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खुशखबरी: किफायती कीमत में मारुती की धमाकेदार कार, 36 KMPL का माइलेज; इसमें मिलेगी ऑल्टो से अच्छी रेंज


Automobile News: भारत में मारुती ने ऑल्टो के इतने वेरिएंट लॉन्च किए हैं, कि लोगों को समझने में कठिनाई हो रही है। इसके साथ ही, ऑल्टो ने भारत में सबसे अधिक बिकने वाली कार का रिकॉर्ड भी बना लिया है। मारुती वैगन आर ने अपने ऑल्टो को पीछे छोड़ते हुए यह रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है।

हालांकि, कम बजट में कोई ऑल्टो के साथ मुकाबला नहीं है। मारुती ने खुद के एक्सपेरिमेंट से लोगों को आकर्षित करने में कामयाबी प्राप्त की है। ऑल्टो की रेंज में मारुती ने बेहतरीन मॉडल लॉन्च किया है।

मारुती सुजुकी की कार, मारुती सुजुकी सेलेरियो की नई जनरेशन ने लॉन्च होने के बाद धूम मचा दी है। इस छोटी कार ने अपने नए रूप में अपनी कीमत और प्रदर्शन के आधार पर लोगों को खींच लिया है। मारुती सुजुकी ने दावा किया है कि यह देश की सबसे ज्यादा माइलेज वाली कार है जो 35 किलोमीटर प्रति लीटर तक की माइलेज देती है।

मारुती सुजुकी सेलेरियो की विशेषताएं

यह नई कार मारुती की फिफ्थ-जेनरेशन हार्टेक्ट प्लेटफॉर्म टेक्नोलॉजी पर आधारित है। इसमें ईबीडी के साथ एबीएस और ब्रेक असिस्ट, ड्यूअल फ्रंट एयरबैग, और फर्स्ट हिल-होल्ड असिस्ट जैसे कई सुरक्षा फीचर्स शामिल हैं। इस कार को कुल 6 रंगों में लॉन्च किया गया है: ग्लिस्टरिंग ग्रे, सिल्की सिल्वर, कैफीन ब्राउन, आर्कटिक व्हाइट, फायर रेड, और स्पीडी ब्लू।

इस कार के एक्सटीरियर में एक नया ग्रिल सेक्शन शामिल है। इसके साथ ही, हनीकॉम्ब इंसर्ट, बल्बनुमा हेडलैंप क्लस्टर और बेहतर बोनट स्ट्रक्चर डिजाइन इसके लुक को शानदार बनाते हैं। कार को पहले से बड़ा और आरामदायक बनाया गया है।

इस कार में 1.2 लीटर क्षमता वाला K12N पेट्रोल इंजन उपयोग किया गया है, जिसमें ड्यूटजेट और डुअल VVT तकनीक है। यह इंजन 5-स्पीड मैनुअल और ऑटोमेटिक गियरबॉक्स के साथ आता है। इसके अलावा, कंपनी ने कार को पेट्रोल और सीएनजी वेरिएंट में भी लॉन्च किया है।

मारुती सुजुकी सेलेरियो

इस कार में K-Series पेट्रोल इंजन है, जो 26.68 किलोमीटर प्रति लीटर की माइलेज देता है। अगर हम सीएनजी वेरिएंट की बात करें तो यह कार 35.60 किलोमीटर प्रति लीटर तक की माइलेज देती है, जो पूरे देश में बिकने वाली कारों में सबसे अच्छी है। इसके अलावा, इस कार में 313 लीटर की कैपेसिटी वाले लगेज स्पेस की सुविधा है। इस कार की शोरूम कीमत 5.15 लाख रुपये से शुरू होती है और सबसे ऊपरी मॉडल की कीमत 6.94 लाख रुपये तक है।

PM KISAN: क्या आपको मिले है PM किसान योजना से 2000 रूपए, ब्याज सहित जमा करने पड़ेगा; देखें नियम

PM किसान सम्मान निधि योजना के बारे में एक बड़ी खबर है। सरकार द्वारा योजनाएं जो जरूरतमंदों तक नहीं पहुँच पाती हैं, उनके लिए भी लाभ प्राप्त करने का अवसर है। सरकार प्रयास कर रही है कि पात्र परिवारों को ज्यादा से ज्यादा लाभ मिले। अयोग्य किसानों से पैसे वापिस लेने की तैयारी शुरू की गई है और उन्हें ब्याज सहित राशि की वसूली की जा रही है। इसके लिए तैयारियां और लिस्टिंग बनाने का काम शुरू कर दिया गया है।

PM किसान सम्मान निधि योजना के तहत कौन किसान योग्य हैं, इसके लिए केंद्र सरकार ने दिशा-निर्देश जारी किए हैं। फिर भी कुछ किसान जो सक्षम हैं और पात्रता मानदंड पूरा नहीं करते, उन्होंने इस योजना का लाभ उठाया है। ऐसे किसानों के खाते में लगभग 4,350 करोड़ रुपए ट्रांसफर किए गए हैं। अब सरकार ने अपात्र किसानों से योजना की राशि वापस लेने के निर्देश दिए हैं।

प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना को 2019 में शुरू किया गया था ताकि छोटे और सीमांत किसान परिवारों को आर्थिक सहायता मिल सके। इस योजना के तहत प्रति वर्ष प्रत्येक लाभार्थी किसान परिवार को 2000 रुपए की तीन किस्तों में कुल 6000 रुपए दिए जाते हैं। यह पैसा सीधे उनके बैंक खाते में ट्रांसफर किया जाता है। उच्च आय वाले किसानों को यह योजना से बाहर रखा गया है। हालांकि, कुछ लोगों ने अपात्र किसान के रूप में पंजीकरण करवाकर इस योजना का लाभ उठाया है।

योजना की शर्तों के अनुसार यहां उच्च आय अर्जित करने वाले, भूमि धारक, संवैधानिक पद पर होने वाले, नगर निगम के पार्षद या मेयर रह चुके, केंद्र सरकार या राज्य सरकार के मंत्री, सदस्य या कर्मचारी, इंकम टैक्स भुगतान करने वाले, डॉक्टर्स, इंजीनियर्स, आर्किटेक्ट्स, चार्टर्ड अकाउंटेंट्स या स्वतंत्र रूप से प्रेक्टिस करने वाले किसान परिवार शामिल नहीं होते हैं।

वे किसान जो अपनी सहायता राशि वापस लौटाना चाहते हैं, वे PM-Kisan Samman Nidhi Yojana की आधिकारिक वेबसाइट https://pmkisan.gov.in/ पर जाकर “रिफंड विकल्प” पर क्लिक करके अपनी धनराशि वापस ले सकते हैं।

MP PATWARI: एमपी पटवारी परीक्षा में बड़ी गड़बड़ी! ऑनलाइन एग्जाम में दिखे 176 नंबर, Answer Key में सिर्फ 76

MP PATWARI EXAM 2023: मध्य प्रदेश प्रोफेशनल एग्जामिनेशन (MPPEB) बोर्ड या मध्यप्रदेश कर्मचारी चयन मंडल (MPESB) द्वारा मध्यप्रदेश में पटवारी भारती परीक्षा का आयोजन कराया गया था. इस पटवारी भर्ती परीक्षा में एक बड़ी गड़बड़ी सामने आई है.

मध्यप्रदेश पटवारी भर्ती परीक्षा में परीक्षा देते समय पेपर के बाद दिखाई देने वाले अंक और Answer Key में दिखाई देने वाले अंकों में 10-15 नंबर के अंतर की शिकायत तो बहुत से उमीदवारों की थी लेकिन मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल निवासी हर्षिता गुप्ता (Harshita Gupta) का मामला तो बेहद ही गंभीर दिखाई दे रहा है.

भोपाल की हर्षिता गुप्ता ने भी मध्यप्रदेश पटवारी भर्ती परीक्षा में भाग लिया था जिसमे उन्हें परीक्षा के बाद स्क्रीन पर 176 नंबर प्राप्त दिखाई दिए थे लेकिन Answer Key की बात करें तो Answer Key के अनुसार उन्हें केवल 76 नंबर ही मिले है. यानी 100 नंबर का घोटाला हो गया। 

MP Patwari Bharti EXAM में बड़ी गड़बड़ी

भोपाल की हर्षिता गुप्ता (Harshita Gupta Bhopal) ने 16 अप्रैल को पटवारी चयन परीक्षा (MP Patwari Bharti Exam) दिया था. उन्होंने उस परीक्षा में पूरे सवालों के आंसर दिए. पेपर देने के बाद अंत में स्क्रीन पर 200 में से 176 नंबर प्राप्त हुए दिखाई दिए. लेकिन अब MPPEB या MPESB ने ‘आंसर की’ जारी की उसके अनुसार सिर्फ 76 नंबर ही आए हैं.

कलेक्टर से लेकर मुख्यमंत्री तक नहीं की किसी ने मदद

भोपाल की हर्षिता ने जानकारी देते हेउ बताया कि इस मामले में शिकायत के लिए हमने राज्यपाल से लेकर कई विधायक एवं मंत्रियों से भी चर्चा की जिसमें कर्मचारी चयन मंडल के अलावा मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, राज्य शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार, स्वास्थ मंत्री विश्‍वास सारंग, राजस्व एवं परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, भोपाल कलेक्टर हुजूर विधायक रामेश्वर शर्मा आदि से की है, लेकिन हर्षिता ने बताया कि अभी तक कहीं से सटीक जवाब नहीं मिला है। अगर मुझे इस मामले में इंसाफ नहीं मिला तो न्यायालय का सहारा लूंगी।

हर्षिता गुप्ता झूठ बोल रही है, हमने कोई गलती नहीं की – ESB BHOPAL

डॉ. हेमलता, कंट्रोलर कर्मचारी चयन मंडल का कहना है कि, परीक्षार्थी हर्षिता हमारे पास भी आई थी, उनकी शिकायत के आधार पर उसका रिकॉर्ड के आधार पर जांच की गई है। हमने रिस्पॉन्स शीट का वीडियो भी देखा और लॉग भी ट्रेस किए हैं। उनके 76 नंबर ही आए हैं। हमने उन्हें मिलने के लिए बुलाया था मगर बाद में वह नहीं आईं। 

Ladli Behna Yojana: लाड़ली बहना योजना की अनंतिम लिस्ट पर WCD करेगा 15 मई तक आपत्ति स्वीकार

इंदौर (मध्य प्रदेश) : लाडली बहना योजना में महिलाओं का नामांकन करने के लिए महिला एवं बाल विकास विभाग ने महिलाओं की मदद के लिए आंगनबाड़ियों और केंद्रों में शिविर लगाए हैं. लाभार्थियों की आधिकारिक सूची 1 मई को विभाग द्वारा प्राप्त की गई है।

आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को केंद्रों पर अपने प्रश्नों के साथ आने वाले लोगों की मदद करने के लिए प्रशिक्षित किया गया है, जहां उन्हें 15 मई तक सूची पर आपत्ति करने का अंतिम मौका मिलता है।

निदेशालय महिला एवं बाल विकास द्वारा जारी पत्र के अनुसार पात्रता प्रपत्र मुद्रित कर आपत्ति के साथ संलग्न कर आयुक्त कार्यालय महिला एवं बाल विकास कार्यालय में जमा कराकर ग्राम पंचायत अथवा वार्ड कार्यालयों में उपलब्ध कराये जाने हैं. आवश्यक संख्या में।

कार्यकर्ताओं और स्वयंसेवकों की नि:शुल्क सेवाएं ग्राम स्तर पर उपलब्ध कराई जाती हैं। हर गांव/शहरी वार्ड में एंट्री और गाइड भरने के लिए कैंप लगाए गए हैं.

शिविर की अवधि ग्राम/वार्ड में पात्र हितग्राहियों की संख्या के आधार पर निश्चित की गई ताकि कुछ शंकाओं वाले शत-प्रतिशत पात्र आवेदनों का निराकरण किया जा सके। राज्य स्तर से प्रत्येक जिले के लिए 4 से 5 मास्टर ट्रेनर को ऑनलाइन प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। विभाग 30 मई को निराकरण आपत्तियों के साथ अंतिम सूची जारी करेगा।

इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को उनके स्वयं के आधार से जुड़े डीबीटी-सक्षम बैंक खाते में प्रति माह 1000 रुपये की राशि जमा की जाएगी।

लाडली बहना योजना की समयरेखा

  • क्रियाएँ और समय: 05 मार्च को लॉन्च करें
  • पंजीकरण: 15 मार्च से शुरू हुआ
  • रजिस्ट्रेशन की आखिरी तारीख: 30 अप्रैल
  • अनंतिम सूची: 01 मई को जारी की गई
  • आपत्तियों के निस्तारण की अवधि: 01 मई-16 मई
  • अंतिम सूची: 30 मई को जारी
  • धन हस्तांतरण: 10 जून

Ladli Behna Yojana Update: मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना-2023 का अनुमोदन, पढ़ें मंत्रि-परिषद के निर्णय

Ladli Behna Yojana Update: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में निवास कार्यालय समत्व भवन में मंत्रि- परिषद की वर्चुअल बैठक हुई।

मंत्रि-परिषद ने प्रदेश में महिलाओं के सर्वांगीण विकास, आर्थिक स्वालम्बन, स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सतत् सुधार को बनाए रखने एवं महिलाओं की परिवार में निर्णय की भूमिका सुदृढ़ किए जाने के लिए “मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना-2023” का अनुमोदन किया।योजना में समय-सीमा में स्वीकृति दिए जाने का प्रावधान रखा गया है।

प्रदेश की 23 से 60 वर्ष आयु के मध्य की विवाहित महिलाओं को योजना के लाभ की पात्रता होगी। प्रत्येक पात्र महिला को उसकी पात्रता अवधि में 1000 रूपये प्रतिमाह के मान से राशि सीधे उसके आधार लिंक्ड बैंक खाते में जमा की जायेगी।

किसी परिवार की 60 वर्ष से कम आयु की महिला को सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना में प्रतिमाह 1000 रूपये से कम जितनी राशि प्राप्त हो रही होगी, तो उस महिला को वह राशि प्रदाय कर 1000 रूपये तक राशि की पूर्ति करने का योजना में प्रावधान किया गया है।

योजना में समस्त आवेदन नि:शुल्क ऑनलाइन प्राप्त किए जाएंगे। इसके अतिरिक्त हितग्राही यदि स्वयं उपस्थित होकर “आवेदन के लिए आवश्यक जानकारी का प्रपत्र” देती है तो उसकी भी प्रविष्टी ऑनलाइन पोर्टल पर करने की व्यवस्था की गई है।

वित्तीय वर्ष 2023-24 में योजना अंतर्गत लगभग एक करोड़ महिला हितग्राहियों को 1000 रूपये प्रतिमाह के मान से राशि खाते में जमा की जाएगी।

मध्यप्रदेश उद्योगों की स्थापना एवं परिचालन का सरलीकरण अधिनियम, 2023

मंत्रि-परिषद ने मध्यप्रदेश उद्योगों की स्थापना एवं परिचालन का सरलीकरण अध्यादेश, 2023 के स्थान पर मध्यप्रदेश उद्योगों की स्थापना एवं परिचालन का सरलीकरण अधिनियम, 2023 को प्रतिस्थापित किए जाने के संदर्भ में निर्णय लिया।

औद्योगिक उपक्रम या औद्योगिक इकाई द्वारा निवेश आशय प्रस्ताव का आवेदन ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से निर्धारित प्रारूप में नोडल एजेन्सी को किया जाएगा। नोडल एजेन्सी द्वारा पूर्ण प्राप्त निवेश आशय प्रस्ताव की अभिस्वीकृति निर्धारित प्रारूप में जारी की जाएगी।

एमपी इंडस्ट्रियल डेव्हलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड भोपाल को नोडल एजेन्सी नामांकित किया गया है, जो अभिस्वीकृति प्रमाण-पत्र जारी करेगी। औद्योगिक उपक्रम या औद्योगिक इकाई द्वारा अधिसूचित क्षेत्रों में उद्योग स्थापना के संबंध में प्राप्त की जाने वाली विनिर्दिष्ट सेवा, अनुमति, अभिस्वीकृति प्रमाण पत्र प्राप्ति दिनांक से 3 साल अथवा औद्योगिक उपक्रम या औद्योगिक इकाई के व्यवसायिक गतिविधि संचालन प्रारंभ किए जाने तक जो भी पहले हो, उन्मुक्त रहेगा।

उक्त अवधि समाप्त होने के 6 माह के अंदर आवश्यक अनुमतियाँ, सम्मतियाँ प्राप्त करेगा। जारी अभिस्वीकृति प्रमाण-पत्र की वैधता अवधि में कोई सक्षम प्राधिकारी अधिनियम में वर्णित अनुमतियों के संबंध में निरीक्षण नहीं कर सकेगा। इस अधिनियम में राज्य के पास अधिसूचित क्षेत्रों का चयन करने के प्रावधान होंगे जहाँ यह अधिनियम लागू किया जाएगा।

इकाई के प्रारंभ होने के पूर्व इकाई द्वारा आवेदन किए जाने पर संबंधित विभाग अथवा एजेंसी द्वारा आवश्यक होने पर निरीक्षण कर अनुमति एवं सहमति दी जा सकेगी।

राज्य सरकार अधिसूचना के माध्यम से राज्य स्तरीय साधिकार समिति का गठन कर सकेगी। समिति सक्षम प्राधिकारी एवं औद्योगिक उपक्रमों के साथ समन्वय कर विवाद का मैत्रीपूर्ण हल निकालेगी।

ग्वालियर व्यापार मेला प्राधिकरण संशोधन विधेयक-2023

केन्द्र तथा राज्य सरकार के द्वारा अधिनियमित विभिन्न अधिनियमों में संबंधित विभाग के सक्षम प्राधिकारियों के द्वारा कार्यवाही की जाती है। इन अधिनियमों के प्रावधानों को decriminalize करने की आवश्कता है। राज्य शासन के कई विभागों द्वारा उनके प्रशासित अधिनियमों तथा नियमों को decriminalize करने की कार्यवाही की जा रही है।

इसी अनुक्रम में मंत्रि-परिषद ने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग द्वारा प्रशासित अधिनियम “ग्वालियर व्यापार मेला प्राधिकरण अधिनियम-1996” की धारा 12 के अंत में उल्लेखित प्रावधान को संशोधित कर, प्रतिस्थापित किए जाने के लिए ग्वालियर व्यापार मेला प्राधिकरण (संशोधन) विधेयक 2023 का अनुमोदन किया।

मंत्रि-परिषद ने विधेयक को विधानसभा में प्रस्तुत कर पारित कराने की समस्त कार्यवाही किए जाने के लिए सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम विभाग को अधिकृत किया है।

Ladli Behna Yojana: महिला सशक्तिकरण का अभियान है “लाड़ली बहना योजना” – सीएम शिवराज सिंह चौहान 

Ladli Behna Yojana: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj Singh Chouhan) ने नागरिकों से अपील की है कि सीहोर जिले के सलकनपुर में बनने वाले भव्य और दिव्य देवी-लोक के निर्माण के लिए अपने घर से पूजा-अर्चना कर एक-एक ईंट सलकनपुर जरूर भेजें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देवी-लोक निर्माण का भूमि-पूजन 31 मई को होगा और 15 मई से ईंट संकलित करने का अभियान चलाया जाएगा।

मुख्यमंत्री बुधवार को बुधनी जनपद के सियागहन गाँव में श्री शतचंडी महायज्ञ और खेड़ापति शिव परिवार प्रतिष्ठा समारोह में व्यास पीठ से श्रद्धालुओं और ग्रामीणों को संबोधित कर रहे थे। सांसद श्री रमाकांत भार्गव भी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री चौहान ने यज्ञ की परिक्रमा की और कथा स्थल पर महामंडलेश्वर श्री गिरीश दास जी महाराज, जन्मेजय महाराज और सुश्री प्रज्ञा दीदी से आशीर्वाद ग्रहण किया। मुख्यमंत्री का मुकुट पहना कर सम्मान किया गया।

मुख्यमंत्री ने पहनाए गए मुकुट को आयोजकों को सुपुर्द कर कहा कि जब भी यहाँ गरीब बेटियों की शादी हो तब बिछोड़ी बना कर उन्हें भेंट की जाए। मुख्यमंत्री ने मुकुट को सबसे बड़ा सम्मान बताते हुए कहा कि वे गाँव के सभी लोगों का मान-सम्मान बनाये रखने का वचन देते हैं।

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि राज्य सरकार ने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए अनेक योजना क्रियान्वित की हैं। उन्होंने कहा कि सियागहन में सरपंच सहित पूरी पंचायत बहनों की है और यह स्थानीय संस्थाओं में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण का कमाल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि लाड़ली बहना योजना भी बहनों की आर्थिक स्थिति बेहतर कर उनका मान-सम्मान बढ़ाएगी।

मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में मूंग का रकबा बढ़ा है। किसान चिन्ता न करें, गत वर्ष की तरह इस वर्ष भी बाजार से ज्यादा कीमत पर मूंग का उपार्जन किया जायेगा। उन्होंने कहा कि गड़बड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने गाँव के विकास के लिए अनेक निर्माण कार्य स्वीकृत करने और सियागहन को आदर्श पंचायत के रूप में पुरस्कृत करने की घोषणा की।

Bageshwar Dham Kahan Hai: बागेश्वर धाम कहाँ है

Bageshwar Dham Kahan Hai: बागेश्वर धाम सरकार को आज पूरी दुनिया जानती है. बागेश्वर धाम भारत के मुख्य धार्मिक स्थानों में शामिल हो चुका है। बागेश्वर धाम भारत देश के मध्य प्रदेश राज्य में स्थित है। बागेश्वर धाम का चमत्कार आज पूरी दुनिया देख रही है.

अगर आप अपनी जीवन की किसी भी समस्या का समाधान करना चाहते हैं, तो आप यहां बागेश्वर धाम में बालाजी महाराज के दर्शन कर सकते हैं। इससे आपकी सभी समस्याओं का समाधान हो जाएगा, क्योंकि भगवान हनुमान जी यहां बालाजी महाराज के रूप में हैं।

लोग यहां अपनी समस्या का समाधान करने के लिए अर्जी लगा सकते हैं। इसकी महिमा पूरे भारत में प्रसिद्ध हो चुकी है, इसलिए लाखों के संख्या में श्रद्धालु यहां भगवान बालाजी की दर्शन करने आते हैं।

अगर आप भी बागेश्वर धाम जाने के बारे में सोच रहे हैं और आपको यह नहीं पता कि बागेश्वर धाम कहाँ है (Bageshwar Dham Kahan Hai), बागेश्वर धाम तक यात्रा करने का रास्ता (Where Is Bageshwar Dham), बागेश्वर धाम कांटेक्ट नंबर (Bageshwar Dham Contact Number) और मोबाइल नंबर (Bageshwar Dham Mobile Number) क्या है, और आपके पास इसके बारे में कोई जानकारी नहीं है, तो हम आपसे निवेदन करेंगे कि हमारे साथ इस आर्टिकल को अंत तक पढ़ते रहें। यहाँ आपको सम्पूर्ण जानकारी मिल जाएगी.

Bageshwar Dham Kahan Hai

खबर का मुख्य रूपबागेश्वर धाम कहां है
साल2023
कौन से राज्य में स्थित हैमध्यप्रदेश में
बागेश्वर धाम में दरबार कब लगता हैमंगलवार और शनिवार के दिन
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Bageshwar Dham Sarkar Address (बागेश्वर धाम जाने का रास्ता )

अगर आप बागेश्वर धाम जाना चाहते हैं तो आपको निम्नलिखित तरीकों से जा सकते हैं:

  1. हवाई जहाज के माध्यम से: बागेश्वर धाम के पास एक हवाई चयन का विकल्प भी है। आप खजुराहों एयरपोर्ट पर उतर सकते हैं, जो बागेश्वर धाम के काफी नजदीक है। यदि आप दिल्ली से हैं, तो आप दिल्ली से खजुराहों एयरपोर्ट के लिए सीधा उड़ान टिकट खरीद सकते हैं। फिर आप बस या टैक्सी के माध्यम से छतरपुर तक जा सकते हैं, और वहां से सड़क मार्ग से बागेश्वर धाम तक पहुंच सकते हैं।
  2. सड़क मार्ग से: अगर आपके पास खुद की गाड़ी है, तो आप सड़क मार्ग का उपयोग करके भी बागेश्वर धाम पहुंच सकते हैं। आपको सबसे पहले छतरपुर जाना होगा। आप गूगल मैप का उपयोग करके Bageshwar Dham Sarkar के स्थान का पता लगा सकते हैं और उसी रास्ते पर चलते हुए आप छतरपुर तक पहुंचेंगे। इसके बाद, आपको 35 किलोमीटर दूर खजुराहों पन्ना मार्ग पर जाना होगा। यहां पहुंचने के बाद, आपको 3 किलोमीटर और बागेश्वर धाम सरकार छतरपुर की ओर जाना होगा।
  3. बस के माध्यम से: यदि आप बस के माध्यम से बागेश्वर धाम पहुंचना चाहते हैं, तो आपको अपने शहर के नजदीकी बस स्टेशन पर जाना होगा और जांच करनी होगी कि क्या आपके शहर से बागेश्वर धाम के लिए कोई बस सेवा उपलब्ध है। आप ऑनलाइन भी बस सेवा बुक कर सकते हैं। इससे आपको छतरपुर पहुंचना आसान होगा।
  4. ट्रेन के माध्यम से: आप ट्रेन के माध्यम से भी छतरपुर पहुंच सकते हैं। आपको अपने राज्य के रेलवे विभाग में जाकर जानकारी लेनी होगी कि क्या छतरपुर जाने के लिए कोई ट्रेन उपलब्ध है। छतरपुर पहुंचने के बाद, आप बस के माध्यम से 33 किलोमीटर दूर खजुराहों पन्ना जा सकते हैं। खजुराहों पन्ना पहुंचने के बाद, आपको गंज नामक स्थान से आगे बढ़ना होगा, और फिर आप धाम तक पहुंच सकते हैं।

बागेश्वर धाम संपर्क नंबर: यदि आप बागेश्वर धाम के संबंध में किसी जानकारी की तलाश में हैं, तो आप निम्नलिखित नंबर पर कॉल करके जानकारी प्राप्त कर सकते हैं: 8120 5923 71

बागेश्वर धाम मोबाइल नंबर: बागेश्वर धाम का मोबाइल नंबर जानने के लिए, आप बागेश्वर धाम द्वारा दिए गए मोबाइल नंबर पर कॉल करके किसी भी समस्या का समाधान कर सकते हैं: 8800 330 912

बागेश्वर धाम कहाँ है?

बागेश्वर शाम मध्यप्रदेश के चतरपुर जिले में है.

बागेश्वर धाम कब जाना चाहिए?

बागेश्वर धाम में हर मंगलवार जाना पड़ता है। आपको वहां जाकर एक अर्जी पेश करनी होती है, जिससे आपकी समस्याएं हल हो जाती हैं और आपका दुख कम हो जाता है। ऐसा पांच मंगलवार तक करना पड़ता है, जोकि 1 महीने से भी अधिक समय तक हो सकता है.

बागेश्वर धाम मोबाइल नंबर क्या है?

बागेश्वर धाम का मोबाइल नंबर 8120 5923 71 और 8800 330 912 है.

Coromandel Express Accident: भगवान ने एक और जन्म दिया, हम…” हादसे में बचे परिवार ने भगवान का शुक्रिया अदा किया

Coromandel Express Accident: ओडिशा के बालासोर में हुए हादसे में 261 यात्रियों की मौत हो गई है। 900 यात्रियों की मौत कोरोमंडल एक्सप्रेस और मालगाड़ी की टक्कर. दो ट्रेन और एक मालगाड़ी आपस में टकरा गई। इस हादसे में सुब्रतो पाल, देबोश्री पाल और उनके बेटे नाम के तीन लोग हादसे में बाल-बाल बचे।

पाल परिवार मालूबसान गांव का रहने वाला है। यह गांव पश्चिम बंगाल में है। इन तीनों ने इतने भयानक हादसे से बचाने के लिए भगवान का शुक्रिया अदा किया है. हम अपने बेटे को डॉक्टर के पास ले जा रहे थे। लेकिन उससे पहले बालासोर में हादसा हो गया। 

एएनआई को दिए इंटरव्यू में सुब्रतो पाल ने कहा है कि हम चेन्नई से खड़गपुर स्टेशन पर ट्रेन में सवार हुए. बालासोर स्टेशन गए और वहां एक बड़ा धमाका हुआ और उसके बाद एक बड़ा धुआं.. उसके बाद कुछ भी नजर नहीं आया।

हम किसी तरह इस हादसे से बचे। कुछ स्थानीय लोग आए और हमें घसीट कर बाहर ले गए। तो हम बच गए। वरना कुछ भी सच नहीं होता। भगवान हमें बचाने आए और हम बच गए। उन्होंने यह भी कहा है।

देबोश्री पाल ने कहा, “हम अपने बेटे के साथ चेन्नई गए थे। लेकिन बालासोर में एक हादसा हो गया। पहले तो मुझे नहीं पता था कि क्या हुआ। लेकिन काफी धुआं था। इसके बाद लोगों ने हमें वहां से निकाला। बाहर निकलने के बाद हम बच गए। मुझे विश्वास नहीं हो रहा है कि मैं आज जीवित हूं।” उन्होंने ऐसा कहा है।

वास्तव में क्या हुआ?

शुक्रवार (2 जून) को ओडिशा राज्य में ट्रेन दुर्घटना जब कोरोमंडल एक्सप्रेस, हावड़ा एक्सप्रेस और एक मालगाड़ी टकरा गई, हाल के दिनों में सबसे बड़ी दुर्घटनाओं में से एक है। इस लेख के लिखे जाने तक बताया जा रहा है कि इस हादसे में 233 यात्रियों की मौत हो गई है, जबकि 900 से अधिक यात्री घायल हुए हैं. 

ओडिशा के बालासोर जिले में बहनागा बाजार स्टेशन के पास शालीमार-चेन्नई कोरोमंडल एक्सप्रेस के 10 से 12 डिब्बे और बेंगलुरु-हावड़ा सुपरफास्ट एक्सप्रेस के तीन से चार डिब्बे आपस में टकरा गए। इस हादसे के बाद ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने ओडिशा में एक दिन के शोक की घोषणा की है. ओडिशा में दुर्घटना पिछले दो दशकों में सबसे खराब में से एक है। 1999 के बाद पहली बार इतनी बड़ी संख्या में मौतें हुई हैं।

Delhi Crime: एक तरफा प्यार, BF के रूप में स्वीकार नहीं किया तो चाकू से गोदा, दिल्ली में दिल दहला देने वाली घटना!

Delhi Crime Case: दिल्ली में बीते कुछ दिनों से अपराध की दर में इजाफा हुआ है. एक तरफा प्यार मार रहा है।शाहाबाद की एक घटना हाल ही में सामने आई। इस मामले में एक नाबालिग लड़की को पत्थर से कुचल कर मार डाला गया. ऐसा ही एक और वाकया दिल्ली से सामने आया है। 

इस मामले में अमित नाम के शख्स ने अपने ही ऑफिस में प्रेमिका पर चाकू से हमला कर दिया. घटना दिल्ली के बेगमपुर इलाके में हुई। एएनआई ने इस संबंध में एक रिपोर्ट दी है।

अमित और पीड़िता दिल्ली में एक इवेंट मैनेजमेंट कंपनी में साथ काम करते थे। अमित का पीड़िता से एकतरफा प्यार था। उसने उससे अपने प्यार का इजहार भी किया था। लेकिन, उसने उसके प्यार को ठुकरा दिया। वह कई बार अमित के प्यार को ठुकरा चुकी थी। 

शुक्रवार (2 मई) दोपहर करीब ढाई बजे अमित ने ठुकराए जाने के गुस्से में पीड़िता पर चाकू से हमला कर दिया। उसके चिल्लाने पर कई लोग उसकी मदद के लिए दौड़ पड़े। लिहाजा अमित वहां से फरार हो गया। पीड़िता को स्थानीय लोगों ने तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया। इस मामले में पीड़िता गंभीर रूप से घायल है और उसका इलाज अस्पताल में चल रहा है.

इस बीच अमित मौके से भागकर अपने ऑफिस चला गया। ऑफिस जाने के बाद उसने आत्महत्या कर ली। इस बीच, गहन जांच शुरू कर दी गई है और आसपास के हालात की जांच की जा रही है।

कुछ दिनों पहले दिल्ली के बाहरी इलाके शाहबाद डेयरी इलाके में एक 16 साल की लड़की की बेरहमी से हत्या कर दी गई थी. आरोपी साहिल खान ने नाबालिग लड़की पर धारदार हथियार से बीस वार किए। बिना रुके सड़क पर पड़े सीमेंट के ब्लॉक ने उसके सिर पर वार कर दिया। 

इस बार सड़क पर से गुजर रहे किसी व्यक्ति ने आरोपी को नहीं रोका। दिल्ली पुलिस ने आरोपी को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से गिरफ्तार किया है। 

School Of Lies Review: बाल यौन शोषण के गंभीर मुद्दे की एक संक्षिप्त प्रस्तुति, एक घटिया साजिश और फिर रौंगटे खड़े कर देने वाला…

School Of Lies Review : जिस वेब सीरीज के नाम में झूठ है उससे अच्छे कंटेंट की उम्मीद करना बेमानी है। हाल ही में ओटीटी प्लेटफॉर्म हॉटस्टार पर ‘स्कूल ऑफ लाइज’ नाम की एक वेब सीरीज रिलीज हुई है। 

दरअसल, वेब सीरीज़ में एक बेहद संवेदनशील और विवादित मुद्दे को छूने की कोशिश की गई है, लेकिन जिस तरह से प्लॉट को हैंडल किया गया है, यह वेब सीरीज़ हमारे देश के ज़्यादातर लोगों को रास नहीं आएगी। 

मूल रूप से, क्या इस श्रृंखला में दिखाए गए स्कूल वास्तव में मौजूद हैं? करण जौहर की फिल्मों में स्कूल इससे कहीं ज्यादा किफायती थे। कम से कम उनकी फिल्में दर्शकों को टॉर्चर करने के बजाय एंटरटेन करती हैं, लेकिन इन वेब सीरीज से हमें सिर्फ दिल दुखता है।

सीरीज की कहानी एक बड़े बोर्डिंग स्कूल के एक लड़के के लापता होने से शुरू होती है। अब वह लड़का क्यों गायब हो गया, क्या इसमें इस स्कूल के सीनियर्स का हाथ है? क्या वह सचमुच गायब हो गया है, उसका अपहरण कर लिया गया है या कुछ और? इन सब बातों के साथ-साथ स्कूल के अलग-अलग राज हमारे सामने खुलने लगते हैं। 

इस मिस्ट्री थ्रिलर के साथ-साथ वेब सीरीज़ बाल यौन शोषण और बलात्कार से भी संबंधित है। इस कहानी को दो से ढाई घंटे की फिल्म के जरिए आसानी से पेश किया जा सकता था, लेकिन निर्देशक अविनाश अरुण की इसे वेब सीरीज बनाने की जिद समझ से परे है।

चूंकि पटकथा से कहानी में कोई अंतर नहीं है, इसलिए यह सीरीज कुछ नया दिखाने का नाटक करती रहती है। इसके अलावा, बच्चों के यौन शोषण और विशेष रूप से POCSO अधिनियम (यौन उत्पीड़न, यौन उत्पीड़न और अश्लील साहित्य से बच्चों की रक्षा) जैसे गंभीर मुद्दों को बहुत ही बचकाने तरीके से श्रृंखला में प्रस्तुत किया गया है। 

बच्चों को अपने से दूर रखने पर मां-बाप की मानसिकता कैसे बदल जाती है, कैसे वे परिवार से कट जाते हैं और इससे जो समस्याएं पैदा होती हैं, यही इस वेब सीरीज की समग्र कहानी है, लेकिन इसका कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिलता। 

इसके विपरीत यह वेब सीरीज़ इन सभी समस्याओं का इस्तेमाल हत्या जैसे अपराध को ग्लैमराइज करने के लिए करती है।

Hotstar Specials School Of Lies | Official Trailer | Nimrat K. | Sonali K. | 2nd June

हाल ही में पॉक्सो जैसे गंभीर विषय पर बनी मनोज बाजपेयी की फिल्म ‘सिर्फ एक बंदा काफी है’ रिलीज हुई थी, यह वेब सीरीज वाकई बहुत बचकानी लगती है. श्रृंखला में बाल पात्रों को उनकी उम्र के लिए बहुत परिपक्व दिखाया गया है, इसलिए हम उनसे जुड़ नहीं पाते हैं। इसके साथ ही, चूंकि श्रृंखला में आधे से अधिक संवाद अंग्रेजी में हैं, इसलिए यह सवाल बना रहता है कि इस वेब श्रृंखला को हिंदी क्यों कहा जाए। सारे डायलॉग्स बेहद अनाड़ी हैं और हर सीन को बहुत ज्यादा खींचा गया है, जिससे यह वेब सीरीज अब देखना दिलचस्प नहीं रह गया है।

कौन जानता है कि यह गलत धारणा कब दूर हो जाए कि लोग इन दिनों सच्ची घटनाओं से प्रेरित कोई भी फिल्म या वेब सीरीज देखेंगे? सिर्फ इसलिए कि वेब सीरीज का प्रेजेंटेशन, लोकेशंस, बैकग्राउंड म्यूजिक अच्छा है, आप इस सीरीज को थोड़ा देखना चाह सकते हैं। बच्चों, विशेष रूप से किशोरों के गंभीर विषय के बावजूद यौन शोषण होने के बावजूद, इसे एक हत्या से जोड़ना पूरी श्रृंखला की बेहूदगी को उजागर करता है। कास्ट भी ठीक है, आमिर बशीर और निमरत कौर की पसंद के बावजूद, श्रृंखला प्रभावित करने में विफल रही है। सोनाली कुलकर्णी और जितेंद्र जोशी जैसे कलाकार महत्वपूर्ण भूमिकाओं में हैं और उनका काम भी ठीक ठाक रहा है। वेब सीरीज़ ‘स्कूल ऑफ़ लाइज़’ ओटीटी प्लेटफॉर्म हॉटस्टार पर उपलब्ध है, जो बहुत ही तुच्छ, उबाऊ और गंभीर मुद्दे से निपटकर लोगों के सामने कुछ गलत पेश करके जागरूक करने का नाटक करती है।