भोपाल, खबर सत्ता : अयोध्या मामले में निर्णय की तारीख तय होने के बाद कलेक्टर के आदेश पर जिला शिक्षा अधिकारी ने सभी स्कूलों की छुट्टी घोषित कर दी है। इस आदेश के तहत सभी स्कूल यानी सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूल बंद रहेंगे। आदेश का उल्लंघन करने वाले स्कूल संचालकों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उनके खिलाफ आपराधिक प्रकरण दर्ज किए जा सकते हैं।
जिला शिक्षा अधिकारी नितिन सक्सेना के हस्ताक्षर से जारी आदेश के अनुसार सभी प्रकार की स्कूल, सरकारी एवं प्राइवेट, फिर वह चाहे किसी भी शिक्षा बोर्ड से एफिलेटेड हो। मदरसे या अनुदान प्राप्त स्कूल। प्राथमिक से लेकर हायर सेकेंडरी स्कूल तक। फिर चाहे वह अनरजिस्टर्ड प्ले स्कूल ही क्यों ना हो। सभी बंद रखे जाएं। कानून और व्यवस्था की स्थिति के लिए पुलिस को हाई अलर्ट पर रख दिया है।
प्रशासन की ओर से पुलिस से आग्रह किया गया है इस बात का ध्यान रखें एवं वाहनों का संचालन ना हो। यदि कोई स्कूल बस स्कूल वाहन बच्चों को लाता ले जाता दिखाई दे तो उसे रोककर वापस भेजें एवं कार्यवाही करें। आरटीओ से आग्रह किया गया है कि वह अपना अमला तैनात करें।
राज्य शासन द्वारा निर्णय लिया गया है कि कल दिनांक 09 नवम्बर 2019 को मध्यप्रदेश के समस्त शासकीय एवं अशासकीय विद्यालयों में एक दिवस का अवकाश रहेगा। इसके साथ सभी कालेज भी बन्द रहेगे वही सभी देशी एवं विदेशी शराब दुकाने भी कल नही खुली रहेगी।
सिवनी,खबर सत्ता : – सिवनी जिला भाजपा द्वारा आगामी 9 नवंबर को मंडल स्तर पर होने वाली निर्वाचन की प्रक्रिया को आगाँमी निर्देश मिलने तक स्थिगित कर दिया गया है। ऊक्त जानकारी प्रदेश भाजपा अध्यक्ष राकेश सिंह द्वारा शोशल मीडिया के माध्यम से दी गई है, मालुम हो की कल 9 नवंबर को ही वर्षो पुराने अयोध्या मसले पर देश की सर्वोच्च अदालत सुबह 10.30 पर अपना फेसला सुनाएगी।
लखनादौन-अयोध्या मामले में आने वाले फैसले के मददेनजर प्रषासन ने अपनी ओर से शांति बनाये रखने के लिए प्रयास शुरू कर दिये हैं। इससे पूर्व गत गुरूवार को जिला प्रषासन में शांति समिति बैठक में पूरे जिले में धारा 144 लगा दी गई हैं।
इसी कड़ी में सिवनी पुलिस कप्तान कुमार प्रतीक के निर्देष और लखनादौन एसडीओपी अरविन्द श्रीवास्तव के मार्ग दर्षन में लखनादौन नगर निरीक्षक एम डी नागोतिया द्वारा पुलिस थाना प्रागंण में समस्त स्टॉफ को किसी भी घटनाक्रम से निपटने के लिए मॉक ड्रिल कराई। साथ ही समस्त थाना क्षेत्रवासियों से सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिये जाने वाले सुप्रीम निर्णय का सम्मान करते हुये शांति बनाने की अपील की हैं।
अयोध्या (Ayodhya) विवाद मामले में कल यानी शनिवार को सुप्रीम कोर्ट फैसला सुनाएगा. बता दें कि अयोध्या मामले के फैसले के मद्देनजर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों को सतर्क रहने की हिदायत दी है.
अयोध्या विवाद मामले में कल यानी शनिवार को सुबह 10:30 बजे सुप्रीम कोर्ट फैसला सुनाएगा. बता दें कि अयोध्या मामले के फैसले के मद्देनजर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों को सतर्क रहने की हिदायत दी है. गृह मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को एक सामान्य सलाह दी गई है.
अधिकारी ने बताया कि राज्यों को सभी संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त सुरक्षाकर्मी तैनात रखने और यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि देश में कहीं भी कोई अप्रिय घटना न हो.
अधिकारी ने कहा कि मंत्रालय ने कानून व्यवस्था बनाए रखने में राज्य सरकार की सहायता के लिए उत्तर प्रदेश में अर्धसैनिक बलों की 40 कंपनियों (प्रत्येक में लगभग 100 कर्मी) को भी उतारा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को अपने सभी मंत्रियों को अयोध्या फैसले के संबंध में अनावश्यक बयान देने से बचने के लिए भी कहा था.
गृह मंत्रालय ने बुधवार को योगी आदित्यनाथ की अगुवाई वाली उत्तर प्रदेश सरकार को अयोध्या में सभी सुरक्षा तैयारियों को सुनिश्चित करने के लिए आगाह किया था.
अयोध्या को सुरक्षा तैयारियों के साथ किसी भी अप्रिय घटना को विफल करने के लिए एक किले की तरह बदल दिया जाएगा.
आईएएनएस के मुताबिक एक उच्च पदस्थ सूत्र ने बताया कि अयोध्या में एक सार्वजनिक संबोधन प्रणाली (पब्लिक एड्रेस सिस्टम) को भी संचालित करने को कहा गया है.
ऐसी आशंका है कि असामाजिक तत्व लोगों की धार्मिक भावनाओं को भड़का सकते हैं. इसलिए परिपत्र में उप्र सरकार को राज्य में अत्यधिक संवेदनशील क्षेत्रों पर नजर रखने और विशिष्ट स्थानों पर पुलिस बल तैनात करने के निर्देश भी दिए हैं.
सूत्र ने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव राजेंद्र कुमार तिवारी, पुलिस महानिदेशक ओ. पी. सिंह और अन्य विभागों को अंतिम समय में होने वाली गड़बड़ियों से बचने के लिए परिपत्र भेजे गए हैं.
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अयोध्या के विवादित स्थल पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने वाले वाला है. अयोध्या का विवाद पांच सदियों से चला आ रहा है. विवाद तब से है जब से माना जाता है कि बाबर ने मंदिर तुड़वाकर मस्जिद का निर्माण कराया था. आइए ऐसे में जानते हैं अयोध्या का इतिहास और किसने बसाई थी ये धर्मनगरी.
रामायण के अनुसार अयोध्या की स्थापना मनु ने की थी. अयोध्या हिन्दुओं के प्राचीन और सात पवित्र तीर्थस्थलों में से एक है. जिसमें अयोध्या, मथुरा, माया (हरिद्वार), काशी, कांची, अवंतिका (उज्जयिनी) और द्वारका में शामिल किया गया है. माना जाता है भगवान राम का जन्म आयोध्या में ही हुआ था. राम के पिता दशरथ का शासन यहां पर चलता था.
पारंपरिक इतिहास में, अयोध्या कोसल राज्य की प्रारंभिक राजधानी थी. गौतमबुद्ध के समय कोसल के दो भाग हो गए थे- उत्तर कोसल और दक्षिण कोसल जिनके बीच में सरयू नदी बहती थी.
बता दें, बौद्ध काल में ही अयोध्या के निकट एक नई बस्ती बन गई थी जिसका नाम साकेत था. बौद्ध साहित्य में साकेत और अयोध्या दोनों का नाम साथ-साथ भी मिलता है. जिससे दोनों के भिन्न अस्तित्व के बारे में जानकारी मिलती है
रामायण में अयोध्या का उल्लेख कोशल जनपद की राजधानी के रूप में ही किया गया है. पुराणों में इस नगर के संबंध में कोई विशेष उल्लेख नहीं मिलता है. वहीं राम के जन्म के समय यह नगर अवध (वर्तमान में अयोध्या) नाम जाना जाता है.
अयोध्या में ऐसे स्थल पर एक मस्जिद बनवाया गया, जिसे हिंदू अपने आराध्य देव भगवान राम का जन्म स्थान मानते हैं. कहा जाता है कि मुगल राजा बाबर के सेनापति मीर बाकी ने यहां मस्जिद बनवाई थी, जिसे बाबरी मस्जिद के नाम से जाना जाता था. बाबर 1526 में भारत आया. 1528 तक उसका साम्राज्य अवध (वर्तमान अयोध्या) तक पहुंच गया. इसके बाद करीब तीन सदियों तक के इतिहास की जानकरी किसी भी ओपन सोर्स पर मौजूद नहीं है.
अयोध्या और साकेत को माना एक!
अयोध्या और साकेत दोनों नगरों को कई विद्वानों ने एक ही माना है. कालिदास ने भी रघुवंश में दोनों नगरों को एक ही माना है, जिसका समर्थन जैन साहित्य में भी मिलता है. कनिंघम ने भी अयोध्या और साकेत को एक ही नगर से समीकृत किया है. वहीं इसके उलट विभिन्न- विभिन्न विद्वानों ने साकेत को भिन्न-भिन्न स्थानों से समीकृत किया है.
आपको बता दें, बौद्ध ग्रंथों में भी अयोध्या और साकेत को भिन्न-भिन्न नगरों के रूप में प्रस्तुत किया गया है. वहीं वाल्मीकि रामायण में अयोध्या को कोशल की राजधानी बताया गया है जिसके बाद संस्कृत ग्रन्थों में साकेत से मिला दिया गया है.
सिवनी,खबर सत्ता : प्रभारी कलेक्टर एवं अपर कलेक्टर श्रीमती रानी बाटड़ ने जिले की कानून व्यवस्था के मद्देनजर आदेश जारी समस्त शासकीय अधिकारी- कर्मचारियों के अवकाश में प्रतिबंध लगा दिया है।
जारी आदेशानुसार राज्य शासन के समस्त कार्यालय के अधिकारी कर्मचारी का बिना जिला कलेक्टर की अनुमति के अवकाश एवं मुख्यालय के बाहर जाना प्रतिबंधित रहेगा।
विशेष परिस्थितियों में अति आवश्यक होने पर ही अधिकारी -कर्मचारी को कार्यालय प्रमुख के माध्यम से जिला कलेक्टर की अनुमति उपरांत ही अवकाश स्वीकृत हो सकेगा।
सिवनी,खबर सत्ता : पुलिस अधीक्षक कुमार प्रतीक ने जिला सिवनी अंतर्गत थानों में अपहृत बालक/बालिकाओं के पतारसी एवं दर्ज प्रकरणों में अज्ञात आरोपियों की सूचना एवं गिरफ्तारी कराने वाले व्यक्ति एवं पुलिस अधिकारी/ कर्मचारी को नगद 2000 – 2000 रूपये पुरूस्कार से पुरूस्क़ृत करने की घोषणा की है।
अपहृत बालक/बालिका की जानकारी निम्नानुसार है:-
थाना बंडोल ग्राम उमरिया की कु. प्रेमलता उर्फ सीमा पिता तकत राम भलावी उम्र 17 वर्ष, थाना डूंडासिवनी ग्राम बींझावाडा की कु. कनिष्का पिता नरेश यादव उम्र 03 साल, थाना लखनवाडा ग्राम ढेकी की कु.रानू पिता शिवनाथ यादव उम्र 17 साल, थाना छपारा ग्राम खमरिया की कु.सोनम पिता पतिराम उइके उम्र 17 साल 9 माह, थाना धूमा ग्राम धुबिया की कु. रामबती बाई पति श्यामलाल आर्मो उम्र 17 साल 5 माह, थाना धनौरा ग्राम आमानाला की कु. मंगलवती पिता कथकलाल विश्वकर्मा उम्र 16 साल, थाना लखनवाडा ग्राम सकरदा की कु.निकिता पिता राजकुमार सनोडिया उम्र 16 साल, थाना केवलारी ग्राम खैररांजी कु. बुधियाबाई पिता प्रेमसिंग धुर्वे उम्र 16 साल, थाना छपारा ग्राम खापा की कु.विनोदी पिता दशरथ धुर्वे उम्र 17 साल, थाना धनौरा ग्राम थांवरी कु. विंदेश्वरी पिता कल्लू सल्लाम उम्र 16 साल कंचन, थाना घंसौर ग्राम मसूरभावरी की कु. सुशीला पिता रामफल बरकडे उम्र 16 साल 8 माह है।
इसी प्रकार थाना सिवनी भैरोगंज निवासी कु.सोनम पिता शिवलाल कर्वेती उम्र 16 साल, थाना अरी ग्राम बिरहोली निवासी अनुराग पिता राजेन्द्र राउत उम्र 10 साल 02 माह, थाना उगली ग्राम सनाथर की कु.शीतल पिता प्रेमलाल ऊर्फ सुरेन्द्र मरकाम उम्र 08 साल, थाना आदेगांव ग्राम देवरी पुरवा की कु.रंजना पिता सोमनाथ मेहरा उम्र 16 साल, थाना कांहीवाडा ग्राम सेलुआ की कु. गायत्री पिता गिरजानंद पटले उम्र 17 साल, थाना लखनादौन ग्राम गंगई की कु. ज्योति पिता अशोक वंशकार उम्र 15 साल, थाना लखनादौन ग्राम झारिया की कु.सीबू पिता तेजीलाल यादव उम्र 17 साल, थाना लखनादौन वार्ड नं.12 की कु.ज्योति पिता स्व. रामशंकर काछी उम्र 16 साल, थाना कुरई ग्राम भालीवाडा की कु. संस्क़ृति पिता जौहरलाल वाडिवा उम्र 16 साल, थाना कुरई ग्राम आगरी कु. बबीता पिता श्रीराम अडमाचे उम्र 17 साल है।
उक्त के संबंध में जो भी व्यक्ति अपहृत बालक/बालिका की सूचना देगा/ दस्तयाब कराएगा एवं अज्ञात आरोपियों की गिफ्तारी कराएगा उसका नाम गोपनीय रखा जाएगा
सिवनी,खबर सत्ता : आगामी दिनों आने वाले पर्वो एवं अयोध्या मामले के फैसले को लेकर लोक शांति बनाए रखने की दृष्टि से पहले ही जिले में धारा 144 लागू कर दी गई वही किसी प्रकार की घटना को रोकने को लिये जिले में अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात है।
सभी थाना प्रभारियों दवारा अपने अपने इलाको निरंतर जन संवाद किये जाने के साथ आदतन अपराधियो पर भी नजर रखी जा रही है।
आज इसी क्रम में जिला पुलिस अधीक्षक कुमार प्रतीक व अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश खरपुसे के मार्गदर्शन में मुख्यायल के पुलिस मैदान में बलवा ड्रील का अभ्यास किया गया ,जहा लखनादौन एस डी ओ पी सहित अन्य 10 पुलिस अधिकारी सहित लगभग 85 जवानों ने हिस्सा लिया।
सिवनी,खबर सत्ता : मीटर वाचक जब माननीय अधीक्षण अभियंता के कार्यालय में निवेदन करने गए तो उन्होंने कहा कि मेरे पास क्यों आए हो कमलनाथ के पास जाओ साथ ही उन्होंने कहा कि हमें मीटर वाचक की जरूरत नहीं है उसकी जगह हम लेवर रखेंगे.
अधीक्षण अभियंता के तानाशाही रवैया के कारण सिवनी जिले में विगत 19 वर्षों से बिजली विभाग में अपनी सेवाएं देने वाले मीटर वाचक का भविष्य अंधकार में है वही मीटर वाचको ने माननीय मुख्यमंत्री कमलनाथ जी से निवेदन किया है कि हम हमें बेरोजगार होने से बचाए.
सिवनी, खबर सत्ता : सिवनी जिले के थाना घंसौर का मामला इस प्रकार है कि फरियादी पुरूषोत्तम पिता रामलाल बरकडे, निवासी ग्राम तिकरा थाना घंसौर ने पिछले साल गर्मी के महीने में अपनी लड़की को लाने के लिये उसने गांव के आरोपी भागचंद उर्फ पंजी पिता सीलचंद उर्फ सिल्लू यादव उम्र 34 वर्ष, की गाड़ी 407 को 1300 रूपये में ठहराया था। और 500 रूपयें बयाना दिया था। भागचंद को दिया था, जब उसे गाड़ी की जरूरत पड़ी तो आरोपी भागचंद ने उसको गाड़ी नहीं दिया तो फरियादी ने भागचंद से 500 रूपयें बयाना वापस मांगने लगा, तो बयाना देने में हिला हवाला करते रहा।
दिंनाक 6/02/19 को रात 8 बजे आरोपी भागचंद गाड़ी लेकर फरियादी पुरूषोत्तम के घर आया तब उसने उससे अपने 500 रूपये मांगने लगा तो आरोपी भागचंद पैसे नहीं दूंगा बोला, और आरोपी भागचंद के पिता ढीलचंद ने भी बोला पैसा मत देना क्या कर लेगा कहकर फरियादी पुरूषोत्तम पर झूम गया और पटक दिया फिर और भागचंद ने मेरा सिर पकड़कर उसकी गाड़ी पर माथे के बल पटक दिया जिससे मेरे सिर पर दाहिने तरफ चोंट आई मेरा भाई सुखचैन मुझे बचाने आया तो उसे भी हाथ मुक्को से मारा।
जिस पर पुलिस द्वारा मामला कायम कर आरोपियों के विरूद्ध चालान पेश किया गया। जिसकी सुनवाई माननीय श्रीमान रूपेन्द्र मड़ावी, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी लिंक कोर्ट घंसौर की न्यायालय मे की गई, जिसमे शासन की ओर से श्री अनिल माहौरे, सहायक जिला अभियेाजन अधिकारी के द्वारा पैरवी की गई, जिस पर माननीय न्यायालय द्वारा दोनो आरोपीगणो को धारा 323 भा0द0वि में न्यायालय उठने की सजा एंव प्रत्येक को 1000-1000 रूपये के अथर्दण्ड से दंडित किया गया।