सिवनी : अगस्त माह में निरंतर जारी भारी बारिश के बाद आज 31 अगस्त को भीमगढ़ बांध का जलस्तर जैसे ही 518.9 पर पहुचा। बांध के 10 में से 2 गेट खोले गये हे,मालुम हो पिछले 3 वर्षों में पहली बार गेट खोलने की नोबत आई है।
80000 ₹ कीमत का गांजा सहित सिवनी के गांजा तस्कर पुलिस की गिरफ्त में
गांजा की खेप को विशेष टीम ने धरदबोचा । सिवनी एस पी ने की टीम को नगद इनाम से पुरुस्कृत करने की घोषणा
सिवनी : मादक पदार्थो के दुष्पप्रभाव को रोकने के लिए जिला पुलिस अधीक्षक कुमार प्रतीक एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कमलेश खरपुसे,एसडीओपी संजीव पाठक के मार्गदर्शन में डूंडासिवनी थाना प्रभारी अमित दाणी एवं अन्य साथियों के साथ कार्रवाई की गई।
जिसमें 10-10 किलो गांजा जप्त किया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार छत्तीसगढ़ से मंडला होकर सिवनी लाये जा रहे गांजा की खेप आने की सूचना पर डूंडासिवनी पुलिस की उपनिरीक्षक आकांक्षा सहारे,जीएस राजपूत की अलग-अलग टीम तैयार कर घेराबंदी करते हुए मंडला रोड पर पकड़ा गया।
आरोपी नरेन्द्र पिता सुमेरसिंह उईके 19 वर्ष झिरिया मोहल्ला सिवनी एवं संजय मुचाकी पिता बुधरा 21 वर्ष तुमलभुट्टी थाना गोलापल्ली जिला सुकमा छत्तीसगढ़ को गिरफ्तार किया गया। उक्त गांजा सिवनी शहर के अनिल पिता गणेश अग्रवाल संजय वार्ड निवासी तथा दिनेश पिता अमरलाल भारद्वाज पानी टंकी के पास सिवनी के लिए 10-10 किलो गांजा पृथक-पृथक बैग में सुकमा छत्तीसगढ़ से जगदलपुर, रायपुर, बैहर,चिरईडोंगरी होते हुये सिवनी लाया जाना बताया गया।
आरोपी के विरूद्ध एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। प्रकरण में जप्तशुदा मादक पदार्थ गांजा की कीमत 80 हजार रूपए बताई जा रही है उक्त कार्रवाई में सहायक उपनिरीक्षक पीएस देशमुख, प्रधान आरक्षक योगेश राजपूत, देवेन्द्र जायसवाल, जयदीप सेंगर, अमर उईके, अभिराज राजपूत, परवेश खान, श्यामसुंदर तिवारी, अजय बघेल, शेखर बघेल, मुकेश,सुरेश,जितेन्द्र,गंगाराम,नीरज, संतोष,परमेश्वर का विशेष योगदान रहा। पुलिस अधीक्षक के द्वारा टीम के सदस्यों को नगद ईनाम से पुरूस्कृत करने की घोषणा की गई है।

विभिन्न मांगों को लेकर सौपा ज्ञापन
सिवनी : आज दिनांक 30/8/2019 को अशासकीय शैक्षणिक संगठन के समस्त पदाधिकारियों एवं प्राध्यापकों द्वारा विद्यालयों एवं महाविद्यालयों की विभिन्न मांगों को लेकर माननीय मुख्यमंत्री जी एवं स्कूल तथा उच्च शिक्षा मंत्री के नाम ज्ञापन अपरान्ह 2 बजे समस्त पदाधिकारियों की उपस्थिति सौंपा गया,जिसमें छात्रों की बढती संख्या को देखते हुए महाविद्यालयों में प्रवेश का एक चरण और प्रदान करने,एम एस सी(रसायन,गणित,भौतिक) जैसे स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में शासकीय महाविद्यालयों की तरह ,सीट बढ़ाने का अधिकार प्रदान करने की अपेक्षा की है।
ज्ञातव्य है कि शासकीय महाविद्यालय हर वर्ष छात्र संगठनों के दबाव में स्नातक कक्षाओं में 200-500 तक तथा स्नाकोत्तर में 20-50 सीटें तक बढ़ा रहा है।जबकि अशासकीय महाविद्यालयों में 20वर्षो बाद भी सीटें नहीं बढाए जाना ,शासन की भेदभाव पूर्ण नीति रही हैं। ज्ञातव्य हो कि सी एल सी चरण में छात्रों को 9महाविद्यालय का विकल्प दिये जाने की मांग की गई क्योंकि जब छात्र सी एल सी चरण में एक ही महाविद्यालय को भरता है तो सीट भरने की स्थिति में वह रिक्त स्थान महाविद्यालयों से वंचित रह जाता है।
इस अदूरदर्शीता के कारण 2000 के लगभग छात्र महाविद्यालयों में अभी भी प्रवेश नहीं ले पाए हैं अतः छात्र हित में महाविद्यालयों में रिक्त स्थानों को देखते हुए पंजीयन /वेरिफिकेसन का एक अवसर अवश्य प्रदान किया जाए।संगठन द्वारा विद्यालयों की तीन महत्वपूर्ण मांगों जिसमें मान्यता की अवधि पांच वर्ष करने की आवश्यकता पर बल दिया।साथ ही जिन विद्यालयों द्वारा पांच वर्ष की मान्यता राशि जमा कर दी गई है,उन्हे 5वर्ष की मान्यता प्रदान करने,तथा 2016 से अभी तक प्रदान नहीं की गई आर टी ई की राशि का तत्काल भुगतान करने की मांग की गई।
इस अवसर पर संगठन के अध्यक्ष डॉ के के चतुर्वेदी,उपाध्यक्ष श्रीराम कुमार रघुवंशी,श्री तेर सिंह रांहगडाले श्री राणा सर सचिव श्री अखिलेश तिवारी,सह-सचिव श्री फिरदोस खान श्री गजेश ठाकरे,श्री बरमैय्या ,आई टी आई संघ से श्री टी आनंद सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी उपस्थित रहे।

प्रदेश काग्रेस अध्यक्ष के लिये मचा घमासान | MP NEWS
भोपाल : प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष को लेकर कार्यकारी अध्यक्ष सोनिया गांधी का पार्टी नेताओं के साथ वन टू वन दिल्ली में चल रहा है। मप्र कांग्रेस के नये अध्यक्ष को लेकर मुख्य विवाद मुख्यमंत्री कमल नाथ और वरिष्ठ नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के बीच किसी एक नाम पर सहमति न बन पाना बताया जा रहा है।
हाईकमान चाहता है कि इन दोनों नेताओं की सहमति से किसी का नाम तय हो। सूत्रों का कहना है कि दो -तीन दिन के अंदर नया अध्यक्ष पार्टी को मिल जाएगा। महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव को लेकर बनाई गई स्क्रीनिंग कमेटी के चेयरमैन ज्योतिरादित्य सिंधिया प्रदेश अध्यक्ष नहीं बनना चाहते बल्कि वे रामनिवास रावत को अध्यक्ष बनवाना चाहते हैं
मुख्यमंत्री कमल नाथ गृहमंत्री बाला बच्चन को पद दिलवाने के लिए प्रयासरत हैं,लेकिन एक व्यक्ति एक पद सिद्धांत के चलते उन्हें मंत्री पद छोड़ना पड़ेगा। इसके लिए बाला तैयार नहीं हैं। प्रदेश अध्यक्ष के लिए एजुकेशन मिनिस्टर प्रभुराम चौधरी का नाम अचानक सबसे ऊपर आया है।
सूत्रों के अनुसार श्रीमती गांधी ने उन्हें दिल्ली बुलाकर मुलाकात भी की है। इधर, नाथ ने वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह का नाम सोनिया गांधी को सुझाया है। प्रभुराम चौधरी संगठन के लिए मंत्री पद छोड़ने की सहमति भी हाईकमान के समक्ष दे चुके हैं।
दरअसल,हाईकमान की सोच है कि जिसे भी अध्यक्ष बनाया जाए वह एक समान दृष्टि से सभी कार्यकर्ता को समझे। वह किसी एक नेता या गुट के प्रभाव में कार्य न करे। मप्र में कांग्रेस की सरकार 15 साल बाद बनी है मगर सरकार के मंत्रियों के कामकाज से पार्टी के प्रति बहुत अच्छा वातावरण नहीं नहीं बन पाया है। मंत्रियों के सुर बदल चुके हैं।
कार्यकर्ताओ से उंन्होने दूरी बना रखी है। मंत्री चमचों से घिर गए हैं। इससे संगठन को मजबूती मिलने की बजाय कमजोर पड़ रहा है। मुख्यमंत्री कमल नाथ की छवि जनता में जरूर बढ़ रही है। नाथ प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष भी हैं लेकिन सरकारी कार्यों की व्यस्तता के कारण पार्टी के लिए समय नहीं दे पा रहे।
यही वजह है कि जहां भाजपा का सदस्यता अभियान नया कीर्तिमान रच चुका हैं वहीं कांग्रेस नेताओं की सदस्यता अभियान को लेकर कोई रुचि नजर नहीं आती। संगठन प्रभारी चंद्रप्रभाष शेखर को बार बार जिलाध्यक्षो को पत्र लिखना पड़ रहा है।
दिग्विजय सिंह के नाम पर सहमति बनाने के जो प्रयास दिल्ली में हो रहे हैं,उस पर सिंधिया की जोरदार आपत्ति के बाद रोक लग गई है। आज कमल नाथ ने सोनिया से मिलकर इस पूरे विषय पर रायशुमारी की है। इस बात की पूरी संभावना है कि सिंधिया की मर्जी का कोई नेता प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष होगा।
मुख्यमंत्री एवं अध्यक्ष मप्र कांग्रेस कहते है : सोनिया गांधी जी से विभिन्न मुद्दों पर बात हुई है।मध्यप्रदेश के संगठन पर भी बात हुई, मैं केन्द्र में कई वर्षों तक मंत्री रहा हूँ ,अन्य प्रदेशों पर भी बात हुई। प्रदेश अध्यक्ष को लेकर कहा, मैं तो लगा हूं नया अध्यक्ष जल्द बनाया जाए, क्योंकि मेरे पास मुख्यमंत्री पद का भी दायित्व है।चूँकि लोकसभा का चुनाव था , मुझे कहा गया था कि मुझे अभी तह दायित्व संभालना है।उसके बाद लोकसभा चुनाव के बाद मैंने फिर से कहा था कि नया अध्यक्ष बनाना चाहिए। ज्योतिरादित्य सिंधिया किसी भी तरह नाराज नहीं है। वह पूरी तरह से साथ है।

भीमगढ़ डेम के गेट खोलने की कागार पर
सिवनी: सिवनी जिले में बने भीमगढ़ बांध के अब गेट खोले जाने के आसार बनते दिखाई दे रहे है । समाचार लिखे जाने तक भीमगढ़ बाँन्ध का जलस्तर 517.50 मीटर तक पहुच चुका है ।
प्राप्त जानकारी के अनुसार भीमगढ़ बांड का जलस्तर जैसे ही 518 मीटर तक आजायेगा उस समय निर्देशानुसार भीमगढ़ बाँन्ध के कुछ गेट खोल दिये जायंगे । मौसम की मेहरबानी के चलते अगस्त माह में जिले सहित छिन्दवाड़ा के अमरवाड़ा क्षेत्र में हुई भारी बारिश के बाद आज 30 अगस्त को भीमगढ़ जलाशय का स्तर 517.60 मीटर तक पहुच गया है।
एस डी ओ भीमगढ़ परियोजना उदयभान मर्सकोले ने बताया कि फ़िलहाल गेट नही खोले जा रहे हे,लेकिन जैसे ही बांध का स्तर 518 मीटर तक आ जायेगा निर्देश अनुसार कुछ गेट खोले जाएंगे।

कॉलेज में सीटें फुल! प्रवेश को भटक रहे विद्यार्थी!
सिवनी । उच्च शिक्षा विभाग द्वारा इस बार महाविद्यालयों में प्रवेश को लेकर ऑनलाईन आवेदन प्रक्रिया के चलते जो नीति प्रारंभ की है उसको लेकर विद्यार्थियों का भविष्य अंधकारमय हो रहा है।
एक विद्यार्थी प्रवेश के लिये 05 से 07 महाविद्यालय में ऑन लाईन के माध्यम से आवेदन कर रहे है जिसके चलते महाविद्यालय प्रशासन को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। एक ओर शासकीय महाविद्यालयों में अध्यापन के अतिरिक्त न्यूनतम स्टॉफ है और लगभग दो माह से प्रवेश को लेकर महाविद्यालयों में विद्यार्थियों की संख्या के चलते छोटी-छोटी सी बातों के लिए परेशान होना पड़ता है।
सिवनी जिले शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय के अंतर्गत सिवनी के समस्त महाविद्यालय संचालित होते है और ऑन लाईन के माध्यम से प्रतिशत के आधार पर अधिकांश महाविद्यालय में कला, वाणिज्य, विज्ञान की सींटे फुल हो चुकी है। अगर विश्व विद्यालय द्वारा शासकीय, अशासकीय,महाविद्यालयों में सींटे बढ़ाई जाती है तो निश्चित ही विद्यार्थियों के होने वाले भविष्य के साथ खिलवाड़ को रोका जा सकता है। अन्यथा मजबूर होकर जिले के विद्यार्थियों को अन्य जिलों में अध्यापन के लिए पलायन करना पड़ेगा।
इस संबंध में पीजी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सतीश चिले ने बताया कि उनके महाविद्यालय में सभी संकाय की सींटे फुल हो चुकी है। इसी तरह अन्य अशासकीय महाविद्यालयों में भी स्थिति यही बनी हुई है। अगर विश्व विद्यालय सांईस में 20-20 सींटे बढ़ाता है तो काफी हद तक विद्यार्थियों की समस्या समाधान हो सकता है।
इस मामले को लेकर भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन को भी उच्च शिक्षा मंत्री जीत्तू पटवारी के माध्यम से सींटे बढ़ाये जाने को लेकर प्रयास करना चाहिए। इसी तरह अखिल भारतीय विद्याथी परिषद जो राष्ट्रहित में विद्यार्थियों के हित की बात करती है उसे भी प्रयास करना चाहिए तभी विद्यार्थी जिले से पलायन नही करेंगे। अन्यथा विद्यार्थियों के भविष्य को कोई नही बचा सकता।

डाग स्क्वाड की मदद से नीलगाय के शिकारी धराए
पेंच टाईगर रिजर्व के बफर क्षेत्र में नीलगाय के शिकार की घटना प्रकाश में आई है।
कुरई । प्राप्त जानकारी के अनुसार बफर क्षेत्र के घाट कोहका बीट के साल्हे कक्ष क्रमांक आर 389 में बिजली का करंट लगाकर नीलगाय के शिकार की सूचना मिलने पर वन विभाग के अमले ने कार्यवाही की है। अमले को इस बीट से लगे राजस्व क्षेत्र में नीलगाय का चमड़ा और अन्य अवशेष मिले।
बताया जाता है कि इस दौरान डाग स्क्वाड की मदद भी ली गई। वन विभाग के द्वारा इस माले में दो आरोपी कमल पिता फिरादी उईके, सरवन लाल एवं शिवदयाल को पकड़ा है, जिन्होंने खाने की गरज से नीलगाय के शिकार की बात स्वीकार कर ली है। वन विभाग के द्वारा अवशेषों को जप्त कर वन अधिनियम के तहत कार्यवाही की गई है।

बुजुर्ग को आए चक्कर, मौत
सिवनी । गुरूवार की सुबह घर से निकले एक बुजुर्ग को दोपहर लगभग बारह बजे बस स्टैण्ड में चक्कर आए और वे जमीन पर गिर गए। बुजुर्ग को ईलाज के लिए 108 एंबूलेंस से अस्पताल ले जाया गया।
कोतवाली पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार छपारा निवासी सेवा निवृत शिक्षक अब्दुल खालिक (72) अब्दुल अहद कुरैशी सिवनी किसी काम से आए हुए थे। इसी दौरान वे यातायात थाने के बाजू में चक्कर खाकर गिर गए, इससे उनके सर पर चोट आई। उन्हें एंबूलेंस से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां ईलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। पुलिस ने शव का पंचमाना बनाकर शव का पीएम कराकर परिजनों को शव सौंप दिया है।








