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लॉकडाउन : घर जाने की तड़प में तीन लाख खर्च कर मुंबई से पहुंचा गांव

कोरोनावायरस (Coronavirus) संक्रमण को रोकने के लिए पूरे देश में लॉकडाउन (Lockdown) लागू कर दिया गया है. लेकिन इस लॉकडाउन के बीच ऐसे भी लोग हैं जो अपने घर पहुंचने के लिए किसी भी हद तक गुजरने के लिए तैयार है.

कोरोनावायरस (Coronavirus) संक्रमण को रोकने के लिए पूरे देश में लॉकडाउन (Lockdown) लागू कर दिया गया है. लेकिन इस लॉकडाउन के बीच ऐसे भी लोग हैं जो अपने घर पहुंचने के लिए किसी भी हद तक गुजरने के लिए तैयार हैं. हाल ही में यूपी से एक ऐसे शख्स की कहानी सामने आई है, जिसने मुंबई से अपने घर इलाहाबाद पहुंचने के लिए 3 लाख रूपए खर्च कर दिए.

न्यूज एजेंसी PTI के मुताबिक इलाहाबाद के रहने वाले प्रेम मुर्ती पांडे ने बताया कि वह मुंबई एयरपोर्ट पर काम करते हैं. और वह मुंबई के अंधेरी ईस्ट के आजाद नगर में रहते है. उन्होंने बताया कि यह मुंबई का काफी भीड़भाड़ वाला इलाका है और यहां आबादी ज्यादा है तो ऐसे में कोरोनावायरस फैलने का खतरा था.

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प्रेम मुर्ती पांडेय ने बताया कि पहले फेज के लॉकडाउन में मैंने कैसे भी 21 दिन तो काट लिया, लेकिन जब लॉकडाउन बढ़ा दिए गए तो फिर मैंने सारी उम्मीद छोड़ दी कि अब लॉकडाउन खुलेगा. तभी मेरे दिमाग में एक तरकीब आई, क्यों न साग, सब्जी, और खाने के सामान वाले ट्रक के जरिए घर पहुंचा जाए क्योंकि यह ही ऐसी चीज हैं जिसके माध्यम से एक राज्य से दूसरे राज्य में जाने की अनुमति मिल रही है. फिर क्या था उसके बाद मैंने 3 लाख रूपए खर्च किए और पहुंच गया घर.

आगे प्रेम मुर्ति पांडेय विस्तार में बताते हुए कहते हैं कि सबसे पहले मैंने 10 हजार रुपये में 1,300 किलो तरबूज खरीदा और उसे मिनी ट्रक पर लोड कराया. फ‍िर मैंने पिंपलगांव में 40 किलोमीटर पैदल चलकर वहां प्याज के बाजार में जाकर प्याज की कीमत का जायजा लिया. और 2.32 लाख रुपये में 25,520 किलो (9.10 रुपये प्रति किलो) अच्छी क्वालिटी का प्याज खरीदा. सिर्फ इतना ही नहीं मैंने छोटे ट्रक को 77,500 रुपये के भाड़े पर लिया.

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जब वह मुंबई से यूपी पहुंच गए तब वह ट्रक को लेकर सीधा अपने गांव के बाहर वाले मुंडेरा मंडी पहुंचे. जहां उन्होंने प्याज और फलों को बेचने की कोशिश की. लेकिन वहां लोगों ने कैश पैसा देने से मना कर दिया. ऐसे में पांडेय ट्रक लेकर अपने गांव पहुंच गए और घर पर ही पूरा माल उतरवा लिया. आगे वह कहते हैं कि बाजार में सागर का प्याज आ रहा है.

और लॉकडाउन की वजह से प्याज के भाव अभी कम हैं लेकिन उन्हें पूरी उम्मीद है कि लॉकडाउन खत्म होने के बाद उन्हें इस प्याज की कीमत मिल जाएगी. साथ ही उन्होंने बताया कि वह गांव पहुंचते ही धूमनगंज थाना पहुंचे और उन्होंने पुलिस को पूरी सूचना दी. साथ ही पुलिस वालों ने उनकी मेडिकल जांच करवाई और उन्हें क्वारंटाइन में रहने को कहा गया है

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Shubham Sharmahttps://khabarsatta.com
Editor In Chief : Shubham Sharma

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