Home Blog Page 143

सफल अधिकारी बनने सरल, सेवाभावी तथा संवेदनशील रहें : राज्यपाल श्री पटेल – MPINFO

राज्यपाल से प्रशिक्षु आई.ए.एस. अधिकारियों ने राजभवन में की भेंट: राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कहा है कि अधिकारियों के लिए उनका व्यवहार सबसे अधिक महत्वपूर्ण है। सफल अधिकारी बनने सरल, सेवाभावी तथा संवेदनशील रहें।

आप सभी की जहाँ भी पदस्थापना हो, जिनसे भी मिलें, सरल भाषा में आत्मीयता से बात करें। गरीबों एवं वंचितों की बेहतरी के लिए काम करना ही प्रशासनिक सेवा की सार्थकता है। राज्यपाल श्री पटेल भारतीय प्रशासनिक सेवा के 2023 बैच के प्रशिक्षु अधिकारियों को संबोधित कर रहे थे।

राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि प्रभावी अधिकारी बनने के लिये सीखने का भाव जरूरी है। पूरे सेवाकाल में सीखते रहें। कार्य क्षेत्रों का सघन दौरा करें। जनता की समस्याओं को गम्भीरता से सुनें और समाधान करें। अधिकारियों तक जनता की एवं जनता तक आपकी पहुँच सुलभ हो।

उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण व जमीनी अनुभवों में अंतर होता है। व्यवहार में अनेक ऐसी समस्याएं आती हैं जिनका समाधान दिशा-निर्देशों में नहीं मिलता है। आप सभी को इन्हीं समस्याओं और चुनौतियों का समाधान जन-मन की आशा एवं अपेक्षा के अनुरूप करना होगा।

राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि आप बहुत सौभाग्यशाली हैं, जिन्हें आजादी के अमृत प्रसंग में जनसेवा तथा देशसेवा का पुनीत अवसर प्राप्त हुआ है। आप सिविल सेवकों की उस पीढ़ी से हैं जो 2047 में देश को विकसित भारत बनाने के परिवर्तन काल के निर्णयकर्ता और साक्षी बनेंगे।

राज्यपाल श्री पटेल का महानिदेशक नरोन्हा अकादमी श्री जे.एन. कंसोटिया ने पौधा भेंट कर स्वागत और स्मृति चिन्ह भेंट कर अभिनंदन किया। अकादमी की ओर से प्रशिक्षु अधिकारी श्री शिवम यादव ने प्रशिक्षण काल के अपने अनुभवों को साझा किया। श्रीमती नेहा भारतीय ने प्रशिक्षु अधिकारियों के लिए अकादमी के प्रशिक्षण कार्यक्रम की जानकारी दी।

कार्यक्रम में राज्यपाल के प्रमुख सचिव श्री मुकेश चंद गुप्ता, अपर सचिव श्री उमाशंकर भार्गव, विधि अधिकारी श्री उमेश कुमार श्रीवास्तव, प्रशिक्षु अधिकारी और संबंधित मौजूद थे।

सिवनी: बंद हुआ खवासा चेकपोस्ट, कलेक्टर और अन्य अधिकारियों ने किया निरीक्षण

सिवनी: मध्यप्रदेश के सिवनी जिले में शासन द्वारा जारी नए आदेश के अनुपालन में अंतर्राज्यीय एकीकृत परिवहन जाँच चौकी खवासा का संचालन बंद कर दिया गया है। यह आदेश मध्यप्रदेश शासन परिवहन विभाग मंत्रालय, वल्लभ भवन भोपाल के आदेश क्रमांक 925/1429257/2023/आठ – भोपाल, दिनांक 30.06.2024 के आधार पर जारी किया गया है। इस आदेश के तहत 01 जुलाई 2024 से चेक पोस्ट का संचालन बंद कर दिया गया है।

कलेक्टर और अन्य अधिकारियों का निरीक्षण

कलेक्टर सुश्री संस्कृति जैन के निर्देशानुसार, अपर कलेक्टर श्री सी.एल. चिनाप, एडिशनल एस.पी. श्री जी.डी. शर्मा, अतिरिक्त क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी श्री देवेश बाथम, और प्रभारी रोड सेफ्टी एवं इंफोर्समेंट चैकिंग पॉइंट श्री रत्नाकर उइके द्वारा बंद परिवहन जाँच चौकी खवासा का औचक निरीक्षण किया गया। अधिकारियों ने रोड सेफ्टी और इंफोर्समेंट चैकिंग पॉइंट तथा मोबाइल यूनिट के लिए स्थल चयन किया और प्रवर्तन अमला को दिशा-निर्देश प्रदान किए।

परिवहन विभाग के निर्देश

परिवहन विभाग के निर्देशों के अनुसार, सिवनी जिले के खवासा क्षेत्र में स्थित अंतर्राज्यीय चेक पोस्ट को बंद करने का मुख्य उद्देश्य परिवहन प्रक्रिया को सरल और सुचारू बनाना है। इस निर्णय के बाद, यात्री और मालवाहक वाहनों को बिना किसी अवरोध के अंतर्राज्यीय सीमा पार करने की अनुमति होगी।

चेक पोस्ट बंद होने के लाभ

चेक पोस्ट बंद होने से कई लाभ होंगे। सबसे पहले, यह परिवहन में लगने वाले समय को कम करेगा और यात्रियों को बेवजह की देरी से निजात दिलाएगा। इसके अलावा, व्यापारियों को भी अपना माल तेजी से गंतव्य तक पहुँचाने में आसानी होगी। यह कदम राज्य के आर्थिक विकास में सहायक सिद्ध होगा क्योंकि वस्तुओं का परिवहन सुगमता से हो सकेगा।

रोड सेफ्टी और इंफोर्समेंट की भूमिका

हालांकि चेक पोस्ट को बंद कर दिया गया है, परंतु रोड सेफ्टी और इंफोर्समेंट चैकिंग पॉइंट और मोबाइल यूनिट की स्थापना के माध्यम से सुरक्षा और नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाएगा। इन इकाइयों का मुख्य कार्य सड़कों पर यातायात नियमों का पालन कराना और वाहनों की नियमित जांच करना होगा।

स्थानीय निवासियों और व्यापारियों की प्रतिक्रिया

स्थानीय निवासियों और व्यापारियों ने इस निर्णय का स्वागत किया है। उनका मानना है कि इस कदम से समय और संसाधनों की बचत होगी और व्यापारिक गतिविधियाँ बढ़ेंगी। कई व्यापारियों ने इस निर्णय को सकारात्मक रूप में देखते हुए कहा कि इससे परिवहन खर्चों में कमी आएगी और माल की डिलीवरी समय पर हो सकेगी।

भविष्य की योजनाएँ और दिशा-निर्देश

आने वाले समय में, सरकार और परिवहन विभाग अन्य क्षेत्रों में भी इसी प्रकार के सुधारात्मक कदम उठाने की योजना बना रहे हैं। उनका उद्देश्य परिवहन प्रणाली को अधिक प्रभावी और सुविधाजनक बनाना है। इसके लिए, नई तकनीकों और प्रौद्योगिकी का उपयोग किया जाएगा ताकि यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाया जा सके।

Seoni News: सिरी सीड्स इंडिया प्रायवेट लिमिटेड कम्पनी सिवनी जिले में प्रतिबंधित, कीटनाशक एवं उर्वरक गुण नियंत्रण अन्तर्गत लिया गया फैसला

सिवनी: जिले में कृषकों को गुणवत्ता युक्त आदान सामग्री उपलब्ध कराने हेतु जिला कलेक्टर महोदया सुश्री संस्कृति जैन के निर्देशानुसार एवं उपसंचालक कृषि सिवनी मोरिस नाथ द्वारा जिला स्तर पर 1 एवं अनुभाग स्तर पर 2 जांच दलों गठन किया गया है।

गठित दल द्वारा जिले में बीज, कीटनाशक एवं उर्वरक विक्रता संस्थानों में सतत् निरीक्षण किया जा रहा है। जिले में यूरिया के 27 नमूने एवं डी.ए.पी. के 6 नमूने जांच हेतु लिये जाकर उर्वरक गुण नियंत्रण प्रयोगशाला भेजे गये जिसमें यूरिया के 26 नमूने के परिणाम प्राप्त हुये 26 नमूने मानक स्तर के पाये गये एवं डी.ए.पी. के 3 नमूने मानक स्तर के एवं 3 नमूने अमानक स्तर के पाये गये।

अमानक स्तर के पाये गये नमूनों में संबंधित विक्रेता संस्थान एवं संबंधित कम्पनी को विक्रय प्रतिबंधित आदेश जारी कर कारण बताओं नोटिस जारी किये गये। जिले में 4 उर्वरक विक्रेता संस्थानों को अनियमितता पाये जाने पर कारण बताओं नोटिस जारी किये गये है।

जिले में खरीफ 2024 में बीज नमूना के 210 के लक्ष्य प्राप्त हुये थे जिसमें 212 नमूने जांच हेतु लिये जाकर बीज गुण नियंत्रण प्रयोगशाला भेजे गये है। 25 बीज नमूने के परिणाम प्राप्त हुये है जिसमें 25 मानक स्तर के पाये गये है। जांच दल द्वारा 14 संस्थानों में अनियमितता पाये जाने पर 7 बीज विक्रेता संस्थानों के लायसेंस निलम्बित किये गये एवं 7 बीज विक्रेता संस्थानों को कारण बताओं नोटिस जारी किये गये है।

अवैध बीज भण्डारण करने पर टालेन्द्र पारधी के विरूद्ध एफआईआर दर्ज की गई एवं सिरी राईडर मक्का बीज अंकुरण न होने की कृषकों द्वारा की गई शिकायत के संबंध में है सिरी राईडर मक्का विक्रेता संस्थान आराध्य ट्रेडर्स धनौरा का बीज लायसेंस निलंबन किया जाकर कम्पनी सिरी सीड्स इंडिया प्रायवेट लिमिटेड हैदराबाद तेलगाना को जिले में प्रतिबंधित किया गया है।

जिले के कृषकों को बीज, कीटनाशक एवं उर्वरक से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या होने पर सहायक संचालक कृषि सिवनी सह नोडल अधिकारी गुण नियंत्रण प्रफुल्ल घोडेसवार मो. न. 7693955285 से सम्पर्क कर सकते है

MP से हैरान करने वाली घटना: अंतिम संस्कार के 53 दिन बाद जिंदा हुई महिला, EX CM शिवराज सिंह चौहान की लाड़ली बहना योजना ने खोला राज

भिंड में हैरान करने वाली घटना: मृत घोषित महिला 53 दिन बाद मिली जिंदा: भिंड जिले में एक ऐसी घटना घटी जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। दो मई 2024 को घर से लापता हुई महिला के मामले ने तब एक नया मोड़ लिया जब 53 दिन बाद वह जिंदा पाई गई। इस अद्भुत घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

घटना प्रारंभ: महिला के लापता होने की सूचना

भिंड के मेहगांव वार्ड क्रमांक 2 की निवासी ज्योति शर्मा, पति सुनील शर्मा, 2 मई 2024 को अचानक लापता हो गईं। परिजनों ने 3 मई को मेहगांव थाने में उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। इस दौरान, पुलिस और परिजन दोनों ही महिला की खोजबीन में लगे रहे।

मृत घोषित: खेत में मिला जला हुआ शव

4 मई को मेहगांव के एक खेत में एक महिला का जला हुआ शव मिला। मायके और ससुराल पक्ष ने शव की पहचान ज्योति शर्मा के रूप में की। ज्योति के मायके वालों ने ससुराल वालों पर हत्या का आरोप लगाया। इसके बाद पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव को परिजनों को सौंप दिया।

अंतिम संस्कार और तेरहवीं:

शव को मेहगांव लाकर ज्योति के ससुराल में अंतिम संस्कार किया गया। इसके बाद अस्थि विसर्जन प्रयागराज में किया गया और तेरहवीं के कर्मकांड भी पूरे किए गए। इस दौरान, पुलिस ने मामले को संदेहास्पद मानते हुए जांच जारी रखी और अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया।

सच का खुलासा:

50 दिन बाद, 22 जून को, ज्योति के पति सुनील ने पुलिस को सूचना दी कि उनके बैंक खाते से 2700 रुपये निकाले गए हैं। यह राशि लाड़ली बहना योजना के तहत आए पैसों के अलावा निकाली गई थी। बैंक मैनेजर से जानकारी मिलने पर पता चला कि यह पैसे यूपी के मथुरा और नोएडा से निकाले गए थे। सुनील ने बैंक मैनेजर को पूरी घटना बताई और बैंक मैनेजर ने पुलिस को सूचना दी।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई:

पुलिस ने बैंक से डिटेल निकलवाई और नोएडा के कियोस्क सेंटर के सीसीटीवी फुटेज चेक किए। फुटेज में ज्योति कुछ युवकों के साथ नजर आई। 23 जून को ज्योति नोएडा में फुटपाथ पर पैदल चलते हुए मिली। पुलिस ने उसे 25 जून को भिंड लाया और मेहगांव एसडीएम कोर्ट में पेश किया।

ज्योति का बयान और सच्चाई:

ज्योति ने कोर्ट में दिए बयान में कहा कि वह अपनी मर्जी से गई थी। कोर्ट ने उसे मायके पक्ष को सुपुर्द कर दिया। इस घटना के बाद यह स्पष्ट हो गया कि खेत में मिला शव ज्योति का नहीं था।

मामले की जांच और अनसुलझे सवाल:

अब सवाल उठता है कि खेत में मिला जला हुआ शव किसका था? पुलिस इस दिशा में जांच जारी रखे हुए है और इस रहस्यमयी मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।

MP Budget Session: एमपी के बजट में बुनियादी ढांचे और हिंदुत्व पर रहेगा बड़ा फोकस

MP Budget Session: राज्य सरकार बुधवार को बजट पेश करने जा रही है, जिसमें लगभग 3 लाख करोड़ रुपए के बजट का प्रस्ताव है। इस बजट में सरकार ने महंगी परियोजनाओं को शामिल करने से परहेज किया है और ध्यान दिया है पुरानी परियोजनाओं को धन मुहैया कराने पर।

नई योजनाओं में मितव्ययिता

नई योजनाओं के संदर्भ में सरकार ऐसे प्रोजेक्ट्स को लाएगी जिनमें अधिक खर्च की आवश्यकता नहीं होगी। भाजपा ने अपने चुनावी घोषणापत्र में वादा किया था कि सत्ता में आने पर लाड़ली बहनों के लिए घर बनाएगी। इस घोषणा के पश्चात लाड़ली बहना योजना के तहत पंजीकृत हर महिला अपने घर का इंतजार कर रही है।

लाड़ली बहना योजना

सूत्रों के अनुसार, इस योजना को मौजूदा हाउसिंग प्रोजेक्ट से जोड़ा जा सकता है। इसके साथ ही लाड़ली बहना योजना के तहत हर महिला को 1250 रुपए महीने का प्रावधान बजट में किया जाएगा।

इंफ्रास्ट्रक्चर पर विशेष ध्यान

बजट में इंफ्रास्ट्रक्चर पर फोकस रहेगा। सूत्रों के अनुसार, इंफ्रास्ट्रक्चर पर 70 हजार करोड़ रुपए खर्च करने का प्रावधान किया जा रहा है।

धार्मिक स्थलों का विकास

धार्मिक स्थलों को भी बजट में शामिल किया गया है। सरकार गौशालाओं के लिए वित्तीय सहायता बढ़ाएगी, जहां मवेशी रखे जाते हैं। साथ ही गौशालाओं के निर्माण पर भी ध्यान दिया जाएगा। राम वन गमन पथ के निर्माण, भगवान कृष्ण से जुड़े स्थलों के विकास तथा अन्य धार्मिक स्थलों के विकास के लिए भी धनराशि उपलब्ध कराई जा रही है।

धार्मिक पर्यटन को प्रोत्साहन

सरकार धार्मिक पर्यटन को प्रोत्साहित करने की योजना बना रही है जिसके लिए बजट में धनराशि का प्रावधान किया जा रहा है।

शिक्षा और स्वास्थ्य पर ध्यान

बजट में पीएम एक्सीलेंस कॉलेज और सीएम एक्सीलेंस स्कूल पर ध्यान दिया जाएगा। सरकार अस्पताल भवनों के निर्माण के लिए भी धन का प्रावधान करने की योजना बना रही है।

MP के जबलपुर में T20 विश्व कप 2024 में भारत की जीत का जश्न, पटाखे फोड़ते समय 5 साल के मासूम के पेट में धातु का टुकड़ा घुसने से मौत

Jabalpur News: जबलपुर में टी20 विश्व कप 2024 में भारत की जीत का जश्न मनाने के लिए पटाखे फोड़ते समय एक पांच वर्षीय बच्चे के पेट में स्टील का टुकड़ा घुस जाने से उसकी मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि यह घटना रविवार को जिले के गोहलपुर इलाके में हुई।

गोहलपुर थाना प्रभारी प्रतीक्षा मार्को ने बताया कि कुछ बच्चे पटाखे जला रहे थे और उन्होंने एक पटाखा स्टील के गिलास के नीचे रख दिया था। विस्फोट से स्टील के टुकड़े उड़ गए। उन्होंने बताया कि एक टुकड़ा दीपक ठाकुर के पेट में जा लगा जो कुछ दूरी पर खड़ा था।

पुलिस ने बताया कि लड़के को अस्पताल ले जाया गया लेकिन उसे मृत घोषित कर दिया गया। उन्होंने बताया कि बच्चे एक दिन पहले टी20 विश्व कप में भारत की जीत का जश्न मनाने के लिए पटाखे फोड़ रहे थे। उन्होंने बताया कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है और मामले की जांच जारी है।

नवविवाहिता की चौथी मंजिल से गिरकर मौत, परिजनों ने लगाया हत्या का आरोप, ससुराल वालों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने का आरोप

पुलिस ने बताया कि चार महीने पहले शादी करने वाली 23 वर्षीय महिला की रविवार देर रात कटारा हिल्स में अपने घर की चौथी मंजिल से गिरकर मौत हो गई। महिला के परिजनों ने आरोप लगाया है कि उसके ससुराल वालों ने उसे धक्का देकर मार डाला और घटना को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश कर रहे हैं। घटना की पुलिस जांच कर रही है। उन्होंने उसके ससुराल वालों पर दहेज के लिए उसे परेशान करने का आरोप लगाया है।

कटारा हिल्स पुलिस के अनुसार मृतका की पहचान विदिशा निवासी स्वाति पटेल के रूप में हुई है। उसके भाई अंकित पटेल ने पुलिस को बताया कि उसकी शादी चार महीने पहले भोपाल निवासी भूपेंद्र पटेल से हुई थी।

उन्होंने बताया कि रविवार रात को भूपेंद्र ने उन्हें फोन करके स्वाति को लेने आने और उसे फिर कभी अपने घर न आने देने के लिए कहा। उन्होंने बताया कि जब वह अभी भी भूपेंद्र से बात कर रहा था, स्वाति ने अपने पति से फोन ले लिया और उससे (अंकित) कहा कि वह उसे लेने कभी न आए। अपना बयान जारी रखते हुए अंकित ने कहा कि कुछ मिनट बाद भूपेंद्र ने उसे फिर से फोन करके बताया कि वह और स्वाति उसके साथ शरारत कर रहे हैं।

अंकित ने आगे बताया कि रात करीब 1 बजे भूपेंद्र की मां ने उसके पिता को फोन करके बताया कि स्वाति सीढ़ियों से गिर गई है और उसकी हालत गंभीर है। अंकित ने भूपेंद्र को फोन किया तो उसने बताया कि स्वाति कपड़े सुखाते समय घर की चौथी मंजिल से गिर गई है।

जब अंकित भोपाल के अस्पताल पहुंचा तो उसे पता चला कि स्वाति की मौत हो चुकी है। इसके बाद अंकित ने पुलिस से संपर्क किया और शिकायत दर्ज कराई। पुलिस को दिए गए बयान में उसने बताया कि स्वाति के ससुराल वाले उसे दहेज के लिए परेशान कर रहे थे। पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है।

मध्यप्रदेश विधानसभा का मानसून सत्र: नर्सिंग घोटाले को लेकर विपक्ष ने किया हंगामा

भोपाल (मध्य प्रदेश): नर्सिंग कॉलेज घोटाले का मामला सोमवार को मध्य प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन भी गरमाया रहा। विपक्ष ने इस मुद्दे पर चर्चा की मांग की और कहा कि यह विषय छात्रों के भविष्य से जुड़ा है।

संसदीय कार्य मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने व्यवस्था का प्रश्न उठाते हुए कहा कि जो मामला अदालत में विचाराधीन है, उस पर चर्चा नहीं की जा सकती।

हालांकि, विपक्ष के नेता उमंग सिंघार ने कहा कि वह ऐसे विषय पर चर्चा चाहते हैं जो न्यायालय के विचाराधीन नहीं है। विपक्ष के हंगामे के कारण स्पीकर नरेंद्र सिंह तोमर को सदन की कार्यवाही कम से कम एक घंटे के लिए स्थगित करनी पड़ी। जब विधानसभा की कार्यवाही फिर से शुरू हुई तो तोमर ने विपक्ष को आश्वासन दिया कि प्रासंगिक नियम के तहत वह कल यानी मंगलवार को इस मामले पर चर्चा की अनुमति देंगे।   

इससे पहले इस मामले को लेकर कैलाश विजयवर्गीय और उमंग सिंघार के बीच तीखी नोकझोंक हुई थी। सिंघार ने आरोप लगाया कि मंत्री विश्वास सारंग को बचाने की कोशिश की जा रही है। सिंघार ने कहा, “हम नर्सिंग काउंसिल के मुद्दे पर चर्चा चाहते हैं और यह भी जानना चाहते हैं कि अनुमति किसने दी।”

इस दौरान विजयवर्गीय ने कहा कि राज्य सरकार किसी भी मुद्दे पर चर्चा से नहीं डरती और न ही किसी चर्चा से भाग रही है। जहां तक ​​विपक्ष के स्थगन का सवाल है तो स्थगन किसी तात्कालिक घटना की स्थिति में लाया जाता है और विपक्ष द्वारा उठाया जा रहा मुद्दा पुराना है।

मुख्यमंत्री ने विपक्ष को चेताया कि वे उत्तेजना में आकर कुछ न बोलें

विपक्ष जब नर्सिंग घोटाले पर चर्चा के लिए सत्ता पक्ष पर दबाव बना रहा था, एक के बाद एक आरोप लगा रहा था, तब मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि उनकी सरकार किसी मुद्दे से नहीं डरती। हालांकि, उन्होंने विपक्ष को चेतावनी दी कि वे जोश में आकर कुछ न कहें। उन्होंने कहा, “हमें इस तरह की बातें सुनने की आदत नहीं है। हम किसी से नहीं डरते।”

राजस्थान: करौली के कैला देवी मंदिर से पूजा कर MP लौट रहे श्रद्धालुओं में 9 लोगों की मौत, 4 घायल

BHOPAL NEWS: राजस्थान के करौली जिले में सोमवार को एक भीषण दुर्घटना में तीर्थयात्रा से लौट रहे श्रद्धालुओं को ले जा रही बोलेरो गाड़ी एक डंपर ट्रक से टकरा गई। इस दुखद घटना में नौ लोगों की मौत हो गई और चार अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह दुर्घटना मंडरायल कस्बे के डुंडापुरा चौराहे के पास हुई।

पीड़ित करौली में कैला देवी मंदिर में पूजा-अर्चना करने के बाद ढोढर थाना क्षेत्र में स्थित बलवानी गांव में अपने घर लौट रहे थे।

मृतकों में छह महिलाएं और दो बच्चे शामिल हैं, जो समुदाय को हुए भारी नुकसान को दर्शाता है। एक छोटी बच्ची सहित घायलों को तत्काल चिकित्सा के लिए जिला अस्पताल ले जाया गया।

करौली के पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया, “दुर्घटना में छह महिलाओं समेत नौ लोगों की मौत हो गई और चार अन्य घायल हो गए। वे कैला देवी मंदिर में पूजा-अर्चना करने के बाद श्योपुर जा रहे थे।”

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री ने पीड़ित के परिजनों के लिए अनुग्रह राशि की घोषणा की

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया और प्रत्येक मृतक के निकटतम परिजनों को 4 लाख रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की। इस कदम का उद्देश्य शोक संतप्त परिवारों को इस दुख की घड़ी में कुछ आर्थिक राहत प्रदान करना है।

Bharatiya Nyay Sanhita: नए कानून के बाद एमपी के ग्वालियर में पहला आपराधिक मामला दर्ज

Bharatiya Nyay Sanhita: भारत में भारतीय न्याय संहिता (INC) के लागू होने के बाद, मध्य प्रदेश के ग्वालियर में पहला आपराधिक मामला दर्ज किया गया। यह मामला ग्वालियर के हजीरा पुलिस स्टेशन में सोमवार को सुबह 12:10 बजे दर्ज हुआ।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के अनुसार, यह एफआईआर 1 जुलाई की देर रात धारा 303 (2) के तहत दर्ज की गई। यह एफआईआर एक बाइक चोरी से संबंधित है, जिसे ग्वालियर के हजीरा थाना क्षेत्र के निवासी सौरभ नरवरिया (पुत्र नागेंद्र सिंह नरवरिया) ने एक रेहड़ी-पटरी वाले के खिलाफ दर्ज कराया है।

नए आपराधिक कोड के पीछे का विचार

पहले भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) में आरोपी को दंडित करने पर जोर दिया जाता था। लेकिन नए कानूनों के साथ न्याय पर अधिक जोर दिया गया है। इसलिए भारतीय दंड संहिता को भारतीय न्यायिक संहिता में बदल दिया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य न्याय प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाना है।

ई-एफआईआर की सुविधा

नए आपराधिक कानूनों के कार्यान्वयन के साथ, एफआईआर पंजीकरण प्रक्रिया को उन्नत किया गया है। अब पीड़ित उस स्थान से ई-एफआईआर दर्ज कर सकता है जहां घटना घटी थी। इससे घटना स्थल पर मौजूद प्रत्यक्षदर्शी को गवाह के रूप में बाध्य किया जाएगा। पीड़ित घटना के 3 दिन के भीतर पुलिस स्टेशन जाकर एफआईआर की कॉपी प्राप्त कर सकता है।

चेन स्नैचिंग के लिए अलग धारा

पहले चेन स्नैचिंग के अपराध के लिए कोई अलग धारा नहीं थी और इसे डकैती के अपराध के तहत दर्ज किया जाता था। लेकिन नई आपराधिक संहिता में चेन स्नैचिंग के लिए एक अलग धारा शामिल की गई है। इससे इस प्रकार के अपराधों के लिए एक स्पष्ट और विशिष्ट दंड व्यवस्था सुनिश्चित की जा सकेगी।

न्याय प्रणाली में सुधार

नए आपराधिक कोड के साथ न्याय प्रणाली में कई सुधार किए गए हैं। इसका मुख्य उद्देश्य न्याय को सुलभ और शीघ्र बनाना है। नए कानूनों के तहत अपराधों की जांच और सुनवाई की प्रक्रिया को तेज और प्रभावी बनाने के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं।

नए कोड के लाभ

नए आपराधिक कोड के लागू होने से कई लाभ प्राप्त होंगे:

  1. त्वरित न्याय: न्याय प्रक्रिया को तेज किया जाएगा।
  2. पारदर्शिता: न्याय प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी।
  3. तकनीकी उन्नति: ई-एफआईआर जैसी सुविधाओं के माध्यम से तकनीकी उन्नति को बढ़ावा मिलेगा।
  4. विशिष्ट दंड: विभिन्न अपराधों के लिए विशिष्ट दंड व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी।

नए आपराधिक कोड के कार्यान्वयन में चुनौतियाँ

हालांकि नए कोड के कई लाभ हैं, इसके कार्यान्वयन में कुछ चुनौतियाँ भी हैं:

  1. प्रशिक्षण: पुलिस और न्यायिक अधिकारियों को नए कानूनों के बारे में प्रशिक्षण देना।
  2. सार्वजनिक जागरूकता: आम जनता को नए कानूनों के बारे में जागरूक करना।
  3. तकनीकी समर्थन: ई-एफआईआर जैसी सुविधाओं के लिए तकनीकी समर्थन सुनिश्चित करना।

ग्वालियर में नया मामला: एक उदाहरण

ग्वालियर में दर्ज किया गया पहला मामला नए आपराधिक कोड के तहत न्याय प्रक्रिया में सुधार का एक उदाहरण है। इस मामले में एफआईआर को दर्ज करने की प्रक्रिया और इसके तहत कार्रवाई का तरीका नए कानूनों की प्रभावशीलता को दर्शाता है।

Seoni News: सिवनी से मैहर जाते समय जबलपुर में दर्दनाक सड़क हादसा: 1 की मौत, 5 गंभीर रूप से घायल; ड्राइवर फरार

सिवनी: रविवार देर रात, जबलपुर के गढ़ा थाना क्षेत्र के अंधमुख बाईपास के ओवर ब्रिज पर एक भीषण सड़क हादसा हुआ जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा रात करीब 1 बजे हुआ और इसके पीछे खराब दृश्यता और तेज गति प्रमुख कारण माने जा रहे हैं।

सूत्रों के अनुसार, एक परिवार जो सिवनी धनोरा के बगियाई गांव का निवासी था, मां शारदा के दर्शन के लिए मैहर जा रहा था। उनकी गाड़ी का नियंत्रण ओवरब्रिज पार करते समय खो गया और यह भीषण दुर्घटना घटित हुई।

गाड़ी में सवार रज्जू चौहान, उनकी पत्नी उमा चौहान, बेटियां इच्छा और खुशी चौहान, रज्जू के बड़े भाई मनोहर सिंह चौहान और उनकी पत्नी साधना चौहान शामिल थे। ड्राइवर की पहचान उजागर नहीं की गई है, वह फिलहाल लापता है। जैसे ही कार क्रमांक – MP09-CW-8581 अंधमूक बायपास के पास पहुंची, तभी हाइवा से जा टकराई।

दुर्घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय अधिकारी तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और स्थानीय निवासियों की सहायता से घायलों को पास के निजी अस्पताल में उपचार के लिए ले जाया गया। घायलों की हालत गंभीर बनी हुई है और उन्हें आवश्यक चिकित्सा देखभाल प्रदान की जा रही है।

प्राथमिक कारण और जांच

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ओवरब्रिज पार करते समय कार का नियंत्रण खो गया जिससे यह दुर्घटना हुई। हालांकि, दुर्घटना का सटीक कारण अभी तक पता नहीं चल पाया है और गढ़ा पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि खराब दृश्यता और तेज गति इस दुर्घटना के प्रमुख कारण हो सकते हैं।

सड़क सुरक्षा और यातायात नियम

इस दुर्घटना ने एक बार फिर से सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों की गंभीरता को उजागर किया है। तेज गति से वाहन चलाने और ओवरब्रिज पर नियंत्रण खोने से इस प्रकार की घटनाएं अक्सर घटित होती हैं। यात्रियों को हमेशा यातायात नियमों का पालन करना चाहिए और अपनी सुरक्षा के प्रति सतर्क रहना चाहिए।