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सिवनी कलेक्टर ने सम्पूर्ण जिले को कोलाहल नियंत्रण क्षेत्र किया घोषित

सिवनी: भारत निर्वाचन आयोग की लोकसभा निर्वाचन 2024 की घोषणा के साथ ही सिवनी जिले में आदर्श आचरण संहिता लागू हो चुकी है।

सिवनी कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री क्षितिज सिंघल द्वारा लोकसभा निर्वाचन अवधि के दौरान राजनैतिक दलों एवं व्यक्तियों द्वारा चुनाव प्रचार के कार्य में ध्वनि विस्तारक यंत्रों के दुरूपयोग व लोक प्रशांति बनाए रखने हेतु लोकसभा आम निर्वाचन 2024 निर्विघ्न, शांतिपूर्वक, निष्पक्ष व व्यवस्थित तरीके से सम्पन्न करवाने, कानून व्यवस्था व लोकशांति बनाये रखने तथा ध्वनि प्रदूषण को रोकने की दृष्टि से लोकहित में मध्यप्रदेश कोलाहल नियंत्रण अधिनियम 1985 की धारा- 18 के तहत सम्पूर्ण सिवनी जिले की राजस्व सीमाओं को आगामी आदेश तक कोलाहल नियंत्रण क्षेत्र (साईलेन्स जोन) घोषित किया गया है।

कोलाहल नियंत्रण अधिनियम तहत संपूर्ण जिले में रात्रि 10.00 बजे से प्रात: 6.00 बजे तक लाउड स्पीकर एवं ध्वनि विस्तार यंत्रों का सार्वजनिक उपयोग पूर्णत: प्रतिबंधित रहेगा।

सक्षम प्राधिकारी की अनुमति प्राप्त कर प्रातः 6.00 बजे से रात्रि 10.00 बजे तक मध्यप्रदेश कोलाहल नियंत्रण अधिनियम- 1985 तथा ध्वनि प्रदूषण (विनियम और नियंत्रण) नियम 2000 के प्रावधान का अनुसरण कर ध्वनि मानक 10 डेसीबल या कुल क्षमता का ½ वाल्यूम में से जो कम हो पर ध्वनि विस्तार यंत्रों का उपयोग किया जा सकेगा।

वाहन पर ध्वनि विस्तार यंत्र के उपयोग की स्थिति में वाहन का पंजीयन, वैद्य ड्रायविंग लायसेंस, बीमा, फिटनेस आदि दस्तावेज प्रस्तुत करना आवश्यक होगा। यदि चलित वाहन में लाउड स्पीकर का प्रयोग किया जाता है तो उपयोग में लाये जाने वाले मार्ग अथवा क्षेत्र का विवरण प्रस्तुत करना भी आवश्यक होगा।

किसी भी आमसभा, जुलूस या चलित वाहन में ध्वनि विस्तार यंत्र के प्रयोग की अनुमति कम से कम 48 घंटे पूर्व संबंधित सक्षम अधिकारी से प्राप्त करना होगा। आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों/ राजनैतिक दलों के विरूद्ध लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 तथा म.प्र. कोलाहल नियंत्रण अधिनियम 1985 के प्रावधान अंतर्गत दण्डात्मक कार्यवाही की जायेगी।

सिवनी: उपायुक्त सहकारिता सिवनी ने की जांच टीम गठित, जांच हुई प्रारम्भ

धारनाकला: आदिम जाति सहकारी समिति लालपुर में व्याप्त अनियमितताओं के लेकर उपयुक्त सहकारिता सिवनी के निर्देश पर जांच दल द्वारा विस्तार से जांच किये जाने से कर्मचारियों में हड़कंप तो है, वहीं दूसरी तरफ समिति को अपनी जागीर समझकर समिति को लगातार छटि पहुंचाने वाले अब एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप भी लगाते नजर आ रहे हैं।

चूंकि लंबे अर्से से आदिम जाति सहकारी समिति को दीमक की तरह चरने वाले जवाबदारों पर जांच दल कैसे शिकंजा कसता है, यह तो जांच के बाद ही पता चलेगा। चूं

कि जवाबदारों ने किसानों से जुड़ी समिति को धान शार्टेज से लेकर नए बारदानों की अफरातफरी में भी लाखों की छटि समिति को पहुंचाई है, जिससे समिति लगातार हानि के दौर से गुजर रही है। वहीं दूसरी तरफ जवाबदारों के मालामाल होने से भी इंकार नहीं किया जा सकता।

वसूली सिर्फ जांच तक ही सिमटी न रहे

उल्लेखनीय है कि सहकारी समितियों पर बकाया वसूली के संबंध में आज तक ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है और न ही विधिवत वसूली की कार्रवाई हुई है। और यह आलम लंबे समय से चल रहा है। यही कारण है कि आज जिले की अधिकांश सहकारी समितियों की हालत दयनीय होती चली जा रही है।

आदिम जाति सहकारी समिति पर उपार्जन कार्य में हजारों क्विंटल धान का शार्टेज हुआ था, जिस कारण समिति को लाखों रुपये की छटि तथा हानि का सामना करना पड़ा। जबकि उपार्जन नीति में स्पष्ट उल्लेख है कि यह पूर्ण जवाबदारी प्रबंधक तथा खरीदी प्रभारी की होती है, जिनसे नियमित रूप से वसूली की कार्रवाई होनी थी, किन्तु वसूली के लिए कार्यालय से नोटिस तामिल तो हुए किन्तु ठोस कार्रवाई आज तक नहीं की गई।

वहीं दूसरी तरफ कलेक्टर से जारी पत्र में स्पष्ट उल्लेख है कि बारदाना तथा शार्टेज वसूली की कार्रवाई करते हुए वसूलीयों को मध्य प्रदेश स्टेट सिविल सप्लाई कार्पोरेशन को उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित करें तथा समिति के विरुद्ध वसूली एवं एफ आई आर की कार्रवाई की जाए, जिसे अखबारों में प्रमुखता से खबर प्रकाशन के बाद जांच प्रारम्भ की गई है, जिससे समिति से जुड़े किसानों ने भी और खासकर जनपद सदस्य लेखराम हरिनखेड़े ने निष्पक्ष जांच के साथ कार्रवाई की अपेक्षा भी जांच दल से की है।

राशन दुकानों की भी हो निष्पक्ष जांच

आदिम जाति सहकारी समिति लालपुर के अधीन पांच राशन दुकानें क्रमशः लालपुर, अतरी, जनमखारी, ताखलाकला, तथा धोबी सर्रा संचालित हैं। रिकार्ड में तो दैनिक वेतन भोगी आपरेटरों के नाम से आवंटित तो करा ली गई किन्तु इन दुकानों का संचालन वर्षों से दो ही कर्मचारी करते चले आ रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ आपरेटरों के द्वारा आज तक राशन दुकान का संचालन नहीं किया गया।

वैसे आपरेटरों की माने तो उन्हें एक से डेढ़ वर्ष से वेतन भी नहीं मिलने की बात सामने आई है। वहीं दूसरी पांच हजार रुपये महीने में काम करने वाले आपरेटर के नाम से जो दुकान संचालित है, विक्रेता के तौर पर विधिवत रूप से दस हजार पांच सौ रुपये कमीशन एम पी स्टेट सिविल सप्लाई कार्पोरेशन सिवनी से प्रदान होता है, जो कि सही है। वहीं नियम विरुद्ध तरीके से दैनिक वेतन भोगी आपरेटरों के नाम से भी दुकान कैसे आवंटित हुई और हो गई, तो संचालन क्यों नहीं हुआ, यह जांच का विषय है।

89 दिन की नियुक्ति की भी हो निष्पक्ष जांच

जनपद सदस्य लेखराम हरिनखेड़े ने समिति में नियम विरुद्ध तरीके से 89 दिन की नियुक्ति दैनिक वेतन भोगी के रूप में किये जाने को लेकर भी कहा है कि इसकी भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। चूंकि समिति लालपुर में तेरह से चौदह गांवों के किसान जुड़े हुए हैं, जिनका लेन-देन खाद बीज से लेकर नगदी के रूप में होता है, किन्तु 89 दिन की भर्ती के नाम पर भी फर्जीवाड़ा किया गया है, जो 89 दिन वर्षों से समाप्त ही नहीं हुए। ऐसी स्थिति में इसकी भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, ताकि किसानों पर किसानों का विश्वास बना रहे।

जांच दल यह है शामिल

यहाँ यह बताना भी लाजिमी है कि आदिम जाति सहकारी समिति की जांच में टी बेग, कमलेश मरावी तथा ऑडिटर डहेरिया द्वारा समिति की जांच की जा रही है, जिनसे किसानों को जांच में निष्पक्षता की उम्मीद के साथ कार्रवाई की भी आवश्यकता है।

कोर्ट का फैसला: ELVISH YADAV को 14 दिन की हिरासत, एल्विश यादव ने किया था सांप का जहर सप्लाई!

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Elvish Yadav Case: कोर्ट का फैसला: ELVISH YADAV को 14 दिन की हिरासत, एल्विश यादव ने किया था सांप का जहर सप्लाई! एल्विश यादव को 14 दिन की हिरासत में भेजा गया है. सांपों के जहर सप्लाई मामले में सुनवाई करते हुए कोर्ट ने फैसला सुनाया है.

हाल ही में, भारत के एक प्रमुख सोशल मीडिया स्टार, एल्विश यादव, सांपों के जहर सप्लाई मामले में 14 दिनों के लिए हिरासत में भेजे गए हैं। उनकी सुनवाई के दौरान, कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया है।

Elvish Yadav को 14 दिन की न्यायिक हिरासत

एल्विश यादव एक यूट्यूबर और सोशल मीडिया प्रतिभा हैं, जो भारत में युवा जनसमूह को अपने कॉमेडी और सामाजिक मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करने के लिए जाना जाता है। उनके वीडियो और स्किट्स काफी लोकप्रिय हैं और उन्हें मिलियनों लोगों ने उनके यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब किया है।

सांपों के जहर सप्लाई मामले का विवरण

एल्विश यादव के खिलाफ एक मामला सामने आया जिसमें उन्हें सांपों के जहर की सप्लाई करने के आरोप लगाए गए थे। इस मामले की जांच की गई और एल्विश को गिरफ्तार कर न्यायलय में प्रस्तुत किया गया जिसके बाद कोर्ट ने 14 दिन की हिरासत के आदेश दिए और पुलिस द्वारा 14 दिनों के लिए हिरासत में भेज दिया गया।

पीपुल्स फॉर एनिमल्स ने हाल ही में एक स्टिंग ऑपरेशन किया था, जिसमें एक चौंकाने वाला खुलासा सामने आया। इस ऑपरेशन के दौरान पता चला कि बिग बॉस ओटीटी 2 के विजेता एल्विश यादव रेव पार्टीज में सापों के जहर सप्लाई मामले से जुड़े हैं। नोएडा के सेक्टर 51 में एक पार्टी में सांप का जहर सप्लाई कराने के मामले में एल्विश समेत 6 और लोगों का नाम सामने आया था।

Lok Sabha Election: एमपी में चार चरण में होंगे चुनाव, आदर्श आचरण आचार संहिता प्रभावशील

इस समय मध्यप्रदेश में लोकसभा चुनाव चार चरणों में होंगे। इसके साथ ही, प्रदेश में आदर्श आचरण संहिता का पूरी तरह से पालन किया जाएगा। चुनाव आयोग द्वारा लोकसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा की गई है।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री अनुपम राजन ने बताया कि पहले चरण के लिए मतदान 19 अप्रैल को होगा। दूसरे चरण के लिए 26 अप्रैल, तीसरे चरण के लिए 7 मई, और चौथे चरण के लिए मतदान प्रक्रिया 13 मई को सम्पन्न होगी। सभी चरणों की मतगणना के परिणाम 4 जून 2024 को घोषित किए जाएंगे।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने इसके साथ ही बताया कि पहले चरण में 6 लोकसभा संसदीय क्षेत्रों में मतदान होगा। इसके बाद, अगले चरणों में भी अनुक्रमणिका अनुसार मतदान होगा।

इस चरण के लिए नामांकन पत्रों की स्क्रूटनी और मतदान की प्रक्रिया की अंतिम तिथियां भी बताई गई हैं। नागरिक अभी भी मतदाता सूची में अपना नाम जोड़वा सकते हैं। इसके लिए उन्हें निर्दिष्ट प्रक्रिया का पालन करना होगा।

चुनाव प्रक्रिया के साथ-साथ, आदर्श आचरण संहिता का पालन भी महत्वपूर्ण है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने इस बारे में भी ध्यान दिलाया है। प्रदेश में आदर्श आचार संहिता का पूरी तरह से प्रभावशील होने का निर्देश दिया गया है, ताकि चुनाव प्रक्रिया निष्पक्ष और विश्वसनीय हो सके।

इसके साथ ही, चुनावी विज्ञापनों और समाचारों की निगरानी के लिए राज्यस्तरीय मीडिया सर्टिफिकेशन एवं मॉनिटरिंग कमेटी की भी शुरुआत की गई है। यह कमेटी न्यूज चैनलों पर प्रसारित होने वाले विज्ञापनों और समाचारों का पालन करेगी।

इसके अलावा, सी-विजिल एप के माध्यम से नागरिक आचार संहिता के उल्लंघन की शिकायत कर सकेंगे। इस एप के जरिए नागरिकों को आसानी से शिकायत प्रेषित करने का अवसर मिलेगा।

यह सभी उपाय चुनाव प्रक्रिया को सुगम और पारदर्शी बनाने के लिए किए गए हैं, ताकि प्रदेश के नागरिकों को विश्वास के साथ लोकतंत्र में भाग लेने में सहायता मिले।

चुनावी प्रक्रिया के साथ-साथ, आयोग द्वारा मीडिया पर प्रसारित होने वाले विज्ञापनों और समाचारों का भी निगरानी रखा जा रहा है। इसके लिए जनसम्पर्क अधिकारियों की टीम 24 घंटे मीडिया को निगरानी करेगी। इसके अलावा, अनाधिकृत विरूपण हटाने के लिए सरकारी, सार्वजनिक और निजी संपत्ति पर कार्रवाई की जाएगी। नाकों पर अवैध शराब, नगद राशि और मादक पदार्थों के परिवहन पर भी सख्त निगरानी रखी जा रही है।

इसके अलावा, भारत निर्वाचन आयोग द्वारा एक एप भी लॉन्च की गई है, जिसका नाम “सी-विजिल” है। इस एप में नागरिक द्वारा 2 मिनट का वीडियो और फोटो अपलोड किया जा सकता है। नागरिक इस एप के माध्यम से चुनाव संबंधी उल्लंघनों की शिकायत दर्ज कर सकते हैं।

अधिकारियों ने बताया कि प्रत्येक चरण की मतदान प्रक्रिया को निगरानी में रखा जाएगा और सुनिश्चित किया जाएगा कि प्रक्रिया कानूनी और निष्पक्ष हो।

साथ ही, सी-विजिल एप के माध्यम से नागरिकों को भी सक्षम किया गया है कि वे चुनाव संबंधी किसी भी उल्लंघन की शिकायत कर सकें। यह एप नागरिकों को सीधे चुनाव आयोग से जुड़े रहने का माध्यम भी प्रदान करती है।

अधिकारियों ने बताया कि मतदान प्रक्रिया के दौरान सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जाएगा और जरूरी सुरक्षा व्यवस्थाएं उठाई जाएंगी। इसके साथ ही, नागरिकों को भी चुनाव के दौरान सक्रिय भागीदार बनाया जाएगा और उन्हें वोट करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।

सीमा पार पर भारी जांच का भी आयोजन किया जा रहा है ताकि किसी भी प्रकार के अनुचित गतिविधियों को रोका जा सके। साथ ही, चुनावी प्रक्रिया के दौरान COVID-19 के संक्रमण को रोकने के लिए सभी आवश्यक सुरक्षा उपाय भी अपनाए जाएंगे।

यह चुनाव निर्वाचन प्रक्रिया की एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जो लोकतंत्र के मूल धाराओं में से एक है। इसके माध्यम से लोगों को अपने अधिकार का उपयोग करने का मौका प्राप्त होता है और उन्हें देश के नेताओं का चयन करने का अधिकार प्राप्त होता है। इसलिए, इस प्रक्रिया को निष्पक्षता और संवेदनशीलता के साथ संचालित किया जाना अत्यंत महत्वपूर्ण है।

साथ ही, चुनावी प्रक्रिया के दौरान सामाजिक और राजनीतिक गतिविधियों को समर्थन और स्थानीय समुदायों के भागीदारी को भी महत्व दिया जाएगा। इससे समाज के विभिन्न वर्गों का समर्थन प्राप्त होता है और लोकतंत्र की स्थापना में सकारात्मक प्रभाव होता है।

इस समय, सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में चुनावी प्रक्रिया में सुरक्षा, स्वास्थ्य और निर्वाचन संबंधी नियमों का पालन किया जा रहा है। इससे नागरिकों को विश्वास और सुरक्षा का महसूस होता है और वे अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकते हैं।

इस प्रकार, चुनावी प्रक्रिया का संचालन और उसकी निगरानी एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है जो समाज में विश्वास और न्याय की भावना को बढ़ाती है। इसे संवेदनशीलता, स्वतंत्रता और निष्पक्षता के साथ संचालित किया जाना चाहिए ताकि लोगों को अपने अधिकारों का उपयोग करने में कोई अड़चन न हो।

MP WEATHER FORECAST: मध्य प्रदेश के 26 जिलों में 19 मार्च तक बारिश के साथ ओलावृष्टि, जानिए आपके जिले में कैसा रहेगा मौसम का हाल

MP WEATHER FORECAST: भारत मौसम विज्ञान विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, सिवनी, छिंदवाड़ा, पांधुरना, बालाघाट, मंडला, डिंडोरी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, नर्मदा पुरम, हरदा, बैतूल, सागर, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और पन्ना जिलों में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि हो सकती है। यह खतरा 19 मार्च 2024 तक बना रहेगा।

बिना मौसम के बादल अनुशासन में नहीं होते

बिना मौसम के बादल अनुशासन में नहीं होते। सेटेलाइट से प्राप्त जानकारी के आधार पर वैज्ञानिकों ने पूर्वानुमान जारी किया है, परंतु हवाओं की गति और दिशा कभी भी बदल सकती है।

कुछ बादल अपना रास्ता भटक कर आसपास के जिलों में भी पहुंच सकते हैं। इसलिए उपरोक्त जिलों के आसपास रहने वाले किसानों को सतर्क रहना चाहिए और आसमान की ओर नजर बनाए रखना चाहिए। यदि बादल गहरे और घने हों, तो बरसाने की संभावना अधिक होती है।

बादलों का ख़ास महत्व होता है, खासकर भारतीय किसानों के लिए, जिनका किसानी पर निर्भरता बड़ी मात्रा में मौसम पर होती है। बादलों की एक रैली, जो उड़ीसा के आसमान से छत्तीसगढ़ तक जा रही है, एक महत्वपूर्ण घटना है जो भारतीय कृषि के लिए मौसम के परिणाम के रूप में महत्वपूर्ण है। इस रैली का असर विदर्भ से महाराष्ट्र तक होगा, जहां खेती और कृषि पर बारिश का महत्व है।

मध्य प्रदेश में मौसम का पूर्वानुमान

भारत मौसम विज्ञान विभाग ने बताया है कि मध्य प्रदेश के कई जिलों में आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है। यह बारिश और ओलावृष्टि का खतरा 19 मार्च 2024 तक बना रहेगा।

बादलों का असर

मौसम के परिणाम के रूप में बादलों का असर किसानों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण होता है। ओलावृष्टि के साथ-साथ उच्च वायुदाब और बारिश की संभावना होती है, जो फसलों के लिए आवश्यक है।

किसानों के लिए सावधानियाँ

किसानों को इस बारिशी मौसम में सावधान रहने की जरूरत है। अगर बादल गहरे रंग के और घने हों, तो बरसाने की संभावना ज्यादा होती है। ऐसे में, उन्हें अपनी फसलों को सुरक्षित रखने के लिए उपाय करने चाहिए।

मौसम का अनुसरण करें

किसानों को नियमित रूप से मौसम की अपडेट्स के साथ अपनी फसलों का निगरानी रखना चाहिए। मौसम विभाग के विशेषज्ञों के पूर्वानुमानों का पालन करना बहुत महत्वपूर्ण है। बादलों की एक रैली, जो उड़ीसा के आसमान से छत्तीसगढ़ तक जा रही है, महत्वपूर्ण है और किसानों के लिए बारिश की संभावना को लेकर चेतावनी है। इस समय, उन्हें सतर्क रहना और अपनी फसलों की सुरक्षा के लिए उपाय करना चाहिए।

MP Loksabha Election 2024 Date: मध्य प्रदेश में आपकी लोकसभा सीट पर कब होगा मतदान? यहां पढ़िए पूरी डिटेल

MP Loksabha Election 2024 Date: आज, शनिवार, 16 मार्च, 2024 को दोपहर 3 बजे, चुनाव आयोग ने लोकसभा चुनाव 2024 के कार्यक्रम की घोषणा कर दी है। स्वायत्त निकाय एक लाइव टेलीविज़न सम्मेलन में समय सारिणी की घोषणा करता है।

चुनाव पूरे देश में होंगे। मध्य प्रदेश जिसे अक्सर ‘भारत का दिल’ कहा जाता है, लोकसभा चुनाव 2024 के दौरान एक महत्वपूर्ण राज्य है। कई सीटों के साथ, यह राजनीतिक दलों के लिए एक प्रमुख युद्ध का मैदान बन जाता है।

MP Loksabha Election 2024 Date

मध्य प्रदेश में लोकसभा चुनाव का पहला चरण: 19 अप्रैल

सीधी में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: पहला चरण: 19 अप्रैल

शहडोल में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: पहला चरण: 19 अप्रैल

जबलपुर में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: पहला चरण: 19 अप्रैल

मंडला में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: पहला चरण: 19 अप्रैल

बालाघाट में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: पहला चरण: 19 अप्रैल

छिंदवाड़ा में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: पहला चरण: 19 अप्रैल

मध्य प्रदेश में लोकसभा चुनाव का दूसरा चरण: 26 अप्रैल

टीकमगढ़ में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: दूसरा चरण: 26 अप्रैल

दमोह में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: दूसरा चरण: 26 अप्रैल

खजुराहो में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: दूसरा चरण: 26 अप्रैल

सतना में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: दूसरा चरण: 26 अप्रैल

रीवा में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: दूसरा चरण: 26 अप्रैल

होशंगाबाद में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: दूसरा चरण: 26 अप्रैल

बैतूल में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: दूसरा चरण: 26 अप्रैल

मध्य प्रदेश में लोकसभा चुनाव का तीसरा चरण: 7 मई

मुरैना में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

भिंड में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

ग्वालियर में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

गुना में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

सागर में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

विदिशा में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

भोपाल में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

राजगढ़ में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: तीसरा चरण: 7 मई

मध्य प्रदेश में लोकसभा चुनाव का चौथा चरण: 13 मई

देवास में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

उज्जैन में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

इंदौर में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

मंदसौर में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

रतलाम में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

धार में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

खरगोन में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

खंडवा में लोकसभा चुनाव 2024 के लिए मतदान तिथि: चौथा चरण: 13 मई

मध्य प्रदेश में कितने चरण होंगे?

राज्य में चुनाव चार चरणों में होंगे.  

loksabha Election Date: लोकसभा चुनाव 2024 की तारीखों का एलान, 19 अप्रैल से चुनाव; 4 जून को रिजल्ट

loksabha Election Date: लोकसभा चुनाव 2024 की तारीखों का एलान .

लोकसभा चुनाव 2024 की तारीखों की घोषणा शुरू हो गई है और सीईसी राजीव कुमार ने परिचय देना शुरू कर दिया है। कुमार ने कहा कि कुल मतदाताओं में 49.7 करोड़ पुरुष, 47.1 करोड़ महिलाएं, 48,000 ट्रांसजेंडर शामिल हैं। मतदाता सूची में 1.8 करोड़ पहली बार वोट देने वाले मतदाता है . यह भी पढ़ें: MP Loksabha Election 2024 Date: मध्य प्रदेश में आपकी लोकसभा सीट पर कब होगा मतदान? यहां पढ़िए पूरी डिटेल

MP Loksabha Election 2024 Date: मध्य प्रदेश में आपकी लोकसभा सीट पर कब होगा मतदान? यहां पढ़िए पूरी डिटेल

MP Loksabha Election 2024 Date: मध्य प्रदेश में आपकी लोकसभा सीट पर कब होगा मतदान? यहां क्लिक कर पढ़िए पढ़िए पूरी डिटेल

👉85 साल से ज्यादा उम्र के वृद्ध जन वोटर घर से वोटिंग कर संकेंगे

लोकसभा चुनाव: पहला चरण 19 अप्रैल, दूसरा चरण 26 अप्रैल, तीसरा चरण 7 मई, चौथा चरण 13 मई, पांचवां चरण 20 मई, छठा चरण 25 मई और सातवां चरण 1 जून को होगा: मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार

19 अप्रैल से 7 चरणों में होंगे लोकसभा चुनाव 2024, वोटों की गिनती 4 जून को होगी: मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार

19 अप्रैल से 7 चरणों में लोकसभा चुनाव होने हैं

हमारी टीम अब पूरी हो गई है, हम भारतीय लोकतंत्र के सबसे बड़े त्योहार के लिए पूरी तरह से तैयार हैं: मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार

सबकी निगाहें भारत पर हैं जहां चुनाव एक तरह का त्योहार है. कुमार कहते हैं, हम वास्तव में उत्सवपूर्ण लोकतांत्रिक माहौल में चुनाव कराने का वादा करते हैं

चुनाव की तारीखों की घोषणा सीईसी कुमार द्वारा परिचय देने के साथ शुरू हुई

Loksabha Election 2024 Schedule

ECI की लाइव प्रेस कॉन्फ़्रेंस आज जारी होगा लोकसभा इलेक्शन का पूरा शेड्यूल

रामनवमी में राममय होगा एमपी का सिवनी जिला, तैयारी को लेकर बैठक रविवार को

सिवनी : सिवनी नगर मुख्यालय में वर्षो से भगवान राम जी के जन्मोत्सव पर विभिन्न आयोजन किये जाते है ,तीन दिवसीय इस आयोजन को भव्य रूप प्रदान करने के लिए तैयारी आरभ हो गई है।

श्री राम मन्दिर ट्रस्ट सिवनी गांधी चौक द्वारा आगामी रविवार दिनांक 17 मार्च को श्री राम दरबार की स्थापना ,सहित अन्य कार्यक्रम की रुपरेखा बनाने के लिये एक बैठक रात 8 बजे श्री राम मंदिर परिसर गांधी चौक में रखी गई है।

ट्रस्ट ने इस बैठक में नगर के सभी सामाजिक,धार्मिक,राजनीतिक संगठनों, व हिन्दुधर्मियो से उपस्थित होकर कार्यक्रम को भव्य रूप प्रदान करने के लिय सुझाव दिए जाने का विनम्र अनुरोध किया है।

सिवनी: गोदाम को ही बना दिया समिति कार्यालय, मामला आदिम जाति सहकारी समिति का

सिवनी, बरघाट, धारनाकला: आदिम जाति सहकारी समिति लालपुर में कार्यरत समिति कर्मचारियों की मनमानी के चलते वर्षों से समिति कार्यालय लालपुर शो पीस बनकर रह गया है। वैसे तो पचास वर्षों से लालपुर में समिति का संचालन होते रहा है, किन्तु समिति में कार्यरत समिति प्रबंधक और स्थानीय कर्मचारियों की मनमानी के चलते लालपुर समिति का पूरा संचालन छपारा अतरी में निर्मित गोदाम में किया जा रहा है।

इनके द्वारा समिति कार्यालय ही लालपुर से समाप्त कर दिया गया है, जबकि इस संबंध में बैक और संबंधित अधिकारियों को सब कुछ ज्ञात होते हुए भी किसानों से जुड़ी समिति के संचालन पर अब तक ध्यान नहीं दिया गया है।

इससे किसानों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। वहीं लालपुर सरपंच साजिद बेग ने भी कर्मचारियों की मनमानी पर अंकुश लगाने की मांग की है।

नियमों को ताक पर रखकर गोदाम को बनाया कार्यालय

उल्लेखनीय है कि किसी भी समिति कार्यालय के स्थान परिवर्तन और संशोधन के कारण किसी सामान्य बैठक में उपस्थित कम से कम दो तिहाई सदस्यों के मत से पारित संकल्प द्वारा सहकारी समिति की उपविधियों में संशोधन किया जा सकता है, किन्तु आदिम जाति सहकारी समिति में कार्यरत समिति प्रबंधक की मनमानी के चलते आदिम जाति सहकारी समिति कार्यालय लालपुर में संचालित न होकर गोदाम अतरी में संचालित हो रहा है, जो सिर्फ किसानों को खाद वितरण के समय ही खुलता है।

वहीं वर्षों से संचालित समिति कार्यालय लालपुर में हमेशा ताला लगा हुआ नजर आता है, जो अब सिर्फ शोपीस बनकर रह गया है। वहीं समिति का संचालन भी घर से हो रहा है, क्योंकि समिति के सारे रिकार्ड भी समिति कार्यालय में न होकर इनके घरों की शोभा बढ़ा रहे हैं।

समिति पर करोड़ों की रिकवरी

वहीं दूसरी तरफ, किसानों से जुड़ी आदिम जाति सहकारी समिति लालपुर पर करोड़ों की रिकवरी की कार्यवाई भी कलेक्टर के आदेश के बावजूद उपायुक्त कार्यालय सहकारिता सिवनी के द्वारा नहीं की जा रही है। वहीं समिति की निष्पक्ष जांच में भी विभाग को पसीने छूट रहे हैं और जवाबदारों के द्वारा धान उपार्जन में हजारों क्विंटल धान का शार्टेज देने के कारण समिति को मिलने वाला कमीशन भी समिति प्रबंधक और खरीदी प्रभारी के कारण नहीं मिल पाया है। यही कारण है कि समिति में कार्यरत दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों को वेतन तक के लाले पड़े हुए हैं।

राशन दुकान के कमीशन में भी हेरफेरी

यहाँ यह भी उल्लेखनीय है कि आदिम जाति सहकारी समिति के अन्तर्गत पांच राशन दुकानें संचालित हैं, जो कि नियमों के विपरीत तरीके से आपरेटरों के नाम पर आवंटित हैं। किन्तु तीन राशन दुकानों का संचालन स्वयं समिति प्रबंधक कर रहे हैं और दो दुकानों का संचालन एक अन्य कर्मचारी के हाथों में है।

वहीं आज तक संस्था में कार्यरत दो आपरेटर जिनके द्वारा राशन दुकान का संचालन आज तक नहीं किया गया, जिसमें पांचों राशन दुकानों का कमीशन एम पी स्टेट सिविल सप्लाईज सिवनी से अलग-अलग मिल रहा है। उपरोक्त कमीशन राशि भी समिति में बंदरबंट हो रही है, जबकि आपरेटरों को माने तो उन्हें पांच हजार प्रति माह मिलता है, किन्तु यह राशि भी उन्हें दो वर्षों से नहीं मिलने की बात कही गई है।

वैसे ही, वर्तमान में नए समिति प्रबंधक की भर्तियां हुई हैं और शायद उन्हें प्रभार भी समिति प्रबंधक का होना है। अब ऐसी स्थिति इनका संचालन विधिवत रूप से लालपुर होता है या फिर खाद की गोदाम में आने वाला समय ही बताएगा, किन्तु लालपुर सरपंच और ग्रामीण किसानों ने विधिवत कार्यालय लालपुर में खोले जाने की मांग जरूर शाखा प्रबंधक जिला सहकारी बैंक से की है।

Petrol Diesel Price News: मोदी सरकार ने पूरे भारत में पेट्रोल, डीजल की कीमतों में की ₹ 2 कटौती

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नई दिल्ली: केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने एक्स को कहा कि केंद्र ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 2 रुपये की कटौती की है। यह घोषणा लोकसभा चुनाव से कुछ हफ्ते पहले की गई है।

संशोधित कीमत 15 मार्च सुबह 6 बजे से प्रभावी होगी. मंत्री ने कहा,  “पेट्रोल और डीजल की कीमतों में ₹ 2 की कमी करके देश के यशस्वी प्रधानमंत्री मोदी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि करोड़ों भारतीयों के अपने परिवार का कल्याण और सुविधा हमेशा उनका लक्ष्य है।”

“14 मार्च, 2024 को, रुपये के संदर्भ में, भारत में पेट्रोल औसतन ₹ 94 प्रति लीटर है, लेकिन इटली में ₹ 168.01- यानी 79% अधिक; फ्रांस में ₹ 166.87 यानी 78% अधिक; जर्मनी में ₹ 159.57 यानी 70% अधिक और स्पेन में ₹ 145.13 यानी 54% ज्यादा,” उन्होंने कहा। 

जनवरी में केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने कहा था कि निकट भविष्य में ईंधन की कीमतों में कटौती नहीं की जाएगी क्योंकि कच्चे तेल में भारी अस्थिरता है। मीडिया रिपोर्टों को ‘अटकलबाजी’ के रूप में खारिज करना।

मंत्रालय ने कहा, “भारत में ईंधन की आपूर्ति स्थिर रही, सस्ती कीमतों पर रही और हमारे कदम भी हरित ऊर्जा की ओर बढ़ते रहे। यानी भारत ने ऊर्जा उपलब्धता, सामर्थ्य और स्थिरता बनाए रखी।”

पेट्रोलियम मंत्रालय ने कहा, “पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कमी से उपभोक्ता खर्च बढ़ेगा और डीजल से चलने वाले 58 लाख से अधिक भारी माल वाहनों, 6 करोड़ कारों और 27 करोड़ दोपहिया वाहनों की परिचालन लागत कम हो जाएगी।” 

नई कीमत

पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कटौती अलग-अलग शहरों में अलग-अलग होगी। पेट्रोलियम मंत्रालय ने दिल्ली में कहा कि डीजल की कीमत फिलहाल ₹ 89.62/लीटर है जो अब ₹ 87.62/लीटर पर बेचा जाएगा । इस बीच, राष्ट्रीय राजधानी में पेट्रोल की प्रति लीटर कीमत 96.72 रुपये है और अब यह घटकर 94.72 रुपये हो जाएगी।

भारत की वित्तीय राजधानी, मुंबई में, जहां वैट और अन्य कर ईंधन को दिल्ली की तुलना में अधिक महंगा बनाते हैं, मंत्रालय ने कीमत में ₹ 2.10/लीटर की कमी की है। मुंबई में पेट्रोल की मौजूदा कीमत 106.31 रुपये प्रति लीटर है और प्रभावी कीमत 104.21 रुपये प्रति लीटर होगी। मुंबई में डीजल की प्रति लीटर कीमत ₹ 94.27 है, कल से प्रभावी कीमत ₹ 92.15/लीटर होगी ।

कोलकाता में पेट्रोल की कीमत ₹ 2.09/लीटर कम हो गई है। इस बीच, चेन्नई में प्रभावी कटौती ₹ 1.88/लीटर होगी।