Thursday, May 19, 2022

जिंदा हो गया मरा हुआ व्यक्ति, पोस्टमार्टम के समय डॉक्टर का पकड़ा हाथ

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Shubham Sharma
Shubham Sharma
Shubham Sharma is an Indian Journalist and Media personality. He is the Director of the Khabar Arena Media & Network Private Limited , an Indian media conglomerate, and founded Khabar Satta News Website in 2017.
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जिला अस्पताल छिंदवाड़ा में सोमवार सुबह एक अद्भुत घटना देखने को मिली। जहां एक जीवित व्यक्ति का पोस्टमार्टम करने पहुंचे डॉक्टर के होश उस समय उड़ गए जब मरीज की पल्स चलने लगी। इसके बाद डॉक्टर ने तत्काल मरीज को सर्जिकल ओटी में शिफ्ट किया तथा सर्जन को इमरजेंसी कॉल पर बुलाया। जहां डॉक्टरों की टीम ने मरीज को प्राइमरी उपचार देकर उच्चस्तरीय उपचार के लिए नागपुर रैफर कर दिया।

नागपुर में घोषित कर दिया था मृत
मिली जानकारी छिंदवाड़ा के प्रोफेसर कॉलोनी निवासी हिमांशु पिता रामेश्वर सिंह भारद्वाज का रविवार शाम हिंगलाज मंदिर के पास रोड एक्सीडेंट हो गया था। इसके कारण उन्हें गंभीर चोट आई थी। उपचार के लिए जिला अस्तपाल लाया गया जहां से डॉक्टर ने नागपुर रैफर कर दिया। परिजन ने बताया कि घायल हिमांशु को नागपुर के न्यूरॉन हास्पिटल ले जाया गया। जहां के डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर वापस छिंदवाड़ा भेज दिया।
चार घंटे तक मर्चुरी में रखा गया जीवित व्यक्ति को
नागपुर से सोमवार सुबह ५.३० बजे निराश होकर लौटे परिजन को ड्यूटी डॉ. दिनेश ठाकुर ने पल्स जांच किया, उस समय मरीज की पल्स नहीं चलने से उसे मृत घोषित किया तथा शव को मर्चुरी में रखने के निर्देश दिए गए। वहीं पोस्टमार्टम की तैयारी कर रहे स्वीपर को मरीज के शरीर में हरकत महसूस हुई तो उसने तत्काल डॉ. निर्णय पांडे को बताया। इसके बाद मरीज का उपचार शुरू हो गया। मरीज के साले गन्नू भारद्वाज ने बताया कि इस दौरान मर्चुरी में करीब चार घंटे हिमांशु को रखा गया था।

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डॉक्टरों ने बताया था ब्रेन डेड
घटना के बाद गंभीर रूप से घायल हिमांशु को छिंदवाड़ा के एक निजी हॉस्पिटल में बेहोशी की हालत में जाया गया था। जहां से भी उन्हें जिला अस्पताल भेजा गया। प्रभारी सिविल सर्जन डॉ. सीएम गेडाम ने बताया कि मरीज का रेशप्रेरेशन और पल्स नहीं चलने के कारण ब्रेन डेड मानकर मृत घोषित किया गया। उन्होंने बताया कि इस स्थिति में मरीज का हार्ट और ब्रेन काम नहीं करता है। इसलिए डॉक्टर ने मरीज को मृत घोषित किया था।नागपुर की रिपोर्ट में 20 एलीमेंट पल्स बताया सूचना मिलने पर सुबह ९.१५ बजे मरीज को देखा तो पल्स रेशप्रेरेशन चल रही थी। नागपुर की रिपोर्ट में डॉक्टर ने २० एलीमेंट पल्स बताया। इस स्थिति ब्रेन डेड माना जाता है।- डॉ. सुभाष भगत, सर्जन जिला अस्पताल छिंदवाड़ा नहीं चल रही थी पल्स रेशप्रेरेशन परिजन के आग्रह पर गाड़ी में ही मरीज की पल्स जांच की गई, उस समय पल्स रेशप्रेरेशन नहीं चलने पर मरीज को मृत घोषित किया गया था। हालांकि लाखों में एकाध मरीज की पल्स लौट आती है, शायद इसके साथ भी वही हुआ है।- डॉ. दिनेश ठाकुर, चिकित्सा अधिकारी

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