतृत्व

जिला अध्यक्ष चुने जाने के बाद अब नितिन शुक्ला के नेतृत्व में संगठन की आगामी गतिविधियों और बैंक मित्रों से जुड़े मुद्दों को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी होगी। संगठन के सदस्यों ने उन्हें जीत की बधाई दी।

मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन बैंक मित्रों (Bank Mitras) के हितों, समस्याओं और संगठनात्मक गतिविधियों से जुड़े मुद्दों पर कार्य करता है। समय-समय पर संगठन के विभिन्न पदों के लिए चुनाव कर नई कार्यकारिणी का गठन किया जाता है।

सिवनी जिले में मध्यप्रदेश बैंक मित्र संगठन के चुनाव शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुए। नितिन शुक्ला की जीत के साथ संगठन को नया जिला अध्यक्ष मिल गया है। अब सदस्यों की निगाहें नई कार्यकारिणी की आगामी कार्ययोजना पर रहेंगी।