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MP में 373 पदों पर बंपर भर्ती: नर्स, फार्मासिस्ट और पैरामेडिकल स्टाफ के लिए सुनहरा मौका, 15 अप्रैल से होगी परीक्षा!

मध्य प्रदेश में स्वास्थ्य क्षेत्र में नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खबर सामने आई है। मध्य प्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (MPESB) ने Group-5 Combined Recruitment Exam 2026 के तहत स्टाफ नर्स, फार्मासिस्ट और कई पैरामेडिकल पदों पर 373 भर्तियों की घोषणा की है।

इस भर्ती के जरिए राज्य के सरकारी मेडिकल कॉलेजों, अस्पतालों और विभागीय संस्थानों में योग्य उम्मीदवारों की नियुक्ति की जाएगी। आवेदन प्रक्रिया 16 मार्च 2026 से शुरू हो चुकी है, जबकि इच्छुक अभ्यर्थी 30 मार्च 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

यह भर्ती उन उम्मीदवारों के लिए बड़ा अवसर मानी जा रही है जो मेडिकल और पैरामेडिकल क्षेत्र में सरकारी नौकरी पाना चाहते हैं।

MPESB Group-5 भर्ती 2026: किन पदों पर होगी भर्ती?

MPESB द्वारा आयोजित Group-5 संयुक्त भर्ती परीक्षा के माध्यम से कई तकनीकी और पैरामेडिकल पदों को भरा जाएगा। इनमें प्रमुख पद शामिल हैं:

  • स्टाफ नर्स (Staff Nurse)
  • फार्मासिस्ट (Pharmacist)
  • लैब अटेंडेंट (Lab Attendant)
  • डेंटल टेक्नीशियन (Dental Technician)
  • रेडियोग्राफर (Radiographer)
  • डायलिसिस टेक्नीशियन (Dialysis Technician)
  • एनेस्थीसिया टेक्नीशियन (Anaesthesia Technician)
  • लैब टेक्नीशियन (Lab Technician)
  • टेक्निकल असिस्टेंट (Technical Assistant)
  • अन्य पैरामेडिकल और तकनीकी पद

इन सभी पदों पर भर्ती राज्य के विभिन्न सरकारी मेडिकल कॉलेजों और स्वास्थ्य विभाग के संस्थानों में की जाएगी।

श्रेणीवार रिक्त पदों का विवरण

MPESB द्वारा जारी जानकारी के अनुसार कुल 373 पदों को अलग-अलग श्रेणियों में बांटा गया है:

  • अनारक्षित (UR): 139 पद
  • EWS: 34 पद
  • SC: 39 पद
  • ST: 69 पद
  • OBC: 92 पद

यह भर्ती राज्य के विभिन्न वर्गों के उम्मीदवारों को सरकारी नौकरी पाने का अवसर देगी।

महत्वपूर्ण तिथियां (Important Dates)

उम्मीदवारों के लिए जरूरी तारीखें इस प्रकार हैं:

  • आवेदन शुरू: 16 मार्च 2026
  • आवेदन की अंतिम तिथि: 30 मार्च 2026
  • आवेदन में सुधार की अंतिम तिथि: 4 अप्रैल 2026
  • ऑनलाइन परीक्षा शुरू: 15 अप्रैल 2026

उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे अंतिम तिथि से पहले आवेदन प्रक्रिया पूरी कर लें।

परीक्षा पैटर्न: 100 अंकों की होगी ऑनलाइन परीक्षा

MPESB Group-5 भर्ती परीक्षा ऑनलाइन मोड में आयोजित की जाएगी और कुल 100 अंकों की होगी। प्रश्नपत्र दो मुख्य भागों में विभाजित रहेगा।

सामान्य विषय (General Subjects) – 25 अंक

इस सेक्शन में निम्न विषयों से प्रश्न पूछे जाएंगे:

  • सामान्य ज्ञान
  • सामान्य हिंदी
  • सामान्य अंग्रेजी
  • गणित
  • सामान्य विज्ञान
  • सामान्य अभिरुचि (General Aptitude)

2️⃣ तकनीकी विषय (Technical Subjects) – 75 अंक

इस भाग में संबंधित पद के अनुसार तकनीकी ज्ञान से जुड़े प्रश्न पूछे जाएंगे।

NEP स्केलिंग से तैयार होगा रिजल्ट

परीक्षा का परिणाम Normalised Equi-Percentile (NEP) स्केलिंग मेथड के आधार पर तैयार किया जाएगा।
इस पद्धति का उपयोग अलग-अलग शिफ्ट में होने वाली परीक्षा के कठिनाई स्तर को संतुलित करने के लिए किया जाता है।

चयन प्रक्रिया (Selection Process)

MPESB Group-5 भर्ती में चयन की प्रक्रिया इस प्रकार होगी:

  1. ऑनलाइन लिखित परीक्षा
  2. दस्तावेज सत्यापन (Document Verification)
  3. शैक्षणिक योग्यता की जांच
  4. विभागीय नियमों के अनुसार अंतिम मेरिट सूची

सभी चरणों को पूरा करने वाले उम्मीदवारों को अंतिम चयन सूची में शामिल किया जाएगा।

पात्रता मानदंड (Eligibility Criteria)

इस भर्ती में आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों को निम्न शर्तें पूरी करनी होंगी:

  • 12वीं कक्षा (PCB – Physics, Chemistry, Biology) से पास होना आवश्यक
  • संबंधित क्षेत्र में डिग्री, डिप्लोमा या प्रमाणपत्र होना चाहिए

कुछ पदों के लिए संबंधित परिषद में पंजीकरण अनिवार्य है।

उदाहरण के लिए:
फार्मासिस्ट पद के लिए उम्मीदवार के पास फार्मेसी में डिग्री या डिप्लोमा और मध्य प्रदेश फार्मेसी काउंसिल में रजिस्ट्रेशन होना जरूरी है।

उम्मीदवारों के लिए महत्वपूर्ण सलाह

  • आवेदन करते समय सभी दस्तावेज सही तरीके से अपलोड करें।
  • अंतिम तिथि से पहले आवेदन पूरा करें ताकि तकनीकी समस्या से बचा जा सके।
  • परीक्षा की तैयारी के लिए सामान्य विषय और तकनीकी विषय दोनों पर ध्यान दें।

MPESB Group-5 Recruitment 2026 मध्य प्रदेश के युवाओं के लिए स्वास्थ्य क्षेत्र में सरकारी नौकरी पाने का बड़ा अवसर है।

373 पदों पर होने वाली इस भर्ती में स्टाफ नर्स, फार्मासिस्ट और कई पैरामेडिकल पद शामिल हैं, जिससे हजारों उम्मीदवारों को सरकारी सेवा में आने का मौका मिलेगा।

अगर आप मेडिकल या पैरामेडिकल क्षेत्र से जुड़े हैं, तो यह भर्ती आपके करियर के लिए एक सुनहरा अवसर साबित हो सकती है।

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19 मार्च से शुरू हो रहा है Chaitra Navratri 2026: अष्टमी और राम नवमी एक ही दिन, जानिए घटस्थापना मुहूर्त, 9 देवियों का पूरा कैलेंडर और सबसे शक्तिशाली 48 मिनट!

Chaitra Navratri 2026: 19 मार्च से शुरू हो रहा चैत्र नवरात्रि, जानिए घटस्थापना मुहूर्त, 9 देवियों का पूरा कैलेंडर और राम नवमी का शुभ समय . Chaitra Navratri 2026 हिंदू धर्म का एक अत्यंत पवित्र और आध्यात्मिक पर्व है, जो गुरुवार 19 मार्च 2026 से शुरू होकर शुक्रवार 27 मार्च 2026 तक मनाया जाएगा। यह नौ दिनों का पर्व मां दुर्गा के नौ स्वरूपों (नवदुर्गा) की आराधना के लिए समर्पित होता है।

इस बार का चैत्र नवरात्रि कई कारणों से विशेष और अत्यंत शुभ माना जा रहा है। सबसे बड़ा संयोग यह है कि Durga Ashtami और Ram Navami दोनों 26 मार्च 2026 को एक ही दिन पड़ रहे हैं। इसके अलावा उसी दिन Sandhi Puja का दुर्लभ 48 मिनट का शुभ समय भी होगा, जिसे पूरे नवरात्रि का सबसे शक्तिशाली समय माना जाता है।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नवरात्रि के पहले दिन कलश स्थापना (घटस्थापना) करके माता दुर्गा का आह्वान किया जाता है और पूरे नौ दिन व्रत, पूजा, मंत्र जाप और भक्ति के माध्यम से देवी की आराधना की जाती है।

Chaitra Navratri 2026: महत्वपूर्ण तिथियां और शुभ मुहूर्त

इस वर्ष नवरात्रि की शुरुआत प्रातः 6:52 बजे 19 मार्च 2026 से होगी और 27 मार्च 2026 को सुबह 10:06 बजे तक नवमी तिथि रहेगी।

मुख्य मुहूर्त और समय

  • घटस्थापना मुहूर्त: 19 मार्च 2026, सुबह 6:52 AM – 7:43 AM
  • अभिजीत मुहूर्त: 12:05 PM – 12:53 PM
  • प्रतिपदा तिथि प्रारंभ: 19 मार्च, 6:52 AM
  • प्रतिपदा समाप्त: 20 मार्च, 4:52 AM

विशेष धार्मिक समय

  • Sandhi Puja: 26 मार्च 2026, 11:24 AM – 12:12 PM
  • Ram Janm Muhurat: 26 मार्च 2026, 11:13 AM – 1:41 PM
  • भगवान राम का जन्म क्षण: 12:27 PM
  • Navratri Parana (व्रत समाप्त): 27 मार्च 2026, 10:06 AM के बाद

विशेषज्ञों के अनुसार, 26 मार्च 2026 का दिन पूरे नवरात्रि का सबसे शुभ दिन माना जा रहा है, क्योंकि इसी दिन Durga Ashtami, Sandhi Puja और Ram Navami का दुर्लभ संयोग बन रहा है।

क्या है चैत्र नवरात्रि का महत्व?

चैत्र नवरात्रि हिंदू पंचांग के अनुसार चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा से शुरू होता है। यही दिन हिंदू नववर्ष विक्रम संवत 2083 की शुरुआत भी माना जाता है।

इस पर्व को वसंत नवरात्रि या राम नवरात्रि भी कहा जाता है क्योंकि इसी समय भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव (राम नवमी) भी मनाया जाता है।

नवरात्रि का अर्थ है नौ रातें — इन नौ दिनों में देवी दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा करके शक्ति, समृद्धि और आध्यात्मिक ऊर्जा की प्राप्ति की जाती है।

Chaitra Navratri 2026: 9 दिनों में किस देवी की पूजा होती है

नवरात्रि के प्रत्येक दिन मां दुर्गा के अलग-अलग स्वरूप की पूजा की जाती है।

तिथिदेवी का स्वरूप
19 मार्चमां शैलपुत्री
20 मार्चमां ब्रह्मचारिणी
21 मार्चमां चंद्रघंटा
22 मार्चमां कूष्मांडा
23 मार्चमां स्कंदमाता
24 मार्चमां कात्यायनी
25 मार्चमां कालरात्रि
26 मार्चमां महागौरी
27 मार्चमां सिद्धिदात्री

धार्मिक मान्यता है कि इन नौ दिनों में देवी के प्रत्येक रूप की पूजा करने से जीवन के सभी संकट दूर होते हैं और भक्तों को सुख-समृद्धि प्राप्त होती है।

26 मार्च 2026: क्यों है सबसे खास दिन?

26 मार्च 2026 को एक दुर्लभ संयोग बन रहा है। इस दिन:

  • Durga Ashtami
  • Ram Navami
  • Sandhi Puja
  • Annapurna Ashtami

चार महत्वपूर्ण धार्मिक घटनाएं एक साथ पड़ रही हैं।

पौराणिक मान्यता के अनुसार, इसी समय मां दुर्गा ने चंड और मुंड नामक असुरों का वध किया था। इसलिए Sandhi Puja के 48 मिनट को अत्यंत शक्तिशाली माना जाता है।

इस दिन विशेष रूप से कन्या पूजन, हवन, दुर्गा सप्तशती पाठ और राम जन्म उत्सव किया जाता है।

घटस्थापना (Kalash Sthapana) क्यों है महत्वपूर्ण

नवरात्रि की शुरुआत कलश स्थापना से होती है। इसे पूरे पर्व की सबसे महत्वपूर्ण धार्मिक प्रक्रिया माना जाता है।

कलश स्थापना के दौरान एक पवित्र पात्र में जल भरकर उसमें आम के पत्ते और नारियल रखे जाते हैं, जो देवी शक्ति के आगमन का प्रतीक है।

घटस्थापना के मुख्य नियम

  • पूजा पूर्व घर और पूजा स्थान की सफाई करें
  • पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके पूजा करें
  • मिट्टी में जौ बोए जाते हैं
  • अखंड ज्योति जलाना शुभ माना जाता है

Sandhi Puja: नवरात्रि का सबसे शक्तिशाली समय

Sandhi Puja को नवरात्रि का सबसे पवित्र समय माना जाता है। यह अष्टमी और नवमी के संधिकाल में किया जाता है।

2026 Sandhi Puja Timing

26 मार्च 2026 — 11:24 AM से 12:12 PM

इस समय भक्त:

  • 108 दीपक जलाते हैं
  • 108 पुष्प अर्पित करते हैं
  • दुर्गा सप्तशती का पाठ करते हैं

धार्मिक मान्यता है कि इस समय की गई प्रार्थना और साधना कई गुना अधिक फल देती है।

नवरात्रि व्रत के नियम

नवरात्रि के दौरान भक्त नौ दिन तक व्रत रखते हैं और सात्विक भोजन करते हैं।

व्रत में खाए जाने वाले भोजन

  • फल और दूध
  • साबूदाना
  • कुट्टू का आटा
  • सिंघाड़ा आटा
  • मखाना
  • आलू और शकरकंद

जिन चीजों से परहेज किया जाता है

  • प्याज और लहसुन
  • मांसाहार
  • शराब और तंबाकू
  • गेहूं और सामान्य नमक

चैत्र नवरात्रि का आध्यात्मिक महत्व

चैत्र नवरात्रि केवल धार्मिक पर्व नहीं बल्कि आध्यात्मिक ऊर्जा, आत्मशुद्धि और नए आरंभ का प्रतीक है।

यह समय:

  • नए कार्य शुरू करने
  • साधना और ध्यान करने
  • सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त करने
  • जीवन में नई शुरुआत करने

के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है।

Chaitra Navratri 2026 इस वर्ष कई अद्भुत और दुर्लभ संयोगों के साथ आ रहा है। 19 मार्च से शुरू होकर 27 मार्च तक चलने वाले इस पर्व में 26 मार्च का दिन सबसे महत्वपूर्ण रहेगा, क्योंकि इस दिन Durga Ashtami, Sandhi Puja और Ram Navami एक साथ मनाए जाएंगे।

भक्तों के लिए यह समय आध्यात्मिक साधना, शक्ति की उपासना और नए वर्ष की सकारात्मक शुरुआत का सर्वोत्तम अवसर है।

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Seoni Train Accident: सिवनी में बड़ा रेल हादसा टला! नैनपुर-खैररांजी के बीच पटरी से उतरी शहडोल-नागपुर एक्सप्रेस

Seoni Train Accident: सिवनी। मध्यप्रदेश के सिवनी जिले में गुरुवार दोपहर एक बड़ा रेल हादसा होते-होते टल गया, जब शहडोल-नागपुर एक्सप्रेस के कुछ पहिये अचानक पटरी से उतर गए। यह घटना दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के नैनपुर-खैररांजी सेक्शन के बीच लगभग दोपहर 12:30 बजे हुई। अचानक लगे तेज झटके से ट्रेन में सवार यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई, हालांकि राहत की बात यह रही कि किसी भी यात्री के घायल होने या जनहानि की कोई सूचना नहीं है।

अचानक झटके से सहमे यात्री

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, ट्रेन जैसे ही नैनपुर से आगे बढ़ी, कुछ दूरी पर अचानक जोरदार झटका लगा। कई यात्री सीटों से उछल गए और डिब्बों में हलचल मच गई। कुछ देर तक लोग समझ ही नहीं पाए कि आखिर हुआ क्या है। बाद में जब जानकारी मिली कि ट्रेन के पहिये पटरी से उतर गए हैं, तो यात्रियों में दहशत का माहौल बन गया।

घटना स्थल पर पहुंची रेलवे टीम

घटना की सूचना मिलते ही रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी और तकनीकी टीम तुरंत मौके के लिए रवाना हो गई। अधिकारियों के अनुसार, स्थिति को नियंत्रित करने और ट्रेन को दोबारा पटरी पर लाने का कार्य युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया गया है। साथ ही, मार्ग को जल्द से जल्द सुचारू करने के प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि अन्य ट्रेनों के संचालन पर असर कम से कम पड़े।

तकनीकी जांच के बाद ही चलेगी ट्रेन

रेलवे सूत्रों के मुताबिक, शुरुआती जांच में तकनीकी कारणों की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, विस्तृत जांच के बाद ही वास्तविक कारण सामने आएगा। सुरक्षा के मद्देनजर ट्रेन को आगे बढ़ाने से पहले पूरी लाइन और डिब्बों की बारीकी से जांच की जा रही है।

बड़ा हादसा टलने से राहत

इस घटना में किसी भी यात्री के घायल न होने से सभी ने राहत की सांस ली। यात्रियों का कहना है कि यदि ट्रेन तेज गति में होती, तो हादसा गंभीर हो सकता था।

प्रशासन ने यात्रियों से की अपील

रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से शांति बनाए रखने और आधिकारिक सूचना पर ही भरोसा करने की अपील की है। साथ ही यह भी कहा गया है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और हर संभव कदम उठाए जा रहे हैं।

सिवनी: रात के अंधेरे में गौवंश ठूंसकर नागपुर कत्लखाने ले जा रहा था ट्रक! सिवनी पुलिस ने फिल्मी अंदाज़ में पकड़े तस्कर

सिवनी। जिले में गौ-वंश तस्करी के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए कोतवाली पुलिस ने एक बड़ी और साहसिक कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने 1 फरवरी 2026 की रात नागपुर के कत्लखाने ले जाए जा रहे 39 गौवंश को मुक्त कराते हुए फरार चल रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। एक अन्य आरोपी की तलाश अब भी जारी है। इस पूरी कार्रवाई ने जिले में गौ-वंश तस्करी के नेटवर्क पर बड़ा प्रहार किया है।

1 फरवरी की रात: मुखबिर की सूचना पर हुई घेराबंदी

पुलिस अधीक्षक सुनील मेहता के निर्देश पर जिले में गौवंश तस्करी और अवैध परिवहन के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दीपक मिश्रा और एसडीओपी सचिन परते के मार्गदर्शन में कोतवाली थाना प्रभारी सतीश तिवारी के नेतृत्व में टीम सक्रिय थी।

दिनांक 01/02/2026 की रात्रि गश्त के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि बंडोल की ओर से एक 12 चक्का ट्रक में गौवंश को क्रूरतापूर्वक ठूंस-ठूंसकर भरकर नागपुर स्थित कत्लखाने ले जाया जा रहा है।

सिमरिया पुलिया से शुरू हुआ फिल्मी पीछा

सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस ने ग्राम सिमरिया पुलिया के पास नाकाबंदी की। जैसे ही संदिग्ध कंटेनर (क्रमांक MP09HG3058) दिखाई दिया, पुलिस ने उसका पीछा शुरू किया। पुलिस को देखकर ट्रक चालक और उसके साथी घबरा गए।

आरोपियों ने एक गौवंश को रास्ते में छोड़कर ट्रक को तेज रफ्तार में नरेला से पुसेरा होते हुए अमरवाड़ा रोड की ओर भगा दिया।

निकटवर्ती थाना लखनवाड़ा और चौरई पुलिस की मदद से ट्रक का पीछा जारी रखा गया और आखिरकार छिंदवाड़ा रोड, ग्राम समसवाड़ा (थाना चौरई) के पास आरोपी ट्रक खड़ा कर अंधेरे का फायदा उठाकर खेतों की ओर भाग निकले।

ट्रक से बरामद हुए 39 गौवंश, क्रूरता की हद पार

जब पुलिस ने ट्रक की तलाशी ली तो अंदर का दृश्य दिल दहला देने वाला था। कुल 38 गौवंश ट्रक के डाले में गर्दन, मुंह और पैरों को रस्सियों से बेरहमी से बांधकर ठूंसे हुए मिले। इसके अलावा एक गौवंश को रास्ते में छोड़ा गया था, जिससे कुल संख्या 39 हो गई।

पुलिस ने मौके पर विधिवत कार्रवाई करते हुए सभी गौवंश को मुक्त कराया और ट्रक को जब्त कर लिया।

फरार आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजे गए

प्रकरण की विवेचना के दौरान कोतवाली पुलिस ने फरार आरोपियों की तलाश तेज की। 21 फरवरी 2026 को दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।

गिरफ्तार आरोपी:

  1. मो. साजिद खान (40 वर्ष), निवासी संजय वार्ड, सिवनी
  2. महेन्द्र बारापात्रे (34 वर्ष), निवासी विनोबा भावे नगर, नागपुर (महाराष्ट्र)

तीसरे आरोपी समद खान की तलाश अभी भी जारी है।

जब्त संपत्ति

  • 🚛 कंटेनर क्रमांक MP09HG3058 (कीमत लगभग ₹10,00,000)
  • 🐄 39 गौवंश (कीमत लगभग ₹4,60,000)

इन पुलिसकर्मियों की रही सराहनीय भूमिका

इस सफल कार्रवाई में निरीक्षक सतीश तिवारी के साथ सउनि जयदीप सेंगर, प्र.आर. मुकेश गोडाने, मनोज पाल, आरक्षक सिद्धार्थ दुबे, प्रदीप चौधरी, सुधीर डहेरिया, मुकेश चौरिया, सौरभ ठाकुर, विसराम धुर्वे, इरफान, सतीश इनवाती और प्रतीक बघेल की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

गौ-वंश तस्करी पर सख्त संदेश

जिला पुलिस का स्पष्ट संदेश है कि गौवंश तस्करी और अवैध परिवहन किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। लगातार कार्रवाई से तस्करों के नेटवर्क पर शिकंजा कसता जा रहा है।

सिवनी पुलिस की इस कार्रवाई से न केवल 39 गौवंश की जान बची, बल्कि तस्करी के अवैध कारोबार में शामिल लोगों को कड़ा संदेश भी गया है।

सिवनी की बेटी ने रचा इतिहास! धनुश्री चौहान बनीं फेमिना मिस इंडिया एमपी 2026

Dhanushree Chauhan Miss India MP। मध्यप्रदेश के सिवनी जिले की प्रतिभाशाली बेटी धनुश्री चौहान (Dhanushree Chauhan) ने पूरे प्रदेश का नाम रोशन करते हुए फेमिना मिस इंडिया मध्य प्रदेश 2026 का खिताब अपने नाम कर लिया है। जैसे ही मंच पर उनका नाम विजेता के रूप में घोषित हुआ, तालियों की गड़गड़ाहट और उत्साह के बीच उनका आत्मविश्वास से भरा चेहरा पूरे प्रदेश के लिए गर्व का प्रतीक बन गया।

धनुश्री को यह ताज वर्तमान निकिता पोरवाल द्वारा पहनाया गया। इस ऐतिहासिक क्षण के साथ ही धनुश्री ने “मिस ब्यूटीफुल स्माइल” का विशेष खिताब भी अपने नाम किया।

डर को हराओ, खुद पर विश्वास करो” – धनुश्री का प्रेरक संदेश

विजेता बनने के बाद अपने संबोधन में धनुश्री ने कहा—

“अगर मुझे समाज का सिर्फ एक माइंडसेट बदलने की ताकत मिले, तो मैं हमारे देश के युवाओं की सोच बदलना चाहूंगी। स्वामी विवेकानंद जी ने कहा था – ‘All power is within you…’ मैं युवाओं के मन से वह डर हटाना चाहती हूं, जो उन्हें अपने सपनों को हासिल करने से रोकता है। उन्हें खुद पर विश्वास करना होगा।”

उनका यह संदेश सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और युवाओं के लिए एक नई प्रेरणा बन चुका है।

अब राष्ट्रीय मंच पर मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व

फेमिना मिस इंडिया एमपी 2026 का ताज जीतने के बाद अब धनुश्री राष्ट्रीय स्तर पर होने वाली Femina Miss India प्रतियोगिता में मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व करेंगी।

प्रदेशवासियों को उम्मीद है कि धनुश्री राष्ट्रीय मंच पर भी अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व से देशभर में पहचान बनाएंगी।

पढ़ाई में भी अव्वल, सपनों में भी ऊंची उड़ान

धनुश्री चौहान सिर्फ सौंदर्य प्रतियोगिता की विजेता ही नहीं, बल्कि शैक्षणिक क्षेत्र में भी उत्कृष्ट उपलब्धियां रखती हैं।

  • बारहवीं कक्षा में सिवनी जिले में टॉप कर चुकी हैं।
  • वर्तमान में भोपाल के प्रतिष्ठित National Law Institute University (NLIU) में अध्ययनरत हैं।
  • बचपन से मेधावी और आत्मविश्वासी व्यक्तित्व की धनी रही हैं।

उनकी सफलता यह साबित करती है कि ब्यूटी और ब्रेन का बेहतरीन संगम ही असली पहचान बनाता है।

परिवार और सिवनी के लिए गर्व का क्षण

धनुश्री सिवनी के प्रतिष्ठित व्यवसायी राजेश सिंह चौहान और सामाजिक संस्था “गूंज संस्थान” की अध्यक्ष मनीषा चौहान की सुपुत्री हैं. उनकी इस उपलब्धि से न केवल परिवार बल्कि पूरा सिवनी जिला गौरवान्वित महसूस कर रहा है। शहर में खुशी का माहौल है और सोशल मीडिया पर बधाइयों का तांता लगा हुआ है।

युवाओं के लिए मिसाल बनीं धनुश्री

आज के दौर में जहां युवा अक्सर असफलता के डर से अपने सपनों को अधूरा छोड़ देते हैं, वहां धनुश्री चौहान की कहानी उन्हें यह सिखाती है कि—

  • डर को छोड़ो, सपनों का पीछा करो।
  • खुद पर विश्वास रखो, मंज़िल खुद करीब आएगी।
  • शिक्षा और आत्मविश्वास ही असली ताकत है।

धनुश्री की सफलता यह संदेश देती है कि छोटे शहरों से भी बड़े सपने पूरे किए जा सकते हैं।

सिवनी की बेटी धनुश्री चौहान ने यह साबित कर दिया है कि मेहनत, लगन और आत्मविश्वास के दम पर किसी भी मंच पर जीत हासिल की जा सकती है। अब पूरे मध्यप्रदेश की निगाहें राष्ट्रीय मंच पर हैं, जहां धनुश्री प्रदेश का प्रतिनिधित्व करते हुए नया इतिहास रचने की तैयारी में हैं।

इतिहास रचने वाली सिवनी की बेटी सेंसेई राधिका कश्यप: MP की पहली महिला बनीं WKF जज, दुबई में लहराया परचम

सिवनी (मध्यप्रदेश)। मध्यप्रदेश की खेल प्रतिभाओं में एक और ऐतिहासिक अध्याय जुड़ गया है। सिवनी की बेटी सेंसेई राधिका ओमकार कश्यप ने वह उपलब्धि हासिल कर ली है, जो अब तक प्रदेश की किसी भी महिला को नहीं मिली थी। उन्होंने World Karate Federation (WKF) की प्रतिष्ठित जज उपाधि प्राप्त कर इतिहास रच दिया है। वह मध्यप्रदेश की पहली महिला हैं जिन्होंने यह अंतरराष्ट्रीय सम्मान हासिल किया है।

दुबई (फुजिराह) में पास की अंतरराष्ट्रीय परीक्षा

7 से 11 फरवरी 2026 के बीच फुजिराह (दुबई) में आयोजित वर्ल्ड कराटे फेडरेशन की कड़ी परीक्षा में सेंसेई राधिका कश्यप ने सफलता हासिल की। उन्होंने WKF कुमिते जज-B की परीक्षा उत्तीर्ण कर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई।

यह परीक्षा विश्व स्तर पर बेहद चुनौतीपूर्ण मानी जाती है, जिसमें तकनीकी ज्ञान, नियमों की गहरी समझ और निर्णायक क्षमता की सटीक परख की जाती है। राधिका ने इन सभी मानकों पर खरा उतरते हुए यह उपलब्धि अपने नाम की।

कराटे इंडिया ऑर्गेनाइजेशन के मार्गदर्शन में मिली सफलता

सेंसेई राधिका कश्यप को यह सफलता Karate India Organization (KIO) के मार्गदर्शन में मिली।

इस उपलब्धि में निम्न वरिष्ठ पदाधिकारियों का विशेष मार्गदर्शन रहा:

  • हंशी भारत शर्मा (अध्यक्ष, KIO)
  • कियोशी संजीव जांगड़ा (सचिव)
  • शिहान महेश कुशवाहा (सचिव, मध्यप्रदेश)
  • शिहान राजेन्द्र तोमर (अध्यक्ष, मध्यप्रदेश)
  • शिहान अनूप डेथे (KIO रेफरी कमीशन सदस्य)

इन सभी के मार्गदर्शन और प्रशिक्षण ने राधिका को अंतरराष्ट्रीय मंच पर सफलता दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

पिता ने जताया गर्व

सेंसेई राधिका कश्यप के पिता शिहान ओमकार कश्यप ने भावुक होते हुए कहा,

“राधिका ने अपना पूरा जीवन कराटे को समर्पित कर दिया है। यह केवल हमारे परिवार के लिए नहीं, बल्कि सिवनी जिला और पूरे मध्यप्रदेश के लिए गर्व का क्षण है।”

उनकी इस उपलब्धि ने न केवल परिवार, बल्कि पूरे जिले को गौरवान्वित किया है।

जिला कराटे संघ सिवनी की प्रशिक्षिका

सेंसेई राधिका कश्यप वर्तमान में जिला कराटे संघ सिवनी की प्रशिक्षिका हैं। उनके मार्गदर्शन में कई खिलाड़ी राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर चुके हैं। अब उनकी अंतरराष्ट्रीय जज की उपाधि से जिले के खिलाड़ियों को और अधिक प्रेरणा मिलेगी।

खेल विशेषज्ञों का मानना है कि यह उपलब्धि सिवनी जिले के खेल इतिहास में मील का पत्थर साबित होगी।

जनप्रतिनिधियों और गणमान्य नागरिकों ने दी बधाई

इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और समाजसेवियों ने हार्दिक शुभकामनाएं दीं।

बधाई देने वालों में प्रमुख रूप से शामिल रहे:

  • Dinesh Rai Munmun (विधायक, सिवनी)
  • डॉ. सुनील अग्रवाल (संचालक, जिंदल हॉस्पिटल सिवनी)
  • अंकित मालू (संचालक, माउंट लिटरा ज़ी स्कूल)
  • श्रीमती मकसूदा मिर्जा (पूर्व संभागीय अधिकारी, खेल एवं युवा कल्याण विभाग)
  • श्रीमती मनु धुर्वे (जिला खेल एवं युवा कल्याण अधिकारी)
  • नरेश सिंह राजपूत (संचालक, गुरुकुल पब्लिक स्कूल बरघाट)
  • श्रीमती वंदना नैय्यर तिवारी (संचालक, मॉडर्न हायर सेकेंडरी स्कूल)
  • डॉ. गुरु नंदन शिद्दु (संचालक, शिद्दु हॉस्पिटल)
  • महंत श्री हरि मुकुंद गिरी बाबा जी
  • खेल प्रतिनिधि, अधिवक्ता एवं जिले के खेल प्रेमी

सभी ने सेंसेई राधिका कश्यप के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

क्यों है यह उपलब्धि खास?

  • ✅ मध्यप्रदेश की पहली महिला WKF जज
  • ✅ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कराटे कुमिते जज-B उपाधि
  • ✅ सिवनी जिले का नाम विश्व मंच पर रोशन
  • ✅ महिला खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्रोत

विशेषज्ञों का कहना है कि यह उपलब्धि प्रदेश में महिला खेल प्रतिभाओं के लिए नई राह खोलेगी।

सिवनी की बेटी सेंसेई राधिका कश्यप ने यह साबित कर दिया है कि लगन, अनुशासन और समर्पण से अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी सफलता हासिल की जा सकती है। उनकी यह उपलब्धि न केवल व्यक्तिगत विजय है, बल्कि पूरे मध्यप्रदेश के लिए गर्व का विषय है।

अब प्रदेश की अन्य बेटियां भी उनसे प्रेरणा लेकर खेल के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छूने का सपना देख सकती हैं।

सिवनी में 6000 की रिश्वत लेते रिश्वतखोर पटवारी गिरफ्तार; जबलपुर लोकायुक की कार्यवाई, दफ्तर से ही पकड़ा गया महेंद्र बिसेन

मध्यप्रदेश में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लोकायुक्त जबलपुर की टीम ने सिवनी जिले के बरघाट तहसील अंतर्गत धपारा में पदस्थ एक पटवारी को ₹6000 की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।

यह कार्रवाई पुलिस महानिदेशक लोकायुक्त योगेश देशमुख के सख्त निर्देशों के बाद की गई, जिससे जिले के राजस्व विभाग में हड़कंप मच गया है।

कौन है आरोपी?

  • नाम: महेंद्र बिसेन
  • पद: पटवारी (हल्का नं. 81, 82)
  • स्थान: राजस्व निरीक्षक मंडल, धपारा, बरघाट, सिवनी
  • उम्र: 51 वर्ष

आरोप है कि पटवारी ने सीमांकन के बाद पावती देने के बदले रिश्वत की मांग की थी।

क्या है पूरा मामला?

आवेदक भगतराम खरे, निवासी बोरीखुर्द, ने लोकायुक्त कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई थी कि उनकी पत्नी बैगीन बाई खरे को उनकी माता द्वारा खसरा नंबर 627 में से 1/5 हिस्से की जमीन दी गई थी।

सीमांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद पटवारी द्वारा काम पूरा करने और पावती जारी करने के बदले ₹6000 की रिश्वत मांगी गई।

शिकायत की पुष्टि होते ही लोकायुक्त टीम ने जाल बिछाया।

कैसे हुई ट्रैप कार्रवाई?

12 फरवरी 2026 को आवेदक को रिश्वत की रकम देकर पटवारी के कार्यालय भेजा गया।

जैसे ही पटवारी ने पैसे स्वीकार किए —

  • 👉 लोकायुक्त टीम ने तुरंत छापा मारकर उसे रंगे हाथों पकड़ लिया।
  • 👉 रिश्वत की राशि मौके से जब्त कर ली गई।

ट्रैप दल में शामिल अधिकारी

  • निरीक्षक जितेंद्र यादव (ट्रैप कर्ता)
  • निरीक्षक बृजमोहन सिंह नरवरिया
  • लोकायुक्त जबलपुर की विशेष टीम

कानूनी कार्रवाई

आरोपी के खिलाफ:

  • ✔️ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधन 2018)
  • ✔️ धारा 7
  • ✔️ धारा 13(1)B
  • ✔️ धारा 13(2)

के तहत मामला दर्ज कर आगे की विवेचना की जा रही है।

राजस्व विभाग में मचा हड़कंप

इस कार्रवाई के बाद जिले के राजस्व विभाग में खलबली मच गई है। आम जनता का कहना है कि छोटी रकम के लिए भी अधिकारियों द्वारा रिश्वत मांगना आम हो चुका है, लेकिन लोकायुक्त की ऐसी कार्रवाई से भ्रष्टाचारियों में डर पैदा होगा।

जनता के लिए संदेश

लोकायुक्त अधिकारियों ने कहा —

👉 “यदि कोई भी अधिकारी रिश्वत मांगता है, तुरंत शिकायत करें। आपकी पहचान गोपनीय रखी जाएगी।”

यह कार्रवाई साफ संदेश देती है कि भ्रष्टाचार करने वालों की अब खैर नहीं। चाहे रकम छोटी हो या बड़ी, कानून सबके लिए समान है। लोकायुक्त की तत्परता से आम नागरिकों का भरोसा बढ़ा है।

SEONI के BARGHAT में शिक्षा के मंदिर में ‘आइटम डांस’ का मंच! चिकनी चमेली पर थिरका चेतना पैरामेडिकल कॉलेज; BJP के संस्कारों के आइटम शो का वीडियो वायरल

बरघाट, सिवनी – शिक्षा के मंदिर में ‘आइटम डांस’ का मंच! बरघाट (जिला सिवनी) में स्थित चेतना पैरामेडिकल इंस्टिट्यूट इन दिनों चर्चा के केंद्र में है। वजह है – शिक्षा और संस्कार की बात करने वाले इस संस्थान में आयोजित एक कार्यक्रम, जहाँ स्वागत और विदाई समारोह ‘संस्कृति उत्सव’ कम और ‘आइटम सॉन्ग शो’ ज्यादा नजर आया

कार्यक्रम में छात्र-छात्राएँ ‘चिकनी चमेली’ और ‘छम्मक छल्लो’ जैसे गानों पर ठुमके लगाते दिखाई दिए, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। स्थानीय लोग सवाल उठा रहे हैं – क्या यही है चिकित्सा शिक्षा का नया मॉडल?

शिक्षा की जगह ‘एंटरटेनमेंट’ का इंजेक्शन?

सूत्रों के मुताबिक, समारोह में जहाँ डॉक्टरी पेशे की गरिमा, सेवा भावना और प्रेरणादायक भाषणों की उम्मीद थी, वहाँ मंच पर लाइट्स, डीजे और आइटम डांस का माहौल छाया रहा। गरीब और ग्रामीण छात्रों को स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में प्रशिक्षित करने का दावा करने वाला संस्थान, खुद ही संस्कार और अनुशासन के मूल्यों से दूर होता दिखा

स्थानीय अभिभावकों का कहना है:
“हम बच्चों को डॉक्टर बनने भेजते हैं, डांसर नहीं।”

‘चाल, चरित्र और चेहरा’ पर उठे सवाल

बताया जा रहा है कि संस्थान का संचालन भारती रजक के परिवार से जुड़ा है। ऐसे में राजनीतिक और सामाजिक हलकों में भी असहजता बढ़ गई है। विडंबना यह कि संस्कार और संस्कृति की दुहाई देने वाले कई स्थानीय नेता कार्यक्रम की अग्रिम पंक्ति में मौजूद रहे, लेकिन किसी ने भी आपत्ति नहीं जताई।

लोगों ने तंज कसा —
“संस्कृति बचाने वाले ही संस्कृति के ‘आइटम शो’ के दर्शक बन गए।”

सोशल मीडिया पर वायरल, जनता में गुस्सा

कार्यक्रम के वीडियो सामने आते ही Facebook, Instagram और WhatsApp ग्रुप्स पर जमकर शेयर किए जा रहे हैं।

यूजर्स के कमेंट्स:

  • “यह कॉलेज है या डांस एकेडमी?”
  • “बेटी पढ़ाओ या बेटी नचाओ?”
  • “शिक्षा के नाम पर मज़ाक!”

चिकित्सा शिक्षा या ‘मंचीय मनोरंजन’?

चिकित्सा क्षेत्र को हमेशा ‘सेवा’ और ‘संवेदनशीलता’ का पेशा माना जाता है। ऐसे में सवाल उठना लाजमी है कि:

  • क्या पैरामेडिकल छात्रों को यही सिखाया जा रहा है?
  • क्या यह कार्यक्रम संस्थान की छवि पर दाग नहीं है?
  • क्या प्रशासन इस पर कोई कार्रवाई करेगा?

स्थानीय समाजसेवियों का कहना है कि शिक्षा संस्थानों में सांस्कृतिक कार्यक्रम हों, लेकिन गरिमा और मर्यादा के साथ

प्रशासन और नेतृत्व की चुप्पी

अब निगाहें प्रशासन और जनप्रतिनिधियों पर टिकी हैं कि वे इस मामले में क्या रुख अपनाते हैं।
क्या इसे सिर्फ “मनोरंजन” कहकर टाल दिया जाएगा या जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी?

बरघाट की जनता कह रही है –

“अगर शिक्षा मंदिर में ही संस्कारों का चीरहरण होगा, तो भविष्य कैसा बनेगा?”

चेतना इंस्टिट्यूट का यह कार्यक्रम शिक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवालिया निशान बनकर उभरा है।
जहाँ ‘चेतना’ जगाने की जरूरत थी, वहाँ ‘चमेली’ की धुन गूंज रही थी।

अब देखना यह है कि संस्थान और प्रशासन अपनी जिम्मेदारी निभाते हैं या यह मामला भी वायरल वीडियो की तरह कुछ दिनों में ठंडा पड़ जाएगा।

सिवनी में ‘आदर्श चौरसिया लेडिज क्लब’ का भव्य आगाज़: महिलाओं ने संभाली कमान, अर्चना नरेन्द चौरसिया बनी जिला अध्यक्ष

मध्यप्रदेश के सिवनी जिले में महिलाओं की सामाजिक भागीदारी और नेतृत्व क्षमता को नई दिशा देने के उद्देश्य से आदर्श चौरसिया लेडिज क्लब का विधिवत गठन किया गया। बीते सप्ताह दिनांक 3 फरवरी 2026 को आयोजित इस कार्यक्रम ने महिला एकता, संगठन शक्ति और सामाजिक जागरूकता का जीवंत उदाहरण पेश किया।

यह आयोजन राष्ट्रीय अध्यक्षा एवं संस्थापिका श्रीमती सरिता विजय तथा मध्यप्रदेश अध्यक्षा श्रीमती रीना सजय चौरसिया के सान्निध्य में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में समाज की महिलाएं उपस्थित रहीं, जिससे माहौल उत्साह और ऊर्जा से भर गया।

🎯 नई कार्यकारिणी टीम का गठन

कार्यक्रम के दौरान सर्वसम्मति से नई कार्यकारिणी घोषित की गई, जिसमें महिलाओं को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गईं:

  • अध्यक्षा: श्रीमती अर्चना नरेन्द चौरसिया
  • कार्यकारी अध्यक्षा: श्रीमती वैशाली सुधीर चौरसिया
  • उपाध्यक्ष: श्रीमती आरती संजय चौरसिया, श्रीमती सीमा संजय चौरसिया
  • कोषाध्यक्ष: श्रीमती प्रीति विजय चौरसिया
  • सचिव: श्रीमती रेखा मूलचंद चौरसिया
  • सह-सचिव: श्रीमती सुनीता अनिल चौरसिया
  • डायरेक्टर: कविता राजेश चौरसिया

नई टीम के गठन के साथ ही क्लब ने समाज सेवा, महिला सशक्तिकरण, शिक्षा, स्वास्थ्य जागरूकता और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन का संकल्प लिया।

पदाधिकारियों के विचार

राष्ट्रीय अध्यक्षा ने अपने संबोधन में कहा कि “महिलाएं समाज की रीढ़ हैं। जब वे संगठित होती हैं, तो बदलाव स्वतः संभव हो जाता है।”
वहीं प्रदेश अध्यक्षा ने क्लब को सिवनी में सामाजिक विकास की नई मिसाल बताया।

नवनियुक्त अध्यक्षा अर्चना जी ने भरोसा दिलाया कि क्लब महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने, जरूरतमंदों की सहायता करने और समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए निरंतर कार्य करेगा।

क्यों खास है यह पहल?

यह क्लब सिर्फ एक संगठन नहीं, बल्कि एक महिला सशक्तिकरण अभियान है।

  • समाज सेवा
  • शिक्षा सहायता
  • स्वास्थ्य शिविर
  • सांस्कृतिक कार्यक्रम
  • जरूरतमंद परिवारों की मदद

जैसी गतिविधियों के माध्यम से यह मंच महिलाओं को नेतृत्व और पहचान देने का कार्य करेगा।

सिवनी में ‘आदर्श चौरसिया लेडिज क्लब’ का गठन न केवल महिलाओं के लिए बल्कि पूरे समाज के लिए एक सकारात्मक शुरुआत है। यह पहल आने वाले समय में सामाजिक एकता और महिला विकास का मजबूत आधार बनेगी।

सिवनी: पति की प्रताड़ना से तंग आकर लगाई आग… 4 साल बाद मिला इंसाफ, अदालत ने सुनाई 4 साल की सजा

सिवनी जिला के बरघाट थाना क्षेत्र से सामने आया यह मामला न केवल घरेलू हिंसा की भयावह तस्वीर पेश करता है, बल्कि यह भी बताता है कि कानून देर से ही सही, लेकिन न्याय जरूर देता है।

यह दर्दनाक घटना वर्ष 2020 की है। दिनांक 23 जुलाई 2020 को बरघाट शासकीय अस्पताल से पुलिस को सूचना मिली कि प्रियंका चौहान (26 वर्ष) निवासी ग्राम कोड़िया को गंभीर जली अवस्था में भर्ती कराया गया है।

पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पीड़िता के मृत्युकालीन कथन (डाइंग डिक्लेरेशन) नायब तहसीलदार की उपस्थिति में दर्ज कराए।

पीड़िता ने क्या बताया?

अपने बयान में प्रियंका ने बताया:

  • पति राहुल चौहान रोज झगड़ा करता था
  • मारपीट और जान से मारने की धमकी देता था
  • मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना से वह बेहद परेशान थी
  • घर में मिट्टी का तेल पति लाया था
  • इसी तनाव में उसने खुद पर आग लगा ली

हालत बिगड़ने पर उसे जबलपुर रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।

पुलिस कार्रवाई और केस दर्ज

घटना के बाद पुलिस ने:

  • पति राहुल चौहान
  • सास निर्मला चौहान
  • ससुर रामदास चौहान

के खिलाफ धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) और धारा 498A (प्रताड़ना) के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में चालान पेश किया।

अदालत में क्या हुआ फैसला?

मामले की सुनवाई जिला एवं सत्र न्यायालय सिवनी में हुई।

शासन की ओर से सहायक जिला अभियोजन अधिकारी मनोज कुमार सैयाम ने गवाहों और साक्ष्यों के आधार पर मजबूत पैरवी की।

अदालत का निर्णय:

  • सास व ससुर को पर्याप्त साक्ष्य के अभाव में बरी
  • पति राहुल चौहान दोषी करार

सजा:

  • ✅ धारा 306 – 4 वर्ष का कठोर कारावास
  • ✅ धारा 498A – 1 वर्ष कारावास + ₹3000 जुर्माना

💔 समाज के लिए बड़ा संदेश

यह मामला सिर्फ एक परिवार की त्रासदी नहीं, बल्कि समाज के लिए चेतावनी है। घरेलू हिंसा और मानसिक प्रताड़ना भी अपराध है।

विशेषज्ञों का कहना है: “महिलाएं चुप न रहें, कानूनी मदद लें। कानून उनके साथ है।”

क्यों खास है यह फैसला?

  • पीड़िता को मिला कानूनी इंसाफ
  • 4 साल पुराने केस में न्याय
  • डाइंग डिक्लेरेशन बना सबसे बड़ा सबूत
  • घरेलू हिंसा के मामलों में कड़ा संदेश