Home Blog Page 1914

MP Result 2020: 9वीं और 11वीं कक्षाओं के परिणाम घोषित, यहाँ दिखेगा रिजल्ट, घर बैठे चेक करे

MP Class 9th and 11th Result 2020: मध्य प्रदेश बोर्ड ने 9वीं और 11वीं कक्षाओं की परीक्षाओं के परिणाम घोषित कर दिये हैं। जो छात्र इन कक्षाओं की परिक्षाओं में बैठे थे, वे अपना परिणाम ऑफिशियल वेबसाइट, vimarsh.mp.gov.in पर उपलब्ध कराये गये लिंक से चेक कर सकते हैं। छात्र अपना स्कोर कार्ड नीचे दिये गये डायरेक्ट लिंक से भी चेक कर सकते हैं।

मध्य प्रदेश सरकार के विद्यालय शिक्षा विभाग द्वारा कोरोना वायरस के प्रसार को देखते हुए दोनो ही कक्षाओं के परिणाम हाल ही में लांच की गयी नई वेबसाइट, vimarsh.mp.gov.in पर आज ही जारी किये गये।

हाल ही में, विद्यालय शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों से 9वीं और 11वीं कक्षाओं की परीक्षाओं के परिणाम अपलोड करने का कहा था ताकि छात्र अपना परिणाम बिना किसी समस्या के और घर से बाहर निकले आसानी से चेक कर पाएं। विभाग ने कोविड – 19 के प्रसार और रोकथाम के सरकार के प्रयासों को देखते हुए यह निर्णय लिया था।

9वीं और 11वीं कक्षाओं की परीक्षाओं के परिणाम ऐसे करें चेक

9वीं और 11वीं कक्षाओं के परिणाम चेक करने के लिए छात्रों को मध्य प्रदेश सरकार के विद्यालय शिक्षा विभाग की ऑफिशियल वेबसाइट, vimarsh.mp.gov.in विमर्श पर जाकर चेक करना होगा। छात्र होम पेज पर दिये गये 9वीं और 11वीं कक्षाओं की परीक्षाओं के परिणाम लिंक पर क्लिक करके रिजल्ट के सम्बन्धित पेज पर जा सकते हैं। जहां उन्हें दिये गये ऑप्शंस में से अपने जिले, ब्लॉक, स्कूल और क्लास को सेलेक्ट करना होगा। उसके बाद सबमिट बटन पर क्लिक करके अपना स्कोर कार्ड देख पाएंगे।

मध्य प्रदेश बोर्ड 9वीं कक्षा के परिणाम के लिए लिंक

मध्य प्रदेश बोर्ड 11वीं कक्षा के परिणाम के लिए लिंक

कोरोना वायरस : पूरे पंजाब में कर्फ्यू के आदेश

0

चंडीगढ़. कोरोना वायरस के कारण पूरे पंजाब में कर्फ्यू लगा दिया गया है. मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने यह आदेश जारी किया. बता दें कि इससे पहले पूरे राज्य में लॉकडाउन था, पर अहतियातन अब कर्प्यू लगा दिया गया है.

इससे पहले कोरोना (Corona Virus) के खिलाफ देश की जनता युद्ध स्तर पर लड़ाई लड़ रही है.  कोरोना के संक्रमण को रोकने के लिए एहतियात के तौर पर देश के 22 राज्यों के 75 जिलों में लॉकडाउन है. लेकिन कुछ ऐसे लोग भी हैं जो लॉकडाउन को गंभीरता से नहीं ले रहे. ऐसे लोगों से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने सरकारी निर्देशों का पालन करने का आग्रह किया है. 

प्रधानमंत्री ने ट्वीट कर कहा कि, “लॉकडाउन को अभी भी कई लोग गंभीरता से नहीं ले रहे हैं. कृपया करके अपने आप को बचाएं, अपने परिवार को बचाएं, निर्देशों का गंभीरता से पालन करें. राज्य सरकारों से मेरा अनुरोध है कि वो नियमों और कानूनों का पालन करवाएं.”

वहीं, दूसरी तरफ मुंबई और दिल्ली के कई इलाकों में कोरोना वायरस (Corona Virus) को फैलने से रोकने के लिए राज्य सरकारों द्वारा घोषित लॉकडाउन की जमकर धज्जियां उड़ाई जा रही हैं. लोग भारी संख्या में घरों से बाहर निकल रहे हैं. मुंबई में तो हाईवे पर जाम की स्थिति पैदा हो गई है. 

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी लोगों से सरकारी दिशा निर्देशों का पालन करने और कानून नहीं तोड़ने की अपील की है. उन्होंने कानून तोड़ने वालों से सख्ती से निपटने की चेतावनी भी दी है. बता दें कि लॉकडाउन होने के बावजूद भी सोमवार को बड़ी तादाद में मुंबईकर निजी वाहन लेकर घरों से बाहर निकले. थाणे से मुंबई को जोड़ने वाले ईस्टर्न एक्सप्रेस वे पर मुलुंड टोल नाका पर कारों की लंबी कतार देखने को मिली. 

उधर, बाहरी दिल्ली के नांगलोई, पश्चिम विहार, विकासपुरी, मुंडका, पीरागढ़ी,जनकपुरी और तिलकनगर जैसे इलाकों में सुबह से ही अजीब सी चहल-पहल है. आमतौर पर लॉक डाउन में सिर्फ जरूरी चीजों की दुकानों खुली रहती हैं लेकिन इन इलाकों में कई जगहों पर सैलून, पंक्चर बनाने की दुकानें, नर्सरी, पान की दुकानें सुबह से ही खुली हुई हैं.

What is Lockdown ? क्या होता है Lockdown और किन-किन चीजों में होती है छूट?

0

नई दिल्ली: What is Lockdown ? यहाँ आज आपको पूरी जानकारी देते है की लॉकडाउन क्या होता है कोरोना के संक्रमण को रोकने के लिए एहतियात के तौर पर देश के 22 राज्यों के 80 जिलों  में लॉकडाउन है. लॉकडाउन को लेकर लोगों के मन कई तरह के सवाल हैं कि आखिर ये लॉकडाउन क्यों किया गया है. तो आइए हम आपको बताते हैं कि लॉकडाउन क्यों किया जाता है और इसमें किन चीजों, लोगों को राहत गी जाती है.
 
दरअसल, लॉकडाउन किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए राज्य सरकारें कुछ अहम दिशा-निर्देश जारी करती हैं. हालांकि Lockdown जैसा कोई शब्द सरकारी नीतियों में नहीं होता है, लेकिन इसका उद्देश्य आपात स्थिति में सरकार के आदेशों का पालन कराना होता है.

Epidemic Disease Act 1897 के तहत सरकारें किसी भी महामारी से निपटने के लिए कुछ आवश्यक दिशा-निर्देश नागरिकों को दे सकती हैं. नागरिकों को सरकार की सलाह मानने के लिए स्वत: बाध्य होना पड़ता है, क्योंकि किसी एक की लापरवाही से हज़ारों की जान ख़तरे में पड़ सकती है.

देश 22 राज्यों के तकरीबन 80 से ज्यादा जिलों को LockDown किया गया है, इसका मतलब ये है कि इन ज़िलों में कोई भी व्यक्ति ग़ैर ज़रूरी काम के बिना घर से नहीं निकल सकता है. लॉकडाउन वाले ज़िलों में सभी दफ़्तर, कंपनी, दुकानें, मॉल, कैफ़े, सामुदायिक केन्द्र बंद रहते हैं. एक साथ कहीं भी 4 से ज़्यादा लोग इकट्ठा नहीं हो सकते हैं, सभी नागरिकों से अपील की जाती है कि वो अपने घरों में मौजूद रहें.

Lockdown वाले शहर में सभी तरह के कार्यक्रमों पर रोक होती है. सार्वजनिक स्थल पर कोई इकट्ठा नहीं हो सकता है. सरकारें जिलों में धारा 144 भी लगा देती है जिससे एक ही जगह 4 से ज्यादा लोग एकट्ठा न हों. सभी सरकारी वाहन सर्विस बंद होते हैं, बस, टेम्पो आदि का संचालन भी बंद किया जाता है. LockDown वाले शहर में सभी को पूर समय अपने घर में ही रहने की सलाह दी जाती है. ताकि माहामारी एक जगह से दूसरी जगह पर शिफ्ट न हो सके.

किन चीजों में मिलती है छूट?
LockDown वाले शहर में कुछ आवश्यक सेवाओं की छूट रहती है ताकि नागरिकों को कोई समस्या ना हो. दैनिक उपयोग की चीजें खरीद सकें
– दूध की दुकानें खुली रहेंगी, लेकिन एक साथ भीड़ न इकट्ठी हो.
– राशन की दुकानें खुली रहेंगी, लेकिन अपील यह की जाती है कि भीड़ इकट्ठी न हो और जिसके घर में राशन मौजूद है वो बेवजह राशन की दुकान पर ना जाए. कुछ मामलों में राशन सरकार सीधे घर तक पहुंचाती है ताकि संक्रमण से बचा जा सके.
– सब्ज़ी और फ़ल की सप्लाई जारी रहती है.
– फूड प्रोसेसिंग यूनिट खुली रहती हैं.
– पेट्रोल पंप खुले रहते हैं, लेकिन कुछ स्थानों को चिन्हित कर स्थानीय प्रशासन बंद भी करा सकता है, जहां ज़्यादा भीड़ की संभावना होगी.
– दूध और डेयरी प्लांट खुले रहते हैं.
– निज़ी और सरकारी अस्पताल 24 घंटे खुले रहते हैं.
– मेडिकल स्टोर 24 घंटे खुले रह सकते हैं.
– मेडिकल और स्वास्थ्य संबंधी उपकरण व दवाइयां बनाने वाली कंपनियां खुली रहती हैं.
– संचार सेवाएं सुचारू रूप से चलते हैं.
– टेलीकॉम कंपनियां अपनी ज़रूरी सुविधाएं खुला रख सकती हैं.
– बैंक और एटीएम खुले रह सकते हैं.
– Work From Home किया जा सकता है.
– जरूरी सेवाओं के आयटम ट्रांसपोर्ट करने के लिए वाहन चल सकते हैं.
– किसी भी आवश्यक सामग्री की डिलीवरी सरकार भी नागरिक के घर कर सकती हैं.
– एंबुलेंस की सेवाएं बढ़ायी जाती है.

LockDown के दौरान कौन-कौन बाहर निकल सकते हैं? 
– पुलिस
– डॉक्टर, नर्स
– सफ़ाईकर्मी
– प्रशासनिक अधिकारी
– मीडियाकर्मी
-आवश्यक सामग्री की सप्लाई करने वाले लोग
ये सभी भी पूरी सुरक्षा के साथ ही निकल सकते हैं. मास्क का इस्तेमाल ज़रूरी होता है. 

लॉकडाउन का उल्लंघन करने पर
अगर कोई प्रशासन के दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है.
– IPC की धारा 188 के तहत ज़िला अधिकारी कार्रवाई कर सकता है.
– अगर कोई व्यक्ति अपनी कोरोना पॉज़िटिव की जानकारी छिपाता है तो उस पर कनिका कपूर जैसी FIR भी हो सकती है, IPC की धारा 269 और 270 के तहत भी कार्रवाई हो सकती है.

शंख थाली ताली की गूंज से गूंजा सिवनी जिला “Janta Curfew” : वीडियो देखे

सिवनी । देश में कोरोना के संक्रमण के खिलाफ जंग में जुटे, अपनी जान जोखिम में डालकर सहयोग व काम कर रहे कर्मियों के उत्साहवर्धन के लिए मध्यप्रदेश के सिवनी जिले के जिलेवासियों ने रविवार शाम 5 बजे से शंख थाली ताली बजाकर उनके सम्मान किया ज्ञात हो कि शंख थाली ताली की गूंज से पूरा जिला गुंजानमान हुआ।

जानकारी के अनुसार देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के आह्वान पर कोरोना वायरस से लड़ने के लिए समस्त विभागों के जो योद्धा डटे हुए हैं उनका स्वागत करने के लिए नगर में थाली, घंटी ,मृदंग, झांज ,बजाकर उनका स्वागत करते हुए घर, गलियां, सडकों में बच्चे, बूढे नजर आयें। इसी क्रम में मंदिरों में भी शंखनाद की मूंज गुजायमान हुई।

लोगों ने घरो से निकलकर थाली, शंख बजाकर कोरोना के संक्रमण के खिलाफ जंग में जुटे, अपनी जान जोखिम में डालकर काम कर रहे डॉक्टर, मेडिकल स्टाफ, सफाई कर्मी,पुलिस कर्मी,राजस्व अमला, आवश्यक सेवाओं में काम करने वाले शासकीय सेवको ,और प्रत्येक वो व्यक्ति जो प्रत्यक्ष और परोक्ष रूप से इस जंग में को जीतने में सहयोग कर रहा है, उनके सम्मान, उत्साहवर्धन और इच्छाशक्ति को नमन करने के लिए नगरवासी घर के बाहर निकलकर शंख थाली ताली की गूंज से उनके जज्बे को सलाम करते नजर आये।

ज्ञात हो कि जनता कफ्र्यू में बच्चों ने गर्मजोशी के साथ उत्साह दिखाया और सुबह से वह घर मे नजर आयें।

सिवनी कोरोना अपडेट : कलेक्टर प्रवीण सिंह ने जारी किया वीडियो

सिवनी कोरोना अपडेट : सिवनी कलेक्टर प्रवीण सिंह ने जनता कर्फ्यू के बाद ये वीडियो जारी किया है. ध्यान से देखे. ध्यान से सुने. और ज्यादा से ज्यादा लोगो के साथ शेयर करें. जिससे सभी लोगो तक ये जानकारी पहुँच सके.

यह भी पढ़े : सिवनी की जनता के जज्बे को सलाम, देखे वीडियो “Janta Curfew”
यह भी पढ़े : सिवनी 25 मार्च तक लॉक डाउन घोषित, ध्यान से पढ़े

MP : Bhopal में मिला कोरोना का पहला मरीज, MP में पॉजिटिव मरीजो की संख्या हुई 5

भोपाल. प्रदेश की राजधानी में कोरोना पॉजिटिव का पहला केस मिला है. शहर के प्रोफेसर कॉलोनी में एक लड़की में कोरोना से संक्रमित पाई गई है. यह लड़की पांच दिन पहले को लंदन से लौटी थी. इसी के साथ प्रदेश में कोरोना पॉजिटिव मरीजों की संख्या 5 हो गई है. इससे पहले जबलपुर में 4 मरीज मिले थे. जबकि देश में 370 पॉजिटिव मरीज मिल चुके हैं. इनमें से 7 लोगों की मौत भी इस माहामारी से हो चुकी है. 

जबलपुर में कोरोना पॉजिटिव एक ही परिवार के 3 लोग थे. ये दुबई से लौटे थे जबकि चौथा मरीज स्विट्जरलैंड से लौटा था. हालांकि जबलपुर प्रशासन ने सभी आइसोलेशन में रखा है. स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक भोपाल लौटी युवती लंदन में लॉ की पढ़ाई कर रही है. 17 मार्ट वह लंदन से दिल्ली पहुंची थी. यहां IGI एयरपोर्ट पर स्क्रीनिंग के वक्त उसमें किसी तरह के लक्षण नहीं मिले थी. जिसके बाज वह शताब्दी से भोपाल पहुंची थी. 

इसके बाद रविवार दोपहर को परिजनों ने कलेक्टर तरुण पिथौड़े से संपर्क कर कोरोना जांच की मांग की थी. इस पर जेपी अस्पताल के डॉक्टर्स की टीम ने उसका सैंपल लेकर भोपाल एम्स भेज दिया था. जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है. लड़की का परिवार सीहोर में रहता है जबिक कुछ पारिवारिक सदस्य भोपाल में रहते हैं. 

सिवनी 25 मार्च तक लॉक डाउन घोषित, ध्यान से पढ़े

सिवनी में हुआ लॉक डाउन का समय बढ़ाया अब 25 मार्च तक रहेगा सिवनी में लॉक डाउन,ध्यान से पढ़े, अपील ज्यादा से ज्यादा लोगो के साथ शेयर करें

कोरोना वाईरस के संक्रमण को रोकने के दृष्टिकोण से भारतीय दंड संहिता 173 की धारा 144 के तहत मै प्रवीण सिंह कलेक्टर और जिला मजिस्ट्रेट निम्नलिखित प्रतिबंधात्मक आदे़श तत्काल प्रभाव से आदेशित करता हूँ-

  1. ज़िले में तत्काल प्रभाव से टोटल लाक डाउन घोषित किया जाता है. टोटल लाक डाउन में किसी भी व्यक्ति को अपने घर से बाहर निकलने की इजाज़त नहीं होगी.
  2. ज़िले की सभी सीमायें सील की जाती है. किसी भी माध्यम सड़क अथवा रेल से ज़िले की सीमा में बाहरी लोगों का आगमन प्रतिबंधित किया जाता है.
  3. ज़िले में निवासरत नागरिकों का ज़िले की सीमा के बाहर जाना तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित किया जाता है.
  4. ज़िले के समस्त शासकीय, अर्धशासकीय कार्यालय बंद किये जाते हैं. अत्यावश्यक सेवा वाले विभाग यथा राजस्व, स्वास्थ्य, पुलिस, विद्युत , दूरसंचार, नगरपालिका, पंचायत आदि इससे मुक्त रहेगें.
  5. मेडिकल दुकान और हास्पीटल को छोड़कर शेष समस्त व्यवसायिक प्रतिष्ठान बंद किये जाते हैं.
  6. उक्त प्रतिबंध निम्नलिखित परिस्थितियों में शिथिल रहेगें.-
  7. इमरजेंसी ड्यूटी वाले शासकीय कर्मचारी केवल ड्यूटी के प्रयोजन से टोटल लाक डाउन प्रतिबंध से मुक्त रहेगें, लेकिन उक्त कर्मचारियों को अपने साथ I-Card रखना अनिवार्य होगा.
  8. घर घर जाकर दूध बाँटने वाले दूध विक्रेता एवं न्यूज़ पेपर हाकर सुबह 6.30 बजे से 9.30 बजे तक टोटल लाक डाउन प्रतिबंध से मुक्त रहेगें.
  9. अत्यावश्यक वस्तुओं खाद्य सामग्री, फल सब्ज़ी आदि की दुकानें दोपहर 12.00 बजे से दोपहर 2.00 बजे तक खुली रहेगी | प्रतिबंध से मुक्ति एवं पास हेतू अनुमति प्रक्रिया प्रतिबंध से अनुमति एवं पास के आवेदन केवल वाटसअप और ईमेल से प्राप्त किये जायेगें. आवेदन के साथ समुचित दस्तावेज लगाना अनिवार्य होगा. आवेदन dmseoni@gmail.com अनुमति वाटसअप एवं ईमेल के माध्यम से ही जारी की जायेगा।

आयुषी यादव ने बताया कोरोना से बचाव के लिए घर बैठे मास्क कैसे बनाये, देखे वीडियो

छिंदवाडा : मध्य प्रदेश के छिंदवाडा जिले में रहने वाली 21 वर्षीय आयुषी यादव ने बातचीत के दौरान बताया की देश में फैली इस महामारी से बचने के लिए सबसे महत्वपूर्ण कदम Social Distancing ही दिखाई पड़ता है.

परन्तु लोगो को जरूरी काम के लिए घरो से बाहर और भीड़ भाड़ वाले इलाको में जाना पड़ता ही है जिसके लिए उन्हें मास्क लगाकर जाना चाहिए और जैसा की हम देखे आ रहे है की भारत में इस महामारी के कदम रखने के बाद से ही बाजार में मास्क जैसी चीजे 5 गुना दामो में बेचीं जा रही है और बहुत से जगहों पर मास्क उपलब्ध भी नहीं है.

बस इसी चीज को ध्यान में रखते हुए मन में ख्याल आया की होम मेड “घर में बनाया हुआ” मास्क का उपयोग करकर लोग अपने आप को सेफ कर सकते है तो मैंने इस वीडियो में घर बैठे बैठे मास्क बनाने का आसान तरीका बताया है .नीचे आप वीडियो देख सकते है यदि आपको वीडियो पसंद आता है तो ज्यादा से ज्यादा लोगो के साथ शेयर जरूर करें

सिवनी की जनता के जज्बे को सलाम, देखे वीडियो “Janta Curfew”

सिवनी : कोरोना वायरस के संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील पर 22 जनवरी की सुबह 7 बजे से रात 9 बजे तक ‘जनता कर्फ्यू’, का सिवनी जिले में व्यापक असर देखने को मिला। जिला मुख्यालय सहित तहसील और ग्रामीण क्षेत्रों में भी सड़कें सूनी रहीं, बाज़ार पूरी तरह बंद रहे और लोग अपने अपने घरों में ही रहे। ऐसा पहली बार हुआ है जब किसी बीमारी के खोफ़ से शहर के साथ-साथ गांवों में भी सन्नाटा पसरा रहा हो। प्रधानमंत्री की अपील का असर तो सिवनी जिले में एक दिन पहले ही दिखने लगा था, जब बीते शनिवार की दोपहर से ही बाज़ार बंद होने शुरू हो गए थे। हालांकि, इस दौरान लोगों ने रोजमर्रा के जरूरी सामान खरीद लिया था।

मेडिकल खुले, लेकिन नहीं पहुंचे लोग
‘जनता कर्फ्यू’, के दौरान जिला मुख्यालय में मेडिकल स्टोर तो खुले रहे, लेकिन दवाएं खरीदने के लिए कोई भी नहीं पहुंचा। इधर, जिला अस्पताल भी खुला, लेकिन यहां भी सर्दी- जुकाम से पीड़ित नाम मात्र के मरीज ही पहुंचे। बैंक एटीएम भी खुले रहे, लेकिन यहां भी सन्नाटा पसरा रहा। जाहिर है, कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर लोग दहशत में हैं और पूरी सतर्कता बरत रहे हैं।

पूरी तरह बंद रहे यात्री वाहन
‘जनता कर्फ्यू’, के समर्थन में जिले भर में यात्री वाहन पूरी तरह बंद रहे। बस स्टैंड पर सन्नाटा पसरा रहा। यात्री वाहन के अलावा अन्य निजी वाहन के साथ- साथ दोपहिया वाहन तक सड़क में नज़र नहीं आए। पूरे जिले में अघोषित कर्फ्यू जैसे हालात दिखे। वहीं, अन्य जिलों से आने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। रविवार को ग्राम पंचायत ब्योहारी में स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा नागपुर से आए लोगों की जांच की गई।

परिवहन अधिकरी ने खिलाया खाना
‘जनता कर्फ्यू’, के दौरान बस स्टैंड क्षेत्र में एक दर्जन से ज्यादा निः शक्तजन-विछिप्पत बाहरी लोगों को जिला अतिरिक्त क्षेत्रीय अधिकारी देवेश बाथम ने अपने घर से खाना लाकर खिलाया और पानी के पाउच दिए। इस दौरान उनकी पत्नी ने भी इस नेक काम में उनका सहयोग किया। जिसकी सराहना की गई।

जानकारी छुपाने पर होगी कानूनी कार्यवाही
इधर, कलेक्टर प्रवीण सिंह ने निर्देश दिए हैं कि विदेश यात्रा, जिन राज्यों में कोरोना के संक्रमित मरीज मिले हैं, वहां से आने वाले व्यक्ति या जो व्यक्ति कोरोना वायरस से पीड़ित व्यक्तियों के सम्पर्क में आये हैं, ऐसे नागरिक सिवनी जिले की सीमा में प्रवेश करते ही अपने संबंध में सूचना जिला प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराए गए टोल फ्री नमंबर 0792-220323, 227423 पर दें, ताकि उनकी आवयश्क जांच करवाई जा सके। इस आदेश का पालन ना करने वाले लोगों के खिलाफ धारा 269, 270, 336 के अंतर्गत कार्यवाही की जाएगी।

मध्य प्रदेश: 25 मार्च को शिवराज सिंह चौहान ले सकते है मुख्यमंत्री पद की शपथ!

भोपाल: मध्य प्रदेश की जनता को मार्च के आखिरी सप्ताह में नई सरकार मिल सकती है. भारतीय जनता पार्टी 24 मार्च को सरकार गठन के लिए राज्यपाल लालजी टंडन के पास अपना दावा पेश कर सकती है. इससे पहले 23 मार्च यानी सोमवार को भाजपा विधायक दल की बैठक होने की संभावना है. इस बैठक के बाद मध्य प्रदेश का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा इससे पर्दा उठ जाएगा. पूरी संभावना है कि शिवराज सिंह चौहान भाजपा विधायक दल के नेता चुने जाएं.

मध्य प्रदेश में 25 मार्च को हो सकता है नई सरकार का शपथ ग्रहण
इस बात की पूरी संभावना है कि 25 मार्च को मध्य प्रदेश में नई सरकार के मुख्यमंत्री पद और गोपनियता की शपथ ले लेंगे. इसके बाद 27 मार्च को मध्य प्रदेश का अंतरिम बजट पेश किया जा सकता है. अंतरिम बजट 70 से 80 हजार करोड़ रुपये का हो सकता है. यह बजट अप्रैल, मई और जून महीने के लिए होगा. इसके बाद जुलाई में नई सरकार अपना पूर्ण बजट पेश करेगी.

मध्य प्रदेश में सिर्फ 15 महीने चलकर​ गिर गई थी कमलनाथ सरकार
आपको बता दें कि सूबे में कमलनाथ के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार सिर्फ 15 महीने ही चल सकी. ज्योतिरादित्य समर्थक 22 विधायकों के इस्तीफे के बाद कांग्रेस की सरकार अल्पमत में आ गई थी. कमलनाथ ने बीते शुक्रवार को राज्यपाल से मिलकर मुख्यमंत्री पद से अपना इस्तीफा सौंप दिया था. इसके अगले ही दिन यानी शनिवार को ज्योतिरादित्य सिंधिया की उपस्थिति में कांग्रेस के सभी 22 बागी पूर्व विधायकों ने भाजपा का दामन थाम लिया था.

नड्डा ने कांग्रेस के 22 बागी पूर्व विधायकों को दिलाई BJP की सदस्यता
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने इन सभी पूर्व विधायकों को भाजपा की सदस्यता दिलाई. आपको बता दें कि बीते 11 मार्च को ज्योतिरादित्य​ सिंधिया ने भी कांग्रेस से बगावत कर भाजपा का दामन थाम लिया था. वह मध्य प्रदेश के भाजपा के राज्यसभा उम्मीदवार भी हैं. मध्य प्रदेश में आगामी 26 मार्च को राज्यसभा की तीन सीटों के लिए चुनाव होने हैं.