SEONI। मध्यप्रदेश के सिवनी जिले में बकरीद के दौरान कथित रूप से गौवंश वध की योजना बनाकर सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की साजिश रचने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। कोतवाली पुलिस ने एक आरोपी के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत कार्रवाई करते हुए उसे महाराष्ट्र के नागपुर से गिरफ्तार कर केंद्रीय जेल जबलपुर भेज दिया है।
पुलिस अधीक्षक सिवनी कृष्ण लालचंदानी ने जानकारी देते हुए बताया कि मोहम्मद हामिद उर्फ इंजीनियर (69 वर्ष) निवासी सेवा सदन, सी.ए. रोड, गांधीबाग, नागपुर (महाराष्ट्र) के विरुद्ध राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम, 1980 की धारा 3(2) के अंतर्गत कार्रवाई की गई है।
बकरीद के दौरान कथित गौवंश वध की बनाई गई थी योजना
पुलिस के अनुसार आरोपी ने अपने कुछ साथियों के साथ मिलकर 28 मई 2026 को बकरीद के अवसर पर कुर्बानी के नाम पर गौवंश वध करने की कथित योजना बनाई थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने समय रहते कार्रवाई करते हुए सात गौवंशों को आरोपी और उसके साथियों के कब्जे से मुक्त कराया तथा उन्हें सुरक्षित गौशाला भेज दिया।
पुलिस का कहना है कि यदि समय पर हस्तक्षेप नहीं किया जाता तो जिले में कानून-व्यवस्था और सामाजिक सौहार्द प्रभावित हो सकता था।
पहले से दर्ज है गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम का मामला
कोतवाली थाना पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ पहले से ही मध्यप्रदेश गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम, 2004 के तहत प्रकरण दर्ज है। इसके अलावा पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपी का नाम नागपुर में वर्ष 2025 के सांप्रदायिक दंगे से जुड़े एक आपराधिक मामले में भी सामने आया था।
इन्हीं तथ्यों और गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत कठोर कार्रवाई करने का निर्णय लिया।
सांप्रदायिक सौहार्द और शांति व्यवस्था को देखते हुए NSA लगाया गया
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी की गतिविधियों से जिले की लोक शांति, कानून-व्यवस्था और सांप्रदायिक सौहार्द पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका थी। इसी आधार पर जिला प्रशासन ने NSA के तहत कार्रवाई को उचित माना।
सिवनी जिला पूर्व में भी गौवंश वध और अन्य कारणों से उत्पन्न सांप्रदायिक तनाव की घटनाओं का सामना कर चुका है। ऐसे में प्रशासन किसी भी प्रकार की पुनरावृत्ति रोकने और जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने को लेकर सतर्क है।
नागपुर से गिरफ्तारी, तीन माह के लिए केंद्रीय जेल भेजा गया
कोतवाली पुलिस के अनुसार आरोपी को 16 जून 2026 को नागपुर से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के बाद उसे राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत निरुद्ध कर तीन माह के लिए केंद्रीय जेल, जबलपुर भेज दिया गया है।
पुलिस ने बताया कि मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है और अन्य संबंधित पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
प्रशासन का स्पष्ट संदेश
इस कार्रवाई को जिले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और सामाजिक सद्भाव कायम रखने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शांति भंग करने या सांप्रदायिक माहौल खराब करने की किसी भी कोशिश के खिला
