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मध्यप्रदेश विधानसभा 2023 में बीजेपी की चुनावी रणनीति – MP Election 2023

मध्यप्रदेश विधानसभा 2023: मध्यप्रदेश में लगातार सत्ता में रहने के बाद बीजेपी को अब जनता की नाराज़गी झेलनी पड़ रही है। बढ़ती महंगाई और विकास के दावों की हकीकत से जनता खुश नहीं है। बीजेपी की सबसे बड़ी चुनौती वह वर्ग है जो हमेशा से पार्टी के साथ हुआ करता था यानी व्यापारी वर्ग।

क्योंकि व्यापारी वर्ग बीजेपी से नाखुश है। विधानसभा चुनाव में मोदी मैजिक भी काम नहीं करने वाला है। अब ऐसे में सवाल यह है कि आखिर बीजेपी क्या करने वाली है जिसके साथ वो सत्ता में पहुंच सकेगी।

भारतीय जनता पार्टी एक ऐसा संगठन है जहाँ अनुशासन को शक्ति कहा जाता है। अभी बीजेपी को पार्टी में अनुशासन और एकता दोनों पर काम करना है। कांग्रेस की हार की एक वजह हमेशा गुटबाज़ी रही है जिससे अब बीजेपी अछूती नहीं है।

सिंधिया और उनके समर्थक विधायकों के विलय के बाद से भले ही बीजेपी ने सत्ता में वापसी की हो लेकिन अंर्तकलह तो झेल ही रही है। इन सब से निपटने के लिए संगठन ने ज़मीनी कार्यकर्ताओं को एक्टिव किया है और बूथ स्तर पर तैयारियां शुरू भी कर दी है।

चुनाव के नज़दीक होने के चलते शिवराज सिंह चौहान ने अब बहनों के लिए भी योजना की घोषणा की है। शिवराज जानते है उनका सिंहासन खतरे में है और वो किसी भी तरह जनता के पसंदीदा बने रहना चाहते हैं।

हालाँकि पार्टी का नजरिया भी साफ़ है कि इस चुनाव में ना सिर्फ उन्हें मुख्यमंत्री का चेहरा बदलना है बल्कि पार्टी की नीतियां भी बदलनी हैं।

बीजेपी ने अपनी नीतियां बदलने की शुरुआत 2020 से ही कर दी थी। भारतीय जनता पार्टी ने पिछले कुछ सालों से यह साबित करने की कोशिश की है कि वह आदिवासियों की हितैषी है और इस बार चुनाव में बीजेपी का हुकुम का इक्का भी यही है। बीजेपी जानती है हर वर्ग को अपने करीब लेकर चुनाव नहीं जीता जा सकता तो अब बीजेपी का पूरा फोकस आदिवासी, दलित और OBC पर ही है।

बीजेपी के पिछले कुछ अहम् कार्यों पर नज़र डालेंगे तो साफ़ नज़र आता है कि बीजेपी अब यही कार्ड खेलने जा रही है। चाहे वो टंट्या भील की याद दिलाकर उनकी प्रतिमा बनवाना हो, उनका बलिदान दिवस मनाना हो या सत्ता में इस वर्ग विशेष को बड़ा पद देना हो। कहीं न कहीं बीजेपी पिछले 2 सालों से गरीब और आदिवासी तबके के बीच अपनी जगह बनाने में जुटी हुई है।

मध्यप्रदेश में दलित वर्ग की आबादी 40 प्रतिशत है और इस कार्ड को खेलने का मतलब है, बीजेपी की जीत पक्की। क्योंकि उसके बाद बीजेपी के लिए कलह और मुख्यमंत्री का चेहरा जैसी मुसीबतें थोड़ी कम हो जाएँगी। महंगाई रोज़गार और विकास जैसे मुद्दों पर अब बीजेपी घिर चुकी है ऐसे में उसे अचूक फॉर्मूले की ज़रूरत थी।

गुजरात में बीजेपी की चुनावी जीत से यह तो साफ़ हो गया कि एंटी इंकम्बेंसी से उबरा जा सकता है। बीजेपी मध्यप्रदेश में कमज़ोर स्थिति में है और अब अपनी स्थिति को मज़बूत करने के लिए उसने ऐसा वर्ग चुना है जो अंधभक्त होकर अपनी वफादारी निभाता है। सालों तक इसी वर्ग के दम पर कांग्रेस ने देश में अपनी सरकार बनाई है।

चुनावी मौसम में यही वर्ग है जिसकी सबसे ज्यादा बात होती है। दलित, आदिवासी और पिछड़ा समाज। भारतीय जनता पार्टी ने इस समाज से कनेक्शन जोड़ने का काम पहले ही शुरू कर दिया था। 2018 की हार ने पार्टी को समझा दिया था कि उसे अब ऐसे वोटर्स चाहिए जिन्हें चेहरों से नहीं बल्कि सिर्फ चुनावी चिन्ह से फर्क पड़े।

बीजेपी ने मध्यप्रदेश में अपनी छवि पिछड़ा वर्ग हितैषी बना ली है और अब इसी कार्ड के साथ वो चुनाव में उतर रही है। हालाँकि बीजेपी को भूलना नहीं चाहिए कि सत्ता में आने के लिए और बने रहने के लिए उसे अन्य चुनौतियों से निपटना भी ज़रूरी है।

US Plane Crash: अर्कांसस के लिटिल रॉक में हुए छोटे विमान हादसे में 5 लोगों की मौत हो गई

US Plane Crash – अमेरिका: अमेरिका के शहर लिटिल रॉक में उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद एक छोटा विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया. विमान हादसे में पांच लोगों की मौत हो गई। जानकारी के मुताबिक, विमान लिटिल रॉक फैक्ट्री के पास क्रैश हुआ है.

पुलास्की काउंटी शेरिफ कार्यालय के प्रवक्ता लेफ्टिनेंट कोडी बर्क ने कहा कि जुड़वां इंजन वाला विमान बिल और हिलेरी क्लिंटन राष्ट्रीय हवाई अड्डे से कुछ मील दक्षिण में लिटिल रॉक में एक कारखाने के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया। संघीय उड्डयन प्रशासन ने कहा कि विमान में पांच लोग सवार थे। विमान हादसे की जांच कराई जाएगी

FAA ने कहा कि BE20 लिटिल रॉक हवाई अड्डे से निकल चुका था और कोलंबस, ओहियो में जॉन ग्लेन अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे के रास्ते में था। हालांकि उन्होंने विमान में सवार लोगों के नाम का खुलासा नहीं किया। एफएए ने कहा कि वह राष्ट्रीय परिवहन सुरक्षा बोर्ड के साथ मिलकर दुर्घटना की जांच करेगा।

सीटीईएच के वरिष्ठ उपाध्यक्ष पॉल नोनी ने कंपनी द्वारा जारी एक बयान में कहा, “हम अपने लिटिल रॉक सहयोगियों के नुकसान की रिपोर्ट करते हुए बेहद दुखी हैं।” 

“हम सभी से खोए हुए लोगों के परिवारों और पूरी CTEH टीम को अपने विचारों और प्रार्थनाओं में रखने के लिए कहते हैं।”

बता दें कि अमेरिका में बर्फीले तूफान की वजह से कई उड़ानें रद्द कर दी गई हैं. एफएए ने कहा कि जांच से पता चलेगा कि खराब मौसम में विमान दुर्घटना में मौसम की क्या भूमिका रही। दुर्घटनास्थल के आसपास के लोगों ने बताया कि विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद भीषण आग लग गई।

अमेरिका में बर्फीले तूफान के कारण बुधवार को 1,300 से अधिक उड़ानें रद्द कर दी गईं। अमेरिका के पश्चिमी और मध्य राज्य भीषण बर्फीले तूफान से सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।

Weather Update: IMD ने इन राज्यों में आजबारिश और आंधी का अलर्ट किया जारी, जानें दिल्ली-यूपी का मौसम का हाल

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नई दिल्ली: देश के ज्यादातर राज्यों में इन दिनों मौसम का मिजाज कुछ ऐसा ही है. देश की राजधानी दिल्ली में भी मौसम का मिजाज कुछ ऐसा ही है. इस हफ्ते की शुरुआत से ही दिल्ली में तापमान (Delhi Weather Update) बढ़ता जा रहा है. 

लेकिन सुबह होते ही आसमान कोहरे की चादर ओढ़ लेता है। इसी कड़ी में मौसम विभाग के अनुसार अगले पांच दिनों तक उत्तर पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत में अधिकतम तापमान में तीन से पांच डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है.

वहीं, अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में आज बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले तीन दिनों तक उत्तर पश्चिम भारत के अधिकतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव होने की संभावना नहीं है. 

इसके बाद तापमान में दो डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। देश के बाकी हिस्सों में अगले 5 दिनों तक अधिकतम तापमान में कोई खास बदलाव नहीं होगा। मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक औसत तापमान तीन से पांच डिग्री सेल्सियस अधिक बना रहेगा।

आईएमडी के मुताबिक, एक नया पश्चिमी विक्षोभ दस्तक देने वाला है, जिससे पहाड़ी राज्यों का मौसम बदलेगा। पश्चिमी विक्षोभ के कारण 25 और 26 फरवरी को जम्मू-कश्मीर, 26 फरवरी को हिमाचल प्रदेश में बारिश और आंधी की संभावना है।

स्काईमेट वेदर की रिपोर्ट के अनुसार, 25 फरवरी से एक पश्चिमी विक्षोभ के पश्चिमी हिमालय को प्रभावित करने की संभावना है। पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान के कुछ हिस्सों में आज घना कोहरा छा सकता है।

देश के उत्तर-पश्चिमी और मध्य भागों में दिन और रात का तापमान सामान्य से बहुत अधिक रहेगा। वहीं, अरुणाचल प्रदेश में मध्यम से भारी बारिश और बर्फबारी संभव है। सिक्किम में हल्की बारिश और बर्फबारी हो सकती है। 

मौसम की बात करें तो पिछले 24 घंटों में उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और अरुणाचल प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश और हिमपात हुआ है। जम्मू-कश्मीर में हल्की बारिश और बर्फबारी।

आईएमडी के अनुसार, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के अलावा, हरियाणा, पंजाब, यूपी, एमपी, राजस्थान, गुजरात और महाराष्ट्र में आने वाले दिनों में गर्मी में तेजी से बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। इसी तरह, कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड की पहाड़ियों में औसत से कम बर्फबारी के बाद अधिकतम तापमान सामान्य से 6 से 11 डिग्री सेल्सियस ऊपर जा सकता है।

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पूरे यूपी, एमपी, बिहार और राजस्थान में फरवरी 100 फीसदी शुष्क रही है, जिससे उत्तर और मध्य भारत के कई हिस्सों में पारा तेजी से चढ़ रहा है और तापमान अभी से लोगों की परेशानी बढ़ाने लगा है.

मुख्यमंत्री दुधारु पशु प्रदाय कार्यक्रम में गाय के साथ भैंस भी शामिल

राज्य शासन ने “मुख्यमंत्री दुधारू गाय प्रदाय कार्यक्रम’’ को संशोधित करते हुए “मुख्यमंत्री दुधारू पशु प्रदाय कार्यक्रम’’ के रूप में लागू किया है। कार्यक्रम में अब हितग्राही की मंशा अनुसार दुधारू गाय के अलावा भैंस भी प्रदाय की जा सकेगी।

साथ ही कार्यक्रम का लाभ अब विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा के साथ सहरिया और भारिया को भी मिलेगा। इन जनजातियों की कमजोर आर्थिक स्थिति को देखते हुए हितग्राही अंशदान की राशि 25 प्रतिशत से घटा कर 10 प्रतिशत कर दी गई है।

पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्री प्रेमसिंह पटेल ने कहा है कि प्रति पशुपालक 2 दुधारू पशु गाय/भैंस दी जाएगी। कार्यक्रम में 90 प्रतिशत शासकीय अनुदान और 10 प्रतिशत हितग्राही अंशदान होगा। क्रय किये गये सभी पशुओं का बीमा होगा। मिल्क रूट और दुग्ध समितियों का गठन मध्यप्रदेश दुग्ध महासंघ और पशुपालन विभाग द्वारा किया जायेगा।

वित्तीय वर्ष 2022-23 और 2023-24 के लिये 750-750 गाय-भैंस प्रदाय का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके लिये 29 करोड़ 18 लाख रूपये का प्रावधान किया गया है। गाय प्रदाय के लिये एक लाख 89 हजार 250 रूपये और भैंस के लिये 2 लाख 43 हजार रूपये की राशि निर्धारित की गई है।

गौ प्रदाय में एक लाख 70 हजार 325 रूपये शासकीय अनुदान और शेष 18 हजार 925 रूपये हितग्राही अंशदान होगा। भैंस प्रदाय में 2 लाख 18 हजार 700 रूपये का शासकीय अनुदान और मात्र 24 हजार 300 रूपये हितग्राही का अंशदान होगा।

कार्यक्रम का उद्देश्य दुग्ध उत्पादन और पशुओं की दुग्ध उत्पादक क्षमता में वृद्धि, रोजगार के नवीन अवसर द्वारा हितग्राहियों की आर्थिक स्थिति में सुधार और उच्च उत्पादक क्षमता के गौ-भैंस वंशीय पशुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करना है।

विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा के लिये 6 जिले डिण्डोरी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, मण्डला और बालाघाट, भारिया के लिये छिन्दवाड़ा और सहरिया जनजाति के लिये ग्वालियर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, श्योपुरकला, मुरैना और भिण्ड जिले में कार्यक्रम क्रियान्वित होगा।

हितग्राही को आवेदन निर्धारित प्रपत्र में अपने निकटतम पशु चिकित्सा संस्था या दुग्ध सहकारी समिति को देना होगा। चयन के बाद हितग्राहियों को पशुपालन, पशु आहार और पशु प्रबंधन प्रशिक्षण के साथ परिचयात्मक दौरा भी करवाया जायेगा।

MP BUDGET 2023: मुख्यमंत्री शिवराज ने की विधानसभा के बजट-सत्र की तैयारियों की समीक्षा

MP BUDGET 2023: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj SIngh Chouhan) ने कहा है कि विधानसभा में विभिन्न विभागों की ओर से दिए जाने वाले उत्तर स्पष्ट और तथ्यपरक हों.

सभी विभाग अपने से संबंधित जानकारियाँ समय रहते संसदीय कार्य विभाग को उपलब्ध कराएँ। बजट-सत्र के दौरान अधिकारी मुख्यालय पर ही रहें.

राज्य शासन द्वारा प्रस्तुत किए जाने वाला बजट आत्म-निर्भर मध्यप्रदेश के निर्माण को आगे बढ़ाने वाला बजट होगा. बजट में विभिन्न विभागों के लिए किए जा रहे प्रावधानों के संबंध में विभागीय मंत्रीगण बजट प्रस्तुत होने के बाद प्रदेशवासियों से इन प्रावधानों के संबंध में सार्थक संवाद भी करें।

मुख्यमंत्री चौहान राजकीय विमानतल पर विधानसभा बजट-सत्र की तैयारियों के संबंध में अधिकारियों से चर्चा कर रहे थे। अपर मुख्य सचिव संसदीय कार्य श्री विनोद कुमार, प्रमुख सचिव विधानसभा श्री अवधेश प्रताप सिंह, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री मनीष रस्तोगी और प्रमुख सचिव जनसंपर्क श्री राघवेन्द्र सिंह उपस्थित थे। सभी मंत्रीगण, मुख्यमंत्री सचिव श्री इकबाल सिंह बैंस, अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव बैठक में वर्चुअली शामिल हुए।

जानकारी दी गई कि 27 फरवरी से 27 मार्च तक चलने वाले सत्र में 5 विभागों के 8 विधेयक संभावित हैं, जिनमें वित्त विभाग के 3, नगरीय विकास एवं आवास के 2, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, उच्च शिक्षा और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम विभाग का एक-एक विधेयक शामिल हैं।

बैठक में सभी 55 विभागों की शून्यकाल, अपूर्ण उत्तर, आश्वासन और लोक लेखा समिति की लंबित सिफारिशों के संबंध में अद्यतन स्थिति की जानकारी विभागीय अधिकारियों द्वारा प्रस्तुत की गई।

सिवनी: लखनादौन में सीएम शिवराज ने तेंदूपत्ता संग्राहकों को वितरित की 78 करोड़ की बोनस राशि

सिवनी, लखनादौन: मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बुधवार को लखनादौन में लघु वनोपज सहकारी समिति की क्षमता वृद्धि के लिए हुए प्रशिक्षण-सह-जागरूकता कार्यक्रम में 13 वन-मण्डलों के प्राथमिक लघु वनोपज सहकारी समिति के तेंदूपत्ता संग्राहकों को 78 करोड़ रुपये की बोनस राशि वितरित की।

साथ ही विभिन्न विभागों के 298 करोड़ 49 लाख रुपये लागत के 48 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमि-पूजन किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने लघु वनोपज संघ द्वारा निर्मित महुआ प्राश की लॉचिंग भी की।

उन्होंने कहा कि वन उपज में आश्रित जनजातीय भाई-बहिनों के जीवन में परिवर्तन लाने के लिये सरकार कोई कसर नहीं छोड़ेगी। राज्य सरकार जनजातीय बंधुओं के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन के लिये लगातार प्रयास जारी है।

सामाजिक क्रांति साबित होगी लाड़ली बहना योजना

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री चौहान ने महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में चलाई जाने वाली महत्वाकांक्षी “लाड़ली बहना योजना” की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बहनों के लिये उपहार स्वरूप यह योजना प्रारंभ कर रहे हैं। योजना में प्रतिमाह बहनों के खातों में एक हजार रुपये की राशि डाली जायेगी। बहनों को आर्थिक रूप से सशक्त एवं स्वावलंबी बनाने के लिए यह योजना है। बहनों के सशक्त होने से परिवार सशक्त होगा। परिवार से समाज एवं समाज से प्रदेश और देश सशक्त होगा।

उन्होंने कहा कि लाड़ली बहना योजना का शुभारंभ पांच मार्च को राज्य-स्तरीय आयोजन में किया जायेगा। योजना के आवेदन के लिये मार्च और अप्रैल माह में गाँव में ही शिविर लगा कर फॉर्म लिये जाएंगे। इसके बाद मई माह में परीक्षण कर सूची जारी की जायेगी और 10 जून से बहनों के खातों में राशि आना शुरू हो जायेगी।

लाड़ली बहना योजना एक सामाजिक क्रांति साबित होगी। योजना के लाभ से बहनों की आर्थिक स्थिति सशक्त होगी। बहनें विवेकपूर्ण तरीके से योजना में प्राप्त राशि का उपयोग करते हुए बचत भी कर अच्छे कार्यों में परिवार को बेहतर सहयोग दे सकेंगी।

मुख्यमंत्री ने हर्रई बिजना माईक्रो इरीगेशन योजना को स्वीकृति प्रदान की। लखनादौन में खेल मैदान बनाए जाने सहित जिले के विकास के लिए अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाओं की स्वीकृति की घोषणा की। उन्होंने कहा कि सभी नगरीय निकाय को विकास कार्यों के लिए 2-2 करोड़ रुपये की राशि दी जायेगी।

मंदिर, स्कूल-कॉलेज परिसर से 100 मीटर दूरी में नहीं होंगी शराब दुकाने

मुख्यमंत्री ने नई आबकारी नीति में किए गए प्रावधानों की जानकारी देते हुए बताया कि शराबखोरी जैसी सामाजिक बुराई को समाप्त करने के लिये राज्य शासन द्वारा निर्णय लिया गया है कि एक अप्रैल से प्रदेश के सभी शराब अहाते बंद किए जाएंगे। साथ ही मंदिर, स्कूल, कॉलेज परिसर से 100 मीटर दूरी में कोई भी शराब दुकान नहीं खोली जायेगी।

जनजातीय वर्ग के हितों के संरक्षण करेगा पेसा नियम

उन्होंने कहा कि अधिसूचित क्षेत्रों में पेसा नियम के लागू हो जाने से जनजातीय भाई-बहनों को काफी सहूलियत होगी। उनके हितों के संरक्षण के लिये पेसा नियम लागू किया गया है। अब तेंदूपत्ता तोड़ने की जिम्मेदारी ग्रामसभा निभायेगी। इस कार्य के लिये तेंदूपत्ता संग्राहकों को प्रशिक्षण दिया जायेगा और उनकी मजदूरी राज्य सरकार देगी।

वनोपज जैसे हर्रा, बहेड़ा, सालबीज, आँवला आदि का संग्रहण कर इन उत्पादों को बेचने की आजादी जनजातीय भाई-बहनों के पास होगी। इससे गाँव का पैसा गाँव में ही आयेगा। जनजातीय वर्ग में लोगों को प्रलोभन देकर उनका धर्मातंरण करवाने की साजिश नहीं होने देंगे। धर्मान्तरण का यह कुचक्र मध्यप्रदेश की धरती पर नहीं चलेगा।

जल्द होगी एक लाख से अधिक पदों में भर्ती

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा 1 लाख 14 हजार से अधिक सरकारी पदों पर भर्तियाँ की जा रही हैं।

किसानों के ऋण का पूरा ब्याज भरेगी सरकार

मुख्यमंत्री ने कहा कि कर्ज न चुका पाने के कारण डिफाल्टर हुए किसानों का पूरा ब्याज सरकार भरेगी तथा किसानों को बिना ब्याज के कर्ज दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकार द्वारा बंद की गई सभी योजनाएँ पुन: चालू कर दी गई हैं। शासन की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री तीर्थ-दर्शन योजना में वृद्धजन को अब हवाई जहाज से भी तीर्थ-दर्शन कराये जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को हितलाभ का वितरण किया। उन्होंने तेंदूपत्ता संग्राहकों को बोनस राशि के वितरण के साथ प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम, मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना, लाड़ली लक्ष्मी बालिकाओं के प्रमाण-पत्र, आजीविका मिशन के महिला स्व-सहायता समूहों को अनुदान राशि के हितलाभ बाँटे।

MP New Liquor Policy: नई शराब नीति का नोटिफिकेशन जारी, एमपी में बियर व शराब के साथ; 1 से अहाता पर बैन

MP New Liquor Policy। मध्यप्रदेश सरकार (MP Govt) ने बीते दिन देर शाम नई शराब नीति का नोटिफिकेशन (MP New Liquor Policy Notification) जारी कर दिया है, इसके मुताबिक अब बार में सस्ती बियर व शराब नहीं बिक सकेगी, शराब और बियर के लिए न्यूनतम कीमत का स्लेप लगा दिया है।

MP New Liquor Policy के अनुसार इसी तरह दुकानों से इंपोर्टेट शराब बेचने की छूट दी गई है. MP New Liquor Policy में यह भी है कि अब कोई भी दुकानदार किसी भी ब्रांड की शराब को बेचने से इनकार नहीं कर सकता है.

यह व्यवस्था एक अप्रैल से लागू हो जाएगी, फिलहाल 31 मार्च 2024 तक व्यवस्था रखने के आदेश जारी किए गए हैं, लेकिन यह निरंतर जारी रहेगी.

दिसंबर 2023 में होने वाले चुनावों वाले चुनावी राज्य मध्य प्रदेश ने राज्य में शराब की खपत को नियंत्रित करने के लिए एक नई शराब नीति पेश की। नई आबकारी नीति के तहत शराब की दुकानों और दुकान बार से जुड़े पीने के क्षेत्रों ‘आहत’ को बंद कर दिया जाएगा और कोई भी नई दुकान नहीं खोली जाएगी। लेकिन क्या इस कदम के पीछे कुछ और है? जानने के लिए देखें।

MP New Liquor Policy: एमपी नई आबकारी नीति के प्रमुख बिंदु

  • किसी भी मदिरा दुकान के साथ मदिरापान की सुविधा उपलब्ध नहीं कराई जाएगी, यानी, अहाते और शॉप बार नहीं खुलेंगे
  • धार्मिक स्थानों से 100 मीटर की दूरी पर ही शराब दुकानें स्थापित हो सकेगी
  • स्कूल, कॉलेज या छात्रावास जिनकी दुकानों से दूरी 100 मीटर से कम है, उन्हें 100 मीटर से अधिक दूरी पर विस्थापित किया जाएगा
  • कलेक्टर के प्रस्ताव पर दुकानों को बंद किया जा सकेगा
  • शराब के नशे में वाहन चलाने पर ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित किए जा सकेंगे
  • वहीं खतरनाक ढंग से वाहन चलाने पर सजा भी हो सकेगी।

Madhya Pradesh New Liquor Policy Notification में दुकानों को लेकर यह व्यवस्था

वर्ष 2023-24 के लिए प्रदेश के सभी मदिरा समूहों को ठेका वित्तीय वर्ष की अवधि तक के लिए दिया जाएगा। प्रदेश की सभी जिलों की 3605 कम्पोजित मदिरा दुकानों का ठेका विगत वर्ष 2022-23 में प्रचलित छोटे समूहों के अनुसार किया जाएगा।

जिन कम्पोजिट दुकान समूहों पर नवीनीकरण के लिए आवेदन प्राप्त नहीं होंगे, उन समूहों पर अन्य इच्छुक पात्र आवेदकों से निर्धारित आरक्षित मूल्य पर लॉटरी आवेदन पत्र मांगे जाएंगे। प्रदेश की सभी शराब दुकानें कम्पोजित शॉप होंगी। यानि, वहां देशी और विदेशी दोनों प्रकार की शराब बेची जा सकेगी।

शराब दुकानें सुबह साढ़े 9 बजे खोली जा सकेगी और रात साढ़े 11 बजे तक ही शराब बेची जा सकेगी। रेस्टोरेंट, होटल, रिसोर्ट या क्लब बार लाइसेंस के अंतर्गत परिसर में अंग्रेजी शराब की बिक्री का समय सुबह 10 से रात साढ़े 11 बजे तक रहेगा। वहीं, उपभोग यानि पीने का समय रात 12 बजे तक रहेगा।

प्रदेश में उत्पादित अंगूर से निर्मित शराब को बेचने की अनुमति दी गई है। फ्रेंचाइजी या अधिकृत किए गए व्यक्ति को भी हर जिला मुख्यालय पर या पर्यटन स्थल पर रिटेल आउटलेट मंजूर किए जाने की अनुमति पूर्व की शर्तों के अनुसार ही दी जाएगी। इसकी वार्षिक लाइसेंस फीस 10 हजार रुपये रहेगी।

मध्य प्रदेश कैबिनेट ने नई आबकारी नीति को मंजूरी दे दी है, जो शराब की दुकानों और दुकान बार से जुड़े “आहत”, या पेय प्रतिष्ठानों को बंद करने का आह्वान करती है।

राज्य के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा के अनुसार, नई आबकारी नीति का उद्देश्य शराब की खपत को कम करना है। मिश्रा ने रविवार रात कैबिनेट की बैठक के बाद बयान दिया।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की वरिष्ठ नेता उमा भारती की मप्र में “नियंत्रित शराब नीति” की मांग के बीच यह बात सामने आई है।

भारती, जिन्होंने पूर्ण शराबबंदी का आह्वान करते हुए अपना अभियान शुरू किया था, अब राज्य में शराब की बिक्री को वैध बनाने पर जोर दे रही हैं, जहां इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं।

उन्होंने कहा कि शराब पीकर गाड़ी चलाने की स्थिति में ड्राइविंग लाइसेंस रद्द करने वाले कानून को मजबूत किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शराब की दुकानों और शैक्षणिक संस्थानों, महिला छात्रावासों और पूजा स्थलों के बीच की दूरी 50 मीटर से बढ़ाकर 100 मीटर की जाएगी।

मिश्रा ने कहा, “मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान शराब पीने को हतोत्साहित करने का काम कर रहे हैं, इसलिए 2010 के बाद से राज्य में कोई नई दुकान नहीं खोली गई है। इसके विपरीत दुकानें बंद कर दी गईं।”

उन्होंने कहा कि नर्मदा सेवा यात्रा के दौरान राज्य में 64 दुकानें बंद रहीं।

भारती शराब के इस्तेमाल के खिलाफ वकालत करती रही हैं और उन्होंने मप्र में भाजपा के नेतृत्व वाले चौहान प्रशासन से आग्रह किया है कि वे ढीली उत्पाद नीति बनाकर लोगों की शराब पीने की आदतों का फायदा न उठाएं।

ओरछा में, जो अपने मंदिरों और महलों के लिए जाना जाता है, निवाड़ी क्षेत्र का एक शहर है, उसने एक शराब की दुकान के सामने दो गायों को जंजीर से बांध दिया था और अपनी “मधुशाला में गौशाला” (शराब की दुकान में गौशाला) के हिस्से के रूप में लोगों को शराब के बजाय दूध पीने के लिए प्रोत्साहित किया था। )

उसने शराब की बिक्री के विरोध में ओरछा में दुकान पर गोबर भी फेंका था।

दिल्ली मेयर चुनाव: दिल्ली एमसीडी हाउस में आधी रात हंगामा; भाजपा, आप पार्षद भिड़े

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नई दिल्ली: दिल्ली नगर निगम (MCD) में बुधवार को मेयर और डिप्टी मेयर के चुनाव के बाद स्टैंडिंग कमेटी के सदस्यों के चुनाव को लेकर जमकर हंगामा हुआ. इस दौरान पार्षदों के बीच मारपीट व धक्का-मुक्की की घटना हो गई। 

जानकारी के अनुसार पार्षदों द्वारा सदन में बोतलें भी फेंकी गईं. कुछ पार्षद टेबल पर चढ़ गए। आप कहते हैं कि सुबह हो भी जाए तो स्थायी समिति के चुनाव के बिना सदन की कार्यवाही स्थगित नहीं होगी.

आम आदमी पार्टी के अंदाज ने बीजेपी की रेखा गुप्ता को 34 वोटों से हरा दिया और एक बार फिर आप में जश्न का माहौल है. इस पर सीएम अरविंद केजरीवाल ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि गुंडों की हार हुई है. इसके बाद आप के आले मोहम्मद इकबाल डिप्टी मेयर चुने गए।

इसके बाद स्थायी समिति के छह सदस्यों के चुनाव को लेकर हंगामा शुरू हो गया, जो रात 12 बजे तक चलता रहा। आप और भाजपा पार्षदों ने एक-दूसरे पर पर्चे फेंके। शैली ओबेरॉय ने ट्वीट कर आरोप लगाया कि बीजेपी पार्षदों ने उन पर हमला करने की कोशिश की.

मेयर का आरोप है कि बीजेपी पार्षदों ने उन पर भी हमला किया. आप के वरिष्ठ नेता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि बिना चुनाव के सत्र खत्म नहीं होगा। भले ही सदन कई दिनों तक चलता रहे। स्थायी समिति भी आप ही से बनेगी। सुप्रीम कोर्ट ने पहली बैठक में ही चुनाव कराने का आदेश दिया है। वहीं आप पार्षद रात करीब एक बजे सदन से निकले, लेकिन भाजपा पार्षद मेयर के इंतजार में बैठे रहे।

दरअसल, मेयर, डिप्टी मेयर के चुनाव में वोटिंग के दौरान सदस्यों के साथ मोबाइल ले जाने पर रोक लगा दी गई थी. सभी सदस्यों ने इसका पालन भी किया। ये दोनों चुनाव शांतिपूर्ण संपन्न हुए।

इसके बाद महापौर ने सदन की कार्यवाही एक घंटे के लिए स्थगित कर दी और कहा कि वे लौटते ही स्थायी समिति का चुनाव शुरू करा देंगे, लेकिन करीब दो घंटे की देरी के बाद महापौर वापस आसन पर आ गए. इस दौरान पार्षदों ने सदन में हनुमान चालीसा का पाठ किया और देशभक्ति के गीत भी गाए। सदन में जय श्री राम, जय बजरंग बली के नारे लगे। भाजपा पार्षद शिखा राय ने निगम सचिव भगवान सिंह से सवाल किया कि मेयर मैडम अपनी कुर्सी पर लौट रही हैं, वे दो घंटे से गायब हैं. करीब दस मिनट बाद मेयर कुर्सी पर लौट आए।

हंगामे को लेकर शैली ओबेरॉय ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक जब स्टैंडिंग कमेटी का चुनाव हो रहा था, तब बीजेपी पार्षदों ने मुझ पर हमला करने की कोशिश की! भाजपा की गुंडागर्दी ऐसी है कि वे एक महिला मेयर पर हमला करने की कोशिश कर रहे हैं।

वहीं, दिल्ली के मेयर की इस प्रतिक्रिया पर सीएम केजरीवाल ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि वह इस प्रकरण को लेकर हैरान हैं.

सदन की कार्यवाही के दौरान मेयर की कुर्सी पर आने के बाद शैली ओबेरॉय ने सदन को एक घंटे के लिए स्थगित कर दिया और लौटने पर स्थायी समिति के छह सदस्यों के चुनाव की मांग की. करीब दो घंटे बाद शैली कुर्सी पर लौटीं और चुनाव प्रक्रिया शुरू की। उन्होंने स्थायी समिति के मतदान के लिए सदस्यों को मोबाइल ले जाने की अनुमति दी।

इसका भाजपा पार्षदों ने विरोध किया। कुछ देर बाद भाजपा पार्षदों ने फिर विरोध किया कि सदस्य वोट डालने के बाद मतपत्रों की तस्वीरें ले रहे हैं। यह मतदान का असंवैधानिक तरीका है।

सदन में हंगामा बढ़ता गया, तब तक 43 सदस्य सदन में इंतजार कर चुके थे. करीब डेढ़ घंटे तक सदन में हंगामा चलता रहा। रात आठ बजे तक स्थायी समिति के सदस्यों का चुनाव नहीं हो सका। इस बीच निगम सचिव भगवान सिंह ने मेयर शैली ओबेरॉय को कागजात दिखाते हुए कहा कि मोबाइल से मतदान करने की अनुमति नहीं है।

इसके बाद मेयर ने बिना मोबाइल के मतदान करने का आदेश दिया, लेकिन इस पर भाजपा पार्षदों ने कहा कि पूर्व में मोबाइल से किया गया मतदान अनाधिकृत है, इसे रद्द किया जाए. देर रात तक यह तय नहीं हो पाया था कि मतदान दोबारा होगा या वहां से आगे बढ़ेगा।

निक्की यादव मर्डर: आरोपी साहिल को 12 दिन की न्यायिक हिरासत, जेल में बंद वीरेंद्र गहलोत को हत्या का कोई पछतावा नहीं

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नई दिल्ली: दिल्ली की द्वारका कोर्ट ने बुधवार (22 फरवरी) को दिल्ली के निक्की यादव हत्याकांड में साहिल गहलोत को सात दिन की पुलिस हिरासत के बाद 12 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया. पुलिस हिरासत के बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया। साहिल को 14 फरवरी को निक्की यादव हत्याकांड में गिरफ्तार किया गया था।

साहिल गहलोत के पिता को हत्या का कोई पछतावा नहीं

वहीं क्राइम ब्रांच की रिमांड के दौरान रोज नए खुलासे हो रहे हैं. दिल्ली पुलिस सूत्रों के मुताबिक जेल में बंद साहिल के पिता वीरेंद्र गहलोत को इस हत्याकांड का कोई पछतावा नहीं है. वहीं, पूछताछ में साहिल ने बताया कि मर्डर से पहले जब वह और निक्की कार में निकले थे तो उसने ऐसा प्लान बनाया कि यह मर्डर नहीं बल्कि रोड एक्सीडेंट होगा.

साहिल के प्लान के मुताबिक निक्की को धक्का देकर कार से बाहर कर देना चाहिए और ऐसा लगेगा कि उसकी सड़क हादसे में मौत हो गई है। जब ऐसा नहीं हो सका तो साहिल ने निगमबोध घाट पर हत्या की घटना को अंजाम दिया। साहिल की गिरफ्तारी के बाद दिल्ली पुलिस ने साहिल के पिता, चचेरे भाई और दोस्तों को गिरफ्तार कर लिया है.

निकी ने दी मैरिज सर्टिफिकेट शेयर करने की धमकी

सूत्रों के मुताबिक आरोपी साहिल गहलोत ने पुलिस को बताया कि निक्की ने आर्य समाज मंदिर में हुई शादी का सर्टिफिकेट सोशल मीडिया और महिला गहलोत के परिवार वालों से शेयर करने की धमकी दी थी. शादी करने के बारे में।

दरअसल, साहिल और निक्की ने अक्टूबर 2020 में ग्रेटर नोएडा के एक आर्य समाज मंदिर में एक-दूसरे से शादी की थी लेकिन उन्होंने अपनी शादी को रजिस्टर नहीं कराया था। सूत्रों के मुताबिक, साहिल ने खुलासा किया कि निक्की के पास शादी का सर्टिफिकेट था जो आर्य समाज मंदिर ने दिया था।

जब निक्की को साहिल के दूसरी महिला से शादी करने के बारे में पता चलता है, तो वह सोशल मीडिया पर विवाह प्रमाणपत्र डालने और उस महिला के परिवार को देने की धमकी देती है जिससे वह शादी करने वाला है।

साहिल गहलोत पर अपनी पहली पत्नी निक्की यादव की हत्या करने, उसके शव को फ्रिज में रखने और फिर उसी दिन दूसरी महिला से शादी करने का आरोप है। निक्की यादव की लाश 14 फरवरी 2023 को दिल्ली के मित्रांव गांव स्थित गहलोत के ढाबे के फ्रिज में मिली थी.

IPL 2023: काव्या मारन की सनराइजर्स हैदराबाद करेगी नए कप्तान की घोषणा, मयंक अग्रवाल होंगे या ऐडन मार्करम

IPL 2023: Kaviya Maran की Sunrisers Hyderabad करेगी new Captain की घोषणा, Mayank Agrawal होंगे या Aiden Markram: सनराइजर्स हैदराबाद वर्तमान में बिना कप्तान के इंडियन प्रीमियर लीग में एकमात्र फ्रेंचाइजी है, हालांकि दिल्ली की राजधानियों के कप्तान ऋषभ पंत घायल हो गए हैं। आखिरकार प्रशंसकों का इंतजार गुरुवार (23 फरवरी) को खत्म हो जाएगा, क्योंकि काव्या मारन के स्वामित्व वाली टीम आगामी आईपीएल 2023 सीजन के लिए अपने नए कप्तान की घोषणा करने वाली है, जो 31 मार्च से शुरू हो रहा है।

IPL 2022 में SRH के कप्तान – केन विलियमसन – को फ्रैंचाइज़ी द्वारा बरकरार नहीं रखा गया था और न ही IPL 2023 की नीलामी में खरीदा गया था। ऐसी अटकलें हैं कि दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाज एडेन मार्कराम या पंजाब किंग्स के पूर्व कप्तान मयंक अग्रवाल को नए कप्तान के रूप में चुना जा सकता है।

मार्कराम सन ग्रुप के स्वामित्व वाली सनराइजर्स ईस्टर्न केप के कप्तान थे और उन्होंने पहले SA20 खिताब भी जीता था। दक्षिण अफ्रीकी ने आईपीएल 2022 में 47.63 की औसत से 139 से अधिक के स्ट्राइक-रेट के साथ तीन अर्द्धशतक के साथ 381 रन बनाए।

दूसरी ओर, कर्नाटक के सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल को पंजाब किंग्स ने 2022 में केएल राहुल की जगह उनके कप्तान के रूप में प्रभावशाली कार्यकाल के बाद रिलीज़ किया था। उन्हें आईपीएल 2023 की नीलामी में 8.25 करोड़ रुपये में खरीदा गया था और कई लोग मानते हैं कि SRH उन्हें इस रूप में देखता है। एक कप्तान। वह देर से रणजी ट्रॉफी में सनसनीखेज रूप में रहा है, सौराष्ट्र के खिलाफ नॉकआउट चरणों में भी शानदार दोहरा शतक बनाया।

हालाँकि, भारत के पूर्व बल्लेबाज संजय मांजरेकर का मानना ​​​​है कि SRH को अग्रवाल को नए कप्तान के रूप में नहीं देखना चाहिए। सनराइजर्स हैदराबाद की कप्तानी की घोषणा से पहले मांजरेकर ने स्टार स्पोर्ट से कहा, “अगर यह मुझ पर छोड़ दिया जाता, तो मैं मयंक अग्रवाल तक नहीं पहुंचता।”

भारत के एक अन्य पूर्व क्रिकेटर आकाश चोपड़ा का मानना ​​है कि तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार अगले SRH कप्तान के लिए एक अच्छा विकल्प हो सकते हैं। “मेरा वोट भुवी के लिए है। लेकिन #SEC की सफलता के साथ, मार्कराम के नेता बनने के लिए एक बहुत मजबूत मामला है, ”चोपड़ा ने ट्विटर पर एक प्रशंसक को जवाब दिया।

यह देखा जाना बाकी है कि IPL 2023 सीज़न के लिए SRH के अगले कप्तान के रूप में किसे चुना जाएगा।

आईपीएल 2023 के लिए सनराइजर्स हैदराबाद की टीम

अब्दुल समद, एडेन मार्कराम, राहुल त्रिपाठी, ग्लेन फिलिप्स, भुवनेश्वर कुमार, टी नटराजन, उमरान मलिक, हैरी ब्रूक, नितीश कुमार रेड्डी, अनमोलप्रीत सिंह, अकील होसेन, अभिषेक शर्मा, मार्को जानसन, वाशिंगटन सुंदर, फजलहक फारूकी, कार्तिक त्यागी, मयंक अग्रवाल, हेनरिक क्लासेन, आदिल रशीद, मयंक मारकंडे, विवरांत शर्मा, समर्थ व्यास, संवीर सिंह, उपेंद्र यादव, मयंक डागर