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पत्रकारों के कैमरे क्षतिग्रस्त होने पर मिलेगी 50 हजार की आर्थिक सहायता मंत्रि-परिषद के निर्णय

सिवनी // मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में गत दिवस हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में मध्यप्रदेश के अधिमान्यता प्राप्त श्रमजीवी पत्रकारों की मृत्यु होने पर उनके आश्रित पत्नि और नाबालिग बच्चों को आर्थिक सहायता देने की अधिकतम सीमा राशि एक लाख को बढ़ाकर 4 लाख रूपये करने का निर्णय लिया गया। इसी प्रकार प्रदेश के श्रमजीवी पत्रकारों/कैमरामैनों के वाहन/कैमरा आदि क्षतिग्रस्त होने पर पत्रकार कल्याण कोष से सहायता राशि 25 हजार से बढ़ाकर 50 हजार रूपये करने का निर्णय भी लिया गया।

पत्रकारों को आवास ऋण पर 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान

मंत्रि-परिषद ने अधिमान्यता प्राप्त पत्रकारों के आवास ऋण पर लगने वाले ब्याज का 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान देने का निर्णय लिया है। ब्याज अनुदान भारतीय रिजर्व बैंक से मान्यता प्राप्त किसी भी वित्तीय संस्था से आवास ऋण लेने पर मिलेगा। अनुदान 25 लाख रूपये के आवासीय ऋण पर मिलेगा। यह 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान पाँच वर्ष के लिये दिया जायेगा। यह सुविधा पत्रकार पति अथवा पत्नि को एक ही आवास के लिये इसी वित्तीय वर्ष से दी जायेगी।

VIDEO: क्यों फांसी की सजा मुकर्रर होने के बाद जज तोड़ देते हैं कलम ?

Why hang the judge after the execution of the hanging pen ?

क्यों फांसी की सजा मुकर्रर होने के बाद जज तोड़ देते हैं कलम ? जब भी कभी किसी को जज के द्वारा फांसी की सजा सुनाई जाती है तो उसके बाद जज अपनी कलम तोड़ देते हैं। लेकिन क्यया आप इसके पीछे कारण जाते हैं। अगर नहीं तो हम आपको बताते हैं कि आखिर क्यों मौत की सजा सुनाने के बाद पेन की निब तोड़ दी जाती है।फांसी की सजा सुनाते ही कलम तोड़ने की प्रथा आज से नहीं बल्कि अंग्रेजों के जमाने से चलता रहा है। जब भारत में ब्रिटिश हुकूमत थी तभी भी सजा सुनाने के बाद कलम को तोड़ा जाता था, लेकिन आप सोच रहे होंगे कि आखिर का सजा और कलम का क्या संबंध है। हम आपको बताते हैं कि सजा और कलम इन दोनों में एक गहरा संबंध होता है। जिस तरह कलम से लिखी हुई बात को कोई मिटा नहीं सकता उसी तरह कोर्ट के द्वारा दी हुई सजा को कोई भी ताकत नहीं रोक सकता है।  वही जिस कलम से आरोपी को फांसी की सजा सुनाई जाती है उसे जज के द्वारा इसलिए तोड़ दिया जाता है कि दोबारा इस कलम से फिर किसी को फांसी की सजा नहीं मिले और ना ही कोई इस तरह का अपराध करें। उल्लेखनीय है कि फांसी की सजा दुनिया की सभी सजाओं में सबसे बड़ी सजा होती है। जिसे किसी आम अपराधी को नहीं सुनाया जाता है।यह सजा किसी जघन्य अपराध की घटना को अंजाम देने वाले अपराधियों को सुनाई जाती है। सजा मुकर्रर होने के बाद कलम तोड़ने का एक और भी कारण बताया जाता है । जिसके मुताबिक जब भी किसी जघन्य अपराध करने वाले आरोपियों को फांसी की सजा मुकर्रर होती है तो उसकी जिंदगी समाप्त हो जाती है। एक इंसान की जिंदगी को समाप्त होने के बाद जज द्वारा कलम तोड़ दिया जाता है।  फांसी की सजा सुनाने से पहले उस सजा पर जज के द्वारा जिस कलम से हस्ताक्षर किया जाता है उसे तोड़ने का कारण यह भी माना जाता है कि यही कलम है जिसने उस शख्स की मौत लिखी है। वही किसी की जान लेने के कारण अपने आपको प्रायश्चित कराने के लिए जज के द्वारा कलम की निब तोड़ दी जाती है।

शिवराज कैबिनेट की बैठक संपन्न – पत्रकारों को मिलेगा ऋण

भोपाल : मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में आज हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में मध्यप्रदेश के अधिमान्यता प्राप्त श्रमजीवी पत्रकारों की मृत्यु होने पर उनके आश्रित पत्नि और नाबालिग बच्चों को आर्थिक सहायता देने की अधिकतम सीमा राशि एक लाख को बढ़ाकर 4 लाख रूपये करने का निर्णय लिया गया। इसी प्रकार प्रदेश के श्रमजीवी पत्रकारों/कैमरामैनों के वाहन/कैमरा आदि क्षतिग्रस्त होने पर पत्रकार कल्याण कोष से सहायता राशि 25 हजार से बढ़ाकर 50 हजार रूपये करने का निर्णय भी लिया गया।

पत्रकारों को आवास ऋण पर 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान

मंत्रि-परिषद ने अधिमान्यता प्राप्त पत्रकारों के आवास ऋण पर लगने वाले ब्याज का 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान देने का निर्णय लिया है। ब्याज अनुदान भारतीय रिजर्व बैंक से मान्यता प्राप्त किसी भी वित्तीय संस्था से आवास ऋण लेने पर मिलेगा। अनुदान 25 लाख रूपये के आवासीय ऋण पर मिलेगा। यह 5 प्रतिशत ब्याज अनुदान पाँच वर्ष के लिये दिया जायेगा। यह सुविधा पत्रकार पति अथवा पत्नि को एक ही आवास के लिये इसी वित्तीय वर्ष से दी जायेगी।

14 नवीन पंजीयन केन्द्र खोलने के निर्देश

सिवनी – समर्थन मूल्य पर धान एवं मोटा अनाज (ज्वार, बाजरा एवं मक्का) तथा अन्य जिन्स जिनका भारत सरकार द्वारा समर्थन मूल्य घोषित किया गया है, जैसे सोयाबीन, अरहर, उड़द, मूंगफल्ली, तिल एवं रामतिल उपार्जन हेतु कृषकों की सुविधा के लिये अतिरिक्त 14 नवीन पंजीयन केन्द्र खोलने के निर्देश दिये गये है। जो निम्नाकनुसार है:- मंडी प्रांगण बरघाट, आमागढ़, बेहरई, खामी, दौंदीवाड़ा, मंडी प्रांगण लखनादौन, मंडी केवलारी, कलारबांकी, चांवड़ी, मेहरापिपरिया, लखनवाड़ा, लूघरवाड़ा, सिमरिया मंडी एवं छपारा मंडी का निर्धारण स्थापित किया जाता है। किसान पंजीयन की अंतिम तिथि 20 सितंबर निर्धारित की गई है।

पंजीयन का समय प्रात: 7 बजे से रात्रि 9 बजे तक होगा। कृषकों से खसरा अथवा वन अधिकार पट्टे इत्यादि में से कोई एक दस्तावेजी साक्ष्य की स्वप्रमाणित छायाप्रति ली जायेगी। पृथक से राजस्व विभाग का प्रमाणीकरण नहीं मांगा जाये। भू-अधिकार ऋण पुस्तिका की अनिवार्यता नहीं होगी। कृषकों का एक ही बैंक खाता पर्याप्त होगा । संयुक्त खाताधारियों की स्थिति में किसी भी एक खाताधारी के द्वारा आवेदन दिये जाने पर नियमानुसार पंजीयन किया जायेगा। उपरोक्त निर्देशों के पालन में यह भी सुनिश्चित करें कि पंजीयन केन्द्रों पर किसानों को किसी प्रकार की समस्या नहीं हो।

जब पुलिस कप्तान उतरे सड़क पर

सिवनी- पुलिस अधीक्षक सिवनी विवेक राज सिंह ने आज स्वयं दलसागर से एमएलबी स्कूल की ओर जाने वाले मार्ग पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री गोपाल खांडेल के साथ अचानक पहुच कर सड़क से गुजर रहे बिना हेलमेट के मोटर साईकल चालको और नाबालिक बालक को रुकवाया ।

Phone A Family mamber यातायात सड़क सुरक्षा अभियान के अंतर्गत पुलिस अधीक्षक श्री विवेक राज सिंह ने बिना हेलमेट चालकों के परिवारजन से मोबाइल पर बात की और जागरूक किया कि जीवन की सुरक्षा के लिए सड़क पर चलते समय मोटरसाईकल चालक को हेलमेट पहनना कितना जरूरी है । परिवारजन ने एस. पी. साहब को वचन दिया कि भविष्य में जरूर हेलमेट पहनेगें।

कोतवाली टी. आई. अरविंद जैन और यातायात थाना प्रभारी मंगल सिंग धुर्वे भी अपने अमले के साथ पहुच गए ।जहा करीब 120 मोटर साईकल चालको को और उनके परिवारजन को जागरूक किया गया । सिवनी नगर के अलग अलग चौराहों पर पुलिस ने यह अभियान चलाया ।पुलिस अधीक्षक महोदय ने बिना चालान बनाये अनेक लोगो तक हेलमेट लगाने की अपनी बात उनके घर तक पहुच दी ।

19 दिन में ये 11 बड़े फैसले देकर रिटायर होंगे चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा

नई दिल्ली // सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा 2 अक्टूबर को रिटायर हो जाएंगे, लेकिन रिटायरमेंट से पहले वह अपने आखिरी के एक महीने में दर्जन भर चर्चित मामलों की सुनवाई करेंगे। चीफ जस्टिस अपने रिटायरमेंट से पहले के 19 कार्यदिवस में जिन चर्चित मामलों पर फैसला सुना सकते हैं, इसमें अयोध्या, सबरीमाला मंदिर मामला, आधार, समलैंगिकता, एडल्टरी, दागी नेताओं के चुनाव लड़ने पर बैन का मामला, दहेज प्रताड़ना में सेफगार्ड आदि शामिल हैं। इनमें से 11 की सुनवाई पूरी हो चुकी है।

चीफ जस्टिस की अगुवाई वाली बेंच ने इन केसों में फैसला सुरक्षित कर रखा है। वहीं दाउदी बोहरा मुस्लिम समुदाय में खतना के मामले अभी सुनवाई जारी है। इन सभी मामलों का देश के आर्थिक, सामाजिक, पारिवारिक और राजनीतिक तौर खासा असर होने वाला है। इस तरह इस महीने चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा के फैसलों पर देश भर की नजर रहेगी।

क्या हैं बड़े मामले

अयोध्या मामला: अयोध्या का राममंदिर-बाबरी मस्जिद विवाद सुप्रीम कोर्ट में है। इसी मामले के तहत एक बड़ा सवाल उठा है कि 1994 में सुप्रीम कोर्ट ने अपने एक फैसले में कहा था कि मस्जिद में नमाज पढ़ना इस्लाम का अभिन्न अंग नहीं है। इस फैसले के दोबारा परीक्षण के लिए इसे सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक बेंच के सामने भेजा जाए या नहीं, फैसला सुरक्षित रखा गया है।

आधार मामला: 38 दिनों की मैराथन सुनवाई के बाद आधार मामले में फैसला सुरक्षित रख गया था। निजता को मौलिक अधिकार बताने का फैसला आने के बाद अब इस बारे में फैसला आएगा कि क्या आधार के लिए लिया जाने वाला डेटा निजता का उल्लंघन है या नहीं?

समलैंगिकता: दो बालिगों के बीच सहमति से बनाए गए अप्राकृतिक संबंध को अपराध के दायरे में रखा जाए या नहीं, इस मसले पर सुनवाई पूरी हो चुकी है। फैसला सीजेआई की बेंच के पास सुरक्षित है।

अडल्टरी केस: अगर कोई शादीशुदा पुरुष किसी दूसरी शादीशुदा महिला के साथ उसकी सहमति से संबंध बनाता है तो संबंध बनाने वाले पुरुष के खिलाफ उक्त महिला का पति अडल्टरी का केस दर्ज करा सकता है, लेकिन संबंध बनाने वाली महिला के खिलाफ मामला नहीं बनता। यह नियम भेदभाव वाला है या नहीं, इस पर फैसला आएगा।

SC/ST प्रमोशन में आरक्षण: प्रमोशन में आरक्षण मामले में सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने 30 अगस्त को फैसला सुरक्षित रख लिया था। मामले को सात जजों की संवैधानिक बेंच को रेफर किया जाए या नहीं इस मसले पर फैसला आएगा।

कोर्ट में सुनवाई की रिकॉर्डिंग: सुप्रीम कोर्ट यह तय करेगा कि कोर्ट कार्यवाही की रिकॉर्डिंग और सीधा प्रसारण होना चाहिए या नहीं।

दागियों के चुनाव लड़ने पर रोक: सुप्रीम कोर्ट इस बात को तय करेगा कि जिन नेताओं के खिलाफ गंभीर मामले में आरोप तय हो गए हैं, उनके चुनाव लड़ने पर रोक लगाई जाए या नहीं?

दहेज प्रताड़ना केस: दहेज प्रताड़ना के आरोप वाले मामले में सेफ गार्ड की जरूरत है या नहीं? इस पर फैसला आएगा। दहेज केस में सीधे गिरफ्तारी पर रोक के फैसले की दोबारा सुनवाई हुई थी।

सबरीमाला में महिलाओं को एंट्री:संवैधानिक बेंच तय करेगी कि केरल के सबरीमाला मंदिर में 10 साल से लेकर 50 साल की उम्र की महिलाओं को एंट्री दी जाए या नहीं?

भीड़ के नुकसान: भीड़ के हिंसक प्रदर्शन पर चीफ जस्टिस की अगुवाई वाली बेंच इस मामले में गाइडलाइंस जारी करेगी। पुलिस और उत्पात मचाने वालों की जवाबदेही तय होगी।

नेताओं की बतौर वकील प्रैक्टिस: नेताओं के बतौर वकील प्रैक्टिस करने के खिलाफ याचिका पर सुनवाई पूरी हो चुकी है। फैसला इसी महीने आएगा।

4 अगस्त को दी जायेगी विनयांजलि

सिवनी-कड़वाहट मेरे प्रवचन में नही समाज और लोगो के आपसी रिश्तों में घुल गयी इसलिए मेरे प्रवचन कड़वे लगते है । ऐसा संदेश देने वाले पूज्य गुरुवर 108 मुनिश्री तरुणसागर जी जो अब हमारे बीच से देवलोकगमन कर गए। जिन्होंने कड़वे प्रवचन से पूरे विश्व को जीवन जीने की कला बताई। उन्हें भावपूर्ण विनयांजलि देने का कार्यक्रम संवेदना मंच द्वारा रखा गया है।

दिनांक-04-09-2018

समय-शाम 5.30बजे

स्थान- स्मृति लॉन जिला अस्पताल के सामने बाहुवली चौक।

संवेदना मंच सिवनी के सुरेंद्र श्रीवास्तव अधिवक्ता,प्रदीप बैस अधिवक्ता,पंकज शर्मा अधिवक्ता,इंद्रेश शर्मा अधिवक्ता,विनोद राय अधिवक्ता,अजित जैन,पवन मेहंदीरत्ता, नीरज भार्गव,एवं अन्य संवेदना मंच सदस्य ने अधिक से अधिक जन मानस से उपसिथति की अपील की हे

संदिग्ध अवस्था में मिला युवक का शव

केवलारी – समीपस्थ ग्राम पंचायत बगलई के ग्राम कोहका में एक युवक की लाश मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई युवक को पत्थरों से बांधकर नाले में फेंक दिया गया था प्राप्त जानकारी के अनुसार बगलई निवासी बीरबल उर्फ दलवीर पिता मस्तराम कुवैती उम्र 20 वर्ष पिछले 2 दिन से घर से गायब था जिसकी पतासाजी उसके परिजन एवं गांव वाले कर रहे थे जो कि आज संदिग्ध हालत में कोहका ग्राम के अर्जुन नाला में पत्थरों से बंधा हुआ शव के रूप में मिला। पुलिस थाना केवलारी से प्राप्त जानकारी के अनुसार युवक की मां एवं युवक के भाई द्वारा उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट थाने में दर्ज कराई गई थी जिसके बाद पुलिस महकमा लगातार युवक के तलाश स्थानीय ग्राम वासियों के साथ मिलकर कर रहा था पुलिस ने बताया कि युवक अपने दो साथियों के साथ 1 तारीख को समीपस्थ ग्राम कोहका में कच्ची शराब पीने गया था जहां उसको जानकारी मिली कि आबकारी विभाग की गाड़ी में अधिकारी छापा मारने आ रहे है तो सारे युवक वहां से भागे और खेतों की तरफ चले गये। भागते हुए दलवीर कुवैती खेतों की तरफ चला गया जहां मक्के की फसल को जानवरों से बचाने के लिए खेत मालिक ने अवैध रूप से हाईटेंशन लाइन से करंट बिछा कर रखा था करंट लगने से उस युवक की वही मौत हो गई संभवत साक्ष्य छुपाने के उद्देश्य से खेत मालिकों द्वारा उक्त युवक की लाश को अर्जुन नाला में जी आई तार से वजनदार पत्थर बांध कर फेक दिया गया होगा। युवक के शरीर में बिजली करंट के जलने जैसे निशान गला सीना पेट एवं दोनों भुजाओ में पाए गए हैं। शव का पंचनामा करते हुए पोस्टमार्टम हेतु केवलारी अस्पताल भेजा गया। जांच पर प्रथम दृष्टया धारा 304 , 201 भारतीय दंड विधान का अपराध कायम कर विवेचना में लिया गया है जिस की विवेचना जा रही है ! आपको बता दे की क्षेत्र के लोगों का कहना है की कौहका निवासी विजय तिवारी के खेत में जंगली जानवारों से मक्के की फसल बचाने के लिये अपने खेत में करेंट लगाया जा रहा था तो उसी खेत के में करेंट लगने से मृतक की मर्त्यु हुई है जो की जांच का विषय है !

इनका कहना है

काशीराम कुरबेती एस डी ओ पी केवलारी

उक्त युवक की लाश पुलिस जांच जारी है अवैध रूप से खेत करेंट लगाने वाले खेत मलिक पर उचित कार्यवाही की जायेगी.

कृष्ण प्रत्येक युग के लिये आश्वस्ति: अरूण 

सिवनी – भगवान श्रीकृष्ण की बाल लिलायें एवं उनके द्वारा समाज में एकता स्थापित करने के लिये जो प्रयास किये गये वह आज भी प्रासंगिक है बचपन उनका अटखेलियों में बीता एवं युवा अवस्था में उन्होंने जो कार्य किये वह आज भी प्रासंगिक है इसी बात को ध्यान में रखते हुये यादव महासभा द्वारा जन्माष्ठमी पर्व के अवसर पर अनेक आयोजन किये जाते है इसी तारतम्य में 3 सितम्बर को रैली का आयोजन किया गया जय अंबे सिक्यूरटी सर्विस के डायरेक्टर अरूण यादव ने कहा कि कृष्ण प्रत्येक युग के लिये आश्वस्ति है कर्म के प्रणेता है कृष्ण की प्रासंगिकता प्रत्येक युग में बनी रहती है |

एडव्होकेट अखिलेश यादव ने कहा कि कृष्ण कृतित्व में प्रत्येक युग के प्रश्रों के उत्तर और उसकी समस्याओं के समाधान है उनका व्यक्तित्व व कृतित्व इतना लचीला है कि वह प्रत्येक परिस्थिति में अनुकूल हो जाता है के के यादव सर ने कहा कि कृष्ण के जाने कितने नाम है, उनसे जुडी जाने कितनी लीलाएं है आख्यान है, दर्शन है, लेकिन ये सब उनकी देखने की भिन्न भिन्न दृष्टियां है वे तो अपनी अस्मिता में केवल चपल ग्वाले से लेकर महाभारत की गीता के आख्याता है वे एक साथ रोसश्वर भी है तथा योगेश्वर भी और इन दोनों स्वरूपों में वे परम विश्वसनीय है वे यशोदा को ाभी अपना ब्रहा स्वरूप दिखाते है और कुरूक्षेत्र में अर्जुन को भी लेकिन अंतत: अपनी मानवीय अस्मिता में लौट आते है विनोद यादव ने कहा कि मनुष्य की आस्था को यह जताने हेतु कि ईश्वर की नियति सच्चे मनुष्य होने में है यह सहज जिज्ञासा होती है अखिलेश यादव ने कहा  कि आज के इस प्रगतिशील पल पल परिवर्तित होते समय में कृष्ण की इतनी स्मृति क्यों बनी रहती है उनकी छवि उनका कृतित्व क्यों हमारे मन से दूर करें नही हो पाता .

गणेश चौक से कटंगी नाके तक सड़क के दोनों ओर लगेंगे पेवर ब्लॉक आमजनों की सुविधा को दृष्टिगत रख कलेक्टर ने दिये आवश्यक निर्देश

सिवनी । जिला मुख्यालय सिवनी में गणेश चौक से कटंगी मार्ग स्थित बायपास चौक तक एमपीआरडीसी विभाग द्वारा डामरीकृत नवीन रोड का निर्माण कार्य प्रगति पर है। कार्य के दौरान मोक्षधाम स्थित पुल का निर्माण भी अधिकृत निर्माण एजेंसी द्वारा करवाया जा रहा है, वहीं वर्तमान स्थिति में स्वीकृत डीपीआर के अनुसार डामर रोड का कार्य घसियारी मोहल्ला चौक शहीद वार्ड स्थित पूर्व में निर्मित डामर रोड को चौड़ा कर बनाया जा रहा है।

एमपीआरडीसी पीआईयू छिंदवाड़ा इकाई के अस्सिटेंट जनरल मैनेजर दीपक आड़े ने खबरसत्ता न्यूज पोर्टल से चर्चा करते हुये बताया कि विभाग द्वारा स्वीकृत कार्य योजना अनुसार 7 मीटर डामर रोड एवं मार्ग के दोनों ओर 1.5 मीटर पेवर ब्लॉक लगाया जाना है।

ज्ञात हो कि स्थानीय कुछ जागरूक नागरिकों द्वारा उपरोक्त नवीन मार्ग को कटंगी बायपास से लेकर गणेश चौक बरघाट रोड तक बनाने हेतु जिला कलेक्टर गोपालचंद्र डाड से निवेदन किया गया था, जिससे पश्चात आम जनों की सुविधा को ध्यान में रखते हुये कलेक्टर सिवनी द्वारा ऐजीएम दीपक आड़े को निर्देश दिये गये है कि वे विभाग से स्वीकृत कार्य के अलावा सीमेंटीकृत रोड से लेकर गणेश चौक तक सड़क मार्ग के दोनों ओर सड़क से नाली तक पेवर ब्लॉक लगाकर आवागमन व्यवस्थित करें। कलेक्टर द्वारा दिये गये निर्देशों के परिपालन में विभाग उक्त कार्य को स्वीकृत कार्य के अतिरिक्त करने जा रहा है, इस बात की पुष्टि एमपीआरडीसी के अधिकारी दीपक आड़े ने की है।

ज्ञात हो कि गणेश चौक से लेकर शुक्रवारी होकर कटंगी नाके की ओर जाने वाले मार्ग में अतिक्रमण पैर पसारे हुये हैं। बीते दिनों सड़क मार्ग के अवलोकन के दौरान सारे अधिकारी उपस्थित थे, . लेकिन कलेक्टर के निर्देशों के बावजूद भी मुख्य नगर पालिका अधिकारी निरीक्षण के दौरान उपस्थित नहीं हुये, जिसके कारण अतिक्रमण संबंधी बिंदु पर कोई पहल नहीं हो पायी है। देखना यह है कि अतिक्रमण हटाये बिना एमपीआरडीसी की एजेंसी सिवनी कलेक्टर के निर्देशों के परिपालन में आम जनता की सुविधा को दृष्टिगत रखते हुये कार्य कैसे कर पायेगी। चूंकि नगर पालिका क्षेत्र के अंतर्गत अतिक्रमण हटाने में विभागीय अधिकारी की अहम भूमिका होती है और इसी नगर पालिका प्रशासन के सीएमओ अपने कत्र्तव्यों के प्रति निष्क्रियता का परिचायक बने है।

ये क्या कहते है

गणेश चौक बरघाट रोड कटंगी बायपास तक आवागमन हेतु सुविधाजनक मार्ग का निर्माण होना है। वर्तमान में हो रहे  कार्य के अतिरिक्त जिस जगह

से सीमेंटीकृत कार्य आरंभ होता है उसके दोनों ओर बनी नाली तक रोड को चौड़ा कर पेवर ब्लॉक लगाने के निर्देश एमपीआरडीएसी अधिकारी को दे दिये गये वर्षा समाप्त होते ही उक्त कार्य भी आरंभ होगा।

गोपालचंद्र डाड

कलेक्टर, सिवनी